कवि शैलेश लोढ़ा की बेटी की मेहंदी की रस्म हुई:कल जोधपुर में होंगे फेरे; सीएम भजनलाल ने दूल्हा-दुल्हन को आशीर्वाद दिया

कवि और अभिनेता शैलेश लोढ़ा की बेटी स्वरा की शादी 6 जुलाई को जोधपुर के उम्मेद भवन पैलेस में होगी। 5 जुलाई की शाम को मेहंदी की रस्म हुई। इसके बाद रात को शहर की एक होटल में संगीत कार्यक्रम भी हुआ। इससे पहले शनिवार को शहर के अलग-अलग होटलों में संस्कृति स्वर और मोहब्बत मेलोडी कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसमें सीएम भजनलाल शर्मा समेत कई मेहमान शामिल हुए। सीएम ने दूल्हा-दुल्हन को आशीर्वाद दिया। शादी समारोह में शामिल होने के लिए मेहमानों का आना शुरू हो चुका है। सभी को ‘उम्मेद भवन पैलेस’ में ठहराया गया है। रविवार और सोमवार को अलग-अलग राज्यों से कई मंत्री, बॉलीवुड कलाकार और सेलिब्रिटी भी पहुंचेंगें। वहीं गीतकार मनोज मुंतशिर, धुरंधर फेम राकेश बेटी, रजा मुराद और सिंगर गुरदीप मेहंदी भी कार्यक्रम में शामिल होने जोधपुर पहुंचे। कल उम्मेद भवन पैलेस में होंगे फेरे दरअसल, शैलेश लोढ़ा की बेटी स्वरा की शादी सिंगापुर के रहने वाले शाश्वत से हो रही है। जो एक बैंकिंग कंपनी में जॉब करते हैं। वहीं, स्वरा ने अपनी मां डॉ. स्वाति लोढ़ा के साथ मिलकर किताब लिखी है। शादी को लेकर शहर के उम्मेद भवन पैलेस में तैयारी शुरू हो चुकी है। सोमवार को शादी होगी। मनोज मुंतशिर बोले- अपने आप को पॉजिटिव रखें
जोधपुर पहुंचे मनोज मुंतशिर से बातचीत में कहा- खुशी कोई ऑप्शन नहीं है। खुशी ही एक मात्र रास्ता है। उसको ढूंढिए, जहां मिले जैसे मिले। अपने आपको पॉजिटिव रखें। यह मानकर चलें कि नेगेटिव ताकतें बहुत कमजोर हैं।
मैं माता-पिता से भी अनुरोध करता हूं कि अपने बच्चों के टैलेंट को पहचा​निए। हो सकता है वह डॉक्टर-इंजीनियर बनना है। हो सकता है, उसके अंदर भगवान ने कोई बड़ा टैलेंट देकर भेजा हो। सचिन तेंदुलकर चार्टर्ड एकाउंटेंट होता तो क्या ही कर लेता लेकिन उसने अपने अंदर की आवाज सुनी, माता-पिता ने सपोर्ट किया तो आज वह भारत रत्न है।
वे बोले- वहीं करें जो उचित है, वही करें जो सही हैं। आप जो भी कर रहे हैं, उसमें यह फिल्टर होना चाहिए कि उसको भविष्य कैसे जज करेगा। जब आप ऐसा सोचकर करेंगे तो गलतियां कम होंगी। शादी समारोह में शामिल होंगे कई वीआईपी गेस्ट ये खबर भी पढ़ें… जोधपुर में कवि शैलेश लोढ़ा की बेटी की शादी होगी:तीन दिन तक चलेंगे कार्यक्रम; कवि और बॉलीवुड सितारे भी आएंगे कवि और अभिनेता शैलेश लोढ़ा की बेटी स्वरा की शादी 6 जुलाई को जोधपुर में होगी। आज शाम से शादी की रस्में शुरू हो गई हैं। ‘संस्कृति स्वर’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी पहुंचे। (यहां पढ़ें पूरी खबर)

करंट से दोनों हाथ गंवाए, मुंह से लिखी LDC परीक्षा:पैर की उंगलियों से दिया सहारा; RAS मेंस एग्जाम भी दिया था

राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की कनिष्ठ लिपिक (LDC) सेकंड ग्रेड भर्ती परीक्षा के दौरान बांसवाड़ा में एक ऐसा दृश्य देखने को मिला, जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। कलिंजरा निवासी दोनों हाथों से दिव्यांग कैंडिडेट चिराग जैन परीक्षा देने सेंटर पहुंचे। इलेक्ट्रिक शॉट के हादसे में उनके दोनों हाथ काटने पड़े थे। इसके बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी और मुंह में पेन पकड़कर पूरा पेपर लिखा। जब दैनिक भास्कर की टीम ने जब पूछा की आपने पेपर कैसे लिखा तो चिराग ने बेंच पर बैठ कर पेन को मुंह में पकड़कर कागज पर लिखकर दिखाया। पेन मुंह से फिसले नहीं, इसके लिए वे अपने पैर की उंगलियों से उसे लगातार सहारा और बैलेंस देते रहे। पूरा शरीर आगे की ओर झुकाकर, काफी मेहनत और धैर्य के साथ उन्होंने एक-एक शब्द लिखते हुए पूरा पेपर पूरा किया। दोनों हाथ नहीं होने के बावजूद मुंह से लिखते हैं परीक्षा चिराग जैन ने बताया कि इलेक्ट्रिक शॉट के हादसे के बाद उनके दोनों हाथ काटने पड़े थे। हाथों से लिखने में असमर्थ होने के कारण वह मुंह में पेन पकड़कर लिखते हैं। तय प्रक्रिया के मुताबिक बायोमेट्रिक जांच और चेकिंग के बाद उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति दी गई। इसके बाद वे पूरे समय बिना रुके और बिना हिम्मत हारे पेपर लिखते रहे। उन्होंने बताया कि इससे पहले भी वह फर्स्ट ग्रेड, सेकंड ग्रेड और RAS की परीक्षाएं दे चुके हैं। चिराग ने कहा कि RAS मेंस परीक्षा में वह 11 नंबर से चयन से चूक गए थे। उन्होंने यह भी बताया कि थर्ड ग्रेड भर्ती में उनका चयन हो चुका है। इस बार वह कनिष्ठ लिपिक (LDC) सेकंड ग्रेड भर्ती परीक्षा देने पहुंचे और मुंह में पेन पकड़कर पूरा पेपर लिखा। 19 परीक्षा सेंटरों पर कड़ी सुरक्षा के बीच हुई परीक्षा राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की कनिष्ठ लिपिक (LDC) सेकंड ग्रेड भर्ती परीक्षा के लिए जिले में शहर और आसपास कुल 19 परीक्षा सेंटर बनाए गए हैं। सभी सेंटरों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए। रविवार को पहली पारी की परीक्षा सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक हुई। इसमें कुल 6576 कैंडिडेट्स पंजीकृत थे। इनमें से 5573 कैंडिडेट्स ने परीक्षा दी, जबकि 803 कैंडिडेट्स अनुपस्थित रहे। सभी सेंटरों पर कैंडिडेट्स की बायोमेट्रिक जांच और कड़ी चेकिंग के बाद ही एंट्री दी गई। पहली पारी की परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हुई। दूसरी पारी दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक होगी। सेंटरों के बाहर लगी लंबी कतार सुबह से ही डायलाब रोड सहित कई परीक्षा सेंटरों के बाहर कैंडिडेट्स की लंबी कतारें लगी रहीं। सभी को बायोमेट्रिक जांच, पहचान पत्र के वेरिफिकेशन और सघन चेकिंग के बाद ही अंदर भेजा गया। पहली पारी खत्म होने के बाद दूसरी पारी की परीक्षा शुरू होनी है। अधिकारियों के अनुसार दूसरी पारी में भी 6576 कैंडिडेट्स पंजीकृत हैं। परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और शांतिपूर्ण रहे, इसके लिए सभी परीक्षा सेंटरों पर सीसीटीवी कैमरों से लगातार निगरानी की जा रही है। सुबह से ही सेंटरों के बाहर कैंडिडेट्स और उनके परिजनों की भीड़ रही।

किसान के खेत में निकलने लगा क्रूड ऑयल:इलाके से गुजर रही पाइपलाइन में सप्लाई बंद की; वेलपैड से 1KM दूर मिला लीकेज पॉइंट

बाड़मेर जिले के बोथिया गांव के एक खेत में रविवार सुबह 6 बजे क्रूड ऑयल का रिसाव होने लगा। क्रूड ऑयल 2 खेतों में 500 मीटर के दायरे में फैल गया। लीकेज की सूचना पर केयर्न वेदांता कंपनी के इंजीनियर और अधिकारी मौके पर पहुंचे। एहतियात के तौर पर इलाके से गुजर रही पाइपलाइन में सप्लाई बंद कर दी गई। वेलपैड (जहां क्रूड निकालने के लिए कुएं खोदे जाते हैं) से करीब 1 किलोमीटर दूर लीकेज पॉइंट मिला है, जिसे इंजीनियरों ने ठीक किया। फिलहाल पाइपलाइन में रिसाव के कारणों की जांच की जा रही है। अब देखिए- क्रूड ऑयल के रिसाव की 3 तस्वीरें वेलपैड की पाइपलाइन में सप्लाई बंद की
जानकारी के अनुसार, भाग्यम वेलपैड 12 से मदर वेलपैड पाइपलाइन तक लाइन बिछी हुई है। बोथिया गांव में रविवार सुबह 6 बजे किसान दौलत राम, प्रेमाराम और फकीराराम के खेत में अचानक क्रूड ऑयल का रिसाव शुरू हो गया। देखते ही देखते खेत में एक हिस्से में क्रूड ऑयल फैल गया। किसान ने इसकी सूचना कंपनी के अधिकारियों को दी तो टीम मौके पर पहुंची। एहतियातन इलाके से गुजर रही वेलपैड की पाइप लाइन में सप्लाई कर दी। इंजीनियर और अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालातों का जायजा लिया। कंपनी के अफसरों ने किसान दौलतराम से बात की। इसके साथ ही खेत में जेसीबी से एक गड्ढा खोदकर क्रूड ऑयल को एक जगह इकट्ठा किया गया और फिर क्रूड ऑयल को टैंकर में भरकर दूसरी जगह ले जाया गया। किसान बोला- क्रूड ऑयल फैलने से खेत बर्बाद हुआ
किसान दौलतराम ने बताया- पाइप लाइन से क्रूड का लीकेज हुआ था, जो खेत में फैल गया है। परिवार की करीब 100 बीघा जमीन है, लेकिन एक खेत में ऑयल फैलने से जमीन खराब हो गई है। दौलत राम ने कहा- कंपनी के अधिकारी और इंजीनियर भी आए। फिलहाल खेत में जेसीबी से गड्ढा खोदा गया, ताकि क्रूड का बहाव एक जगह रोका जा सके। कवास में 5 दिन बाद रोका जा सका था क्रूड का रिसाव
इससे पहले 23 फरवरी को भी बाड़मेर के कवास में ऐश्वर्या ऑयल फील्ड के वेलपैड संख्या-8 के पास एक खेत में क्रूड ऑयल का रिसाव हुआ था, जो करीब 4 बीघा जमीन में फैल गया था। तब करीब 5 दिन बाद क्रूड ऑयल के रिसाव को रोका जा सका था।
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ये खबर भी पढ़िए… रेगिस्तान में क्रूड ऑयल के 20 कुएं बंद:खेत से 60 टैंकर तेल निकला, कंपनी का दावा- 24 की रात ब्लास्ट नहीं, भूकंप आया था बाड़मेर में खेत से निकल रहा क्रूड ऑयल शुक्रवार को पांचवें दिन बंद हो गया है। हालांकि अभी खेत से तेल के निकलने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पूरी खबर पढ़िए

बीजेपी विधायक बोले-देश से धीरे-धीरे विलुप्त हो रही है कांग्रेस:असफल होने वाले अपनी कमियों का आकलन करें, बयानबाजी नहीं

कोटा दक्षिण से भाजपा विधायक संदीप शर्मा ने कांग्रेस और विपक्षी नेताओं पर निशाना साधा है। संदीप शर्मा ने कहा- कांग्रेस पूरे भारत से धीरे-धीरे एक ‘विलुप्त प्रजाति’ बनती जा रही है। विधायक शर्मा ने कहा- राजनीति में लगातार असफल होने वाले लोगों को दूसरों पर आरोप लगाने के बजाय अपनी कमियों का आकलन करना चाहिए। राजनीति सकारात्मकता और सेवा का मार्ग है, जहां व्यक्ति को अपने स्वार्थों से ऊपर उठकर जनता की सेवा करनी पड़ती है। लोकतंत्र की परीक्षा में जनता ही हमें पास या फेल करती है। राजस्थान की राजनीतिक संस्कृति की सराहना करते हुए संदीप शर्मा ने कहा- यहां की राजनीति सहज, समर्पित और सरल है। यह बिहार और उत्तर प्रदेश की (पुरानी) राजनीति जैसी नहीं है, जहां कभी गुंडे-मवाली बड़े-बड़े पद हासिल कर लिया करते थे। राजस्थान में गाली-गलौज या उटपटांग बातें करके राजनेता खुद का ही नुकसान करते हैं।
संदीप शर्मा ने कहा- जनता के लिए संघर्ष करते हुए उनके जीवन में 27 मुकदमे दर्ज हुए थे, लेकिन अब वे सभी समाप्त हो चुके हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, “हमारे ऊपर लगे मुकदमे छात्र हितों, युवाओं को रोजगार दिलाने और जन आंदोलनों से जुड़े थे। हमारे ऊपर ऐसा कोई मुकदमा दर्ज नहीं है कि हमने किसी की जमीन पर कब्जा किया हो या किसी का मकान खाली करवाया हो। राजनीति में पूरा जीवन लोगों के लिए समर्पित होना चाहिए। दरअसल, पिछले कुछ समय से कोटा में कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल और भाजपा नेताओं के बीच तीखी जुबानी जंग और बयानबाजी का दौर चल रहा है। विधायक संदीप शर्मा के इस बयान को इसी सियासी खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है।

बिहार रिजेक्श PK, ट्विटर पर नंबर वन ट्रेंड कर रहा:प्रशांत किशोर बांकीपुर से लड़ेंगे विधानसभा उपचुनाव, नितिन नवीन के गढ़ में बीजेपी को देंगे टक्कर

पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट पर जनसुराज पार्टी की ओर से प्रशांत किशोर उम्मीदवार होंगे। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती ने इसकी घोषणा की है। इस घोषणा के बाद से ट्विटर पर ट्रेंड होने लगा ‘बिहार रिजेक्ट PK’। दोपहर बाद नंबर वन ट्रेंड कर रहा है। वहीं, प्रशांत किशोर ने कहा, “चार सालों से जन सुराज ही मेरी जिंदगी है। पार्टी ने मुझे जो जिम्मेदारी दी है, उसे पूरा करने का प्रयास करूंगा। बांकीपुर से अगर जीत मिलती है तो उससे पार्टी का मनोबल काफी बढ़ेगा और पार्टी आगे बढ़ेगी।” बता दें नितिन नवीन के राज्यसभा सांसद बनने के बाद से ही पीके के बांकीपुर से चुनाव लड़ने की चर्चा थी। पिछले दिनों खुद पीके ने कहा था- अगर मेरे चुनाव लड़ने से भाजपा बांकीपुर जैसी मजबूत सीट हारती है, तो मैं चुनाव लड़ने के लिए तैयार हूं। ‘बिहार में जब तक परिवर्तन नहीं आता, तब तक संघर्ष करता रहूंगा’ प्रशांत किशोर ने कहा कि मैं पार्टी कार्यकर्ता वरिष्ठ नेता और बिहार की जनता को आभार व्यक्त करता हूं कि उन्होंने इतनी बड़ी जिम्मेदारी मेरे कंधे पर रखी है। बांकीपुर में चुनाव लड़ने की जो जिम्मेदारी मुझे दी गई है, उसे मैं पूरी तरह से निभाऊंगा। अगले 5 वर्षों में बिहार में जब तक परिवर्तन नहीं आता, तब तक मैं संघर्ष करता रहूंगा। प्रशांत किशोर ने कहा कि नवंबर 2025 में जिन मतदाताओं ने जनसुराज की वोट दिया, उन सबको मैं धन्यवाद देता हूं। बांकीपुर की जनता से मैं वादा करता हूं कि मैं पूरी ईमानदारी के साथ काम करूंगा। मैं आपको आश्वस्त करता हूं कि अगर आप अपना जनप्रतिनिधि बनाकर जनसुराज के प्रतिनिधि को भेजते हैं तो वह 242 विधायकों पर भारी पड़ेगा। PK ने सम्राट चौधरी पर साधा निशाना प्रशांत किशोर ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि, ‘वह पिछले दरवाजे से मुख्यमंत्री बने हैं। वह एक सिलेक्टेड मुख्यमंत्री है। उनका भी चाल चरित्र और चेहरा जल्द ही सामने आ जाएगा। मैं बेहतर हूं या खराब हूं, यह तय जनता को करना है। बांकीपुर की जनता से मैं अपील करता हूं कि आप केवल एक ईमानदार और अच्छे प्रत्याशी को अपना नेता चुनें। इस सीट से बिहार की सरकार नहीं बदलेगी। बल्कि बिहार की राजनीति बदलेगी। यह बिहार को एक नया विकल्प देने का चुनाव। बांकीपुर के चार लाख मतदाताओं से मैं समर्थन मांग रहा हूं।’ BJP से ये हो सकते हैं उम्मीदवार भाजपा ने अभी अपने उम्मीदवार के नाम की घोषणा नहीं की है। हालांकि, सूत्रों की मानें तो नील रतन घोष का नाम लगभग फाइनल है। 1.नील रतन घोष: बीजेपी ने उम्मीदवार चुनने में उनकी पसंद का ख्याल रखा है। स्थानीय कार्यकर्ताओं की मांग पर नील रतन घोष (नीलू दा) को टिकट मिल सकता है। भाजपा के पुराने कार्यकर्ता हैं। नितिन नवीन के साथ लंबे समय रहे हैं। उनके विश्वासी हैं। नितिन नवीन भी इन्हें सम्मान देते हैं। पर्दे के पीछे से नितिन नवीन का पूरा काम संभाल रहे थे। नीलू मंदिरी के रहने वाले हैं,मूल रूप से पश्चिम बंगाल के हैं। रेस में इनके भी नाम 2. अजय आलोक नेशनल मीडिया में भाजपा के मजबूत चेहरे के रूप में पहचाने जाने वाले अजय आलोक को भी बांकीपुर में नितिन नवीन के उत्तराधिकारी के तौर पर देखा जा रहा है। कायस्थ जाति से आने वाले डॉ. आलोक के पिता पद्म श्री गोपाल प्रसाद सिन्हा बड़े डॉक्टर हैं। पटना में इनकी एक अलग छवि है। 2003 में अपना पॉलिटिकल करियर शुरू करने वाले आलोक ने 2005 में कैमूर के चैनपुर विधानसभा सीट से LJP के टिकट पर चुनाव लड़ा था। 2010 के चुनाव में भी इन्होंने इसी सीट से बसपा के टिकट पर चुनाव लड़ा। वे दोनों चुनाव हार गए। इसके बाद 2012 में जदयू जॉइन किया। पार्टी के प्रवक्ता और महासचिव बने। 2023 में जदयू से इस्तीफा देकर BJP का दामन थामा। फिलहाल BJP के राष्ट्रीय मीडिया का मुखर चेहरा हैं। 3. रणवीर नंदन भाजपा नेता रणवीर नंदन धार्मिक न्यास बोर्ड के अध्यक्ष हैं। इनके नाम की भी चर्चा बांकीपुर सीट के लिए है। रणवीर शिक्षित और सौम्य क्षवि के नेता माने जाते हैं। कायस्थ जाति से आते हैं। पटना के ही रहने वाले हैं। प्रो. रणवीर नंदन कभी नीतीश कुमार के भरोसेमंद माने जाते थे। 2014 में नीतीश ने इन्हें पहली बार अपनी पार्टी के कोटे से विधान परिषद भेजा था। 2020 में कार्यकाल पूरा होने के बाद पार्टी की तरफ से इन्हें रिपीट नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने सितंबर 2023 में जेडीयू से इस्तीफा दे दिया था। जानिए क्यों बांकीपुर से चुनाव लड़ने जा रहे हैं प्रशांत किशोर 1. पार्टी और अपनी विश्वसनीयता बढ़ाना 2025 बिहार विधानसभा चुनाव जन सुराज पार्टी के लिए एक बड़ा रियलिटी चेक था। 2 अक्टूबर 2024 को पार्टी के औपचारिक गठन के बाद प्रशांत किशोर ने कड़ी मेहनत की। गांव-गांव घूमे। बड़ी उम्मीदों के साथ उन्होंने 243 में से 238 सीटों पर उम्मीदवार उतारे। हालांकि, चुनाव परिणामों में जन सुराज एक भी सीट जीतने में नाकाम रही। सिर्फ एक सीट मढ़ौरा में दूसरे नंबर पर रही। पार्टी का वोट शेयर 3.4% रहा। यानी 16,77,583 वोट मिले। इस करारी हार के बाद जन सुराज के वजूद और क्रेडिबिलिटी (विश्वसनीयता) पर गंभीर सवाल खड़े हो गए। विधानसभा चुनाव में प्रशांत किशोर ने तेजस्वी यादव की सीट राघोपुर से चुनाव लड़ने का ऐलान किया था, लेकिन बाद में हट गए थे। नहीं लड़े। इसकी खूब किरकिर हुई। अब बांकीपुर से चुनाव लड़कर प्रशांत किशोर लोगों को मैसेज देंगे कि पार्टी प्रयोग के दौर से बाहर निकल गई है। बिहार छोड़कर भागे नहीं हैं। प्रशांत किशोर मजबूत फाइट देते हैं या जीतते हैं तो यह साबित होगा कि जन सुराज सिर्फ कागजी या डिजिटल पार्टी नहीं है, बल्कि जमीन पर टिकने वाली राजनीतिक ताकत है। PK पर अक्सर आरोप लगता है कि वे सिर्फ बैकस्टेज रणनीतिकार हैं और खुद चुनावी राजनीति से बचते हैं। खुद चुनाव लड़कर वे इस छवि को तोड़ेंगे और जनता के बीच अपनी गंभीरता साबित करेंगे। 2. वैकल्पिक राजनीति का लिटमस टेस्ट प्रशांत किशोर अपनी पदयात्रा के समय से ही ‘राइट टू एजुकेशन’ और ‘बिहार के बच्चों को बिहार में ही रोजगार’ देने का नैरेटिव सेट कर रहे हैं। साथ ही पारंपरिक जातिगत राजनीति को नकारने का दावा करते हैं। बांकीपुर जैसे पढ़े-लिखे और शहरी क्षेत्र में उनकी इस नई सोच का असली लिटमस टेस्ट होगा कि क्या शहरी मतदाता पारंपरिक पार्टी लाइन से अलग हट सकता है। बांकीपुर पूरी तरह से पटना नगर निगम का एक कोर शहरी इलाका है। यहां ग्रामीण क्षेत्रों जैसी पारंपरिक जातिगत गोलबंदी (जैसे यादव-कुर्मी या ठेठ महादलित समीकरण) उतनी हावी नहीं होती, जितनी ‘क्लास और अवेयरनेस’ की राजनीति होती है। यहां की आबादी में उच्च मध्यम वर्ग, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स, डॉक्टर्स, लॉयर्स और बड़े कारोबारी (वैश्य और सवर्ण) शामिल हैं। 3. BJP के गढ़ में सेंध लगाकर तीसरा विकल्प बनना बांकीपुर BJP का मजबूत किला है। 1995 से यहां भाजपा चुनाव नहीं हारी है। यहां जीत या अच्छा मुकाबला प्रशांत किशोर को BJP-विरोधी तीसरा विकल्प के रूप में स्थापित करेगा। प्रशांत किशोर जानते हैं कि अगर वे RJD या JDU के गढ़ में लड़ेंगे तो उन्हें सीधे जातिगत अभेद्य दीवारों (जैसे यादव या कुर्मी-कोइरी ब्लॉक) का सामना करना पड़ेगा, जिसे तोड़ना अभी मुश्किल है। बांकीपुर में BJP का वोटर ‘मोदी लहर’ और ‘राष्ट्रवाद’ के कारण बंधा है। यदि वह वोटर स्थानीय स्तर पर BJP से थोड़ा भी नाराज होगा तो वह RJD को वोट देने की बजाय प्रशांत किशोर जैसे एक पढ़े-लिखे विकल्प को चुनना पसंद कर सकता है। महागठबंधन (RJD-कांग्रेस) बांकीपुर में खुद को बेहद कमजोर स्थिति में पाता है। ऐसी स्थिति में भाजपा को हराने के लिए विपक्ष अंदरूनी तौर पर प्रशांत किशोर को वॉकओवर दे सकता है या अपने कैडर वोटर (अल्पसंख्यक और यादव मतदाता, जो करीब 60,000 हैं) को PK की तरफ शिफ्ट करवा सकता है। बांकीपुर का जातीय समीकरण क्या है? पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट को बिहार की सबसे हाई-प्रोफाइल और ‘VIP’ शहरी सीटों में गिना जाता है। चुनाव आयोग के मुताबिक, इस विधानसभा सीट पर कुल मतदाताओं की संख्या 3,79,420 है। आधिकारिक चुनावी विश्लेषणों और मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक… प्रशांत किशोर के जीतने की कितनी संभावना है? फैक्ट्स और आंकड़ों की एनालिसिस करें तो प्रशांत किशोर के जीतने की राह काफी मुश्किल है, लेकिन कुछ विशेष परिस्थितियों में वे उलटफेर भी कर सकते हैं। हालांकि, अगर प्रशांत किशोर इस मुकाबले को त्रिकोणीय से आमने-सामने की लड़ाई में बदलने में कामयाब होते हैं, तो उनकी संभावना बढ़ सकती है। इसके लिए 3 फैक्टर काम करेंगे… 1. महागठबंधन का ‘टैक्टिकल वॉकओवर’ बांकीपुर में RJD या कांग्रेस जानती है कि वे अकेले दम पर BJP को नहीं हरा सकते। अगर महागठबंधन परदे के पीछे से प्रशांत किशोर को इन डायरेक्ट समर्थन दे दे और अपना उम्मीदवार कमजोर उतारे, तो महागठबंधन का पारंपरिक करीब 30% वोट बैंक सीधे PK के खाते में ट्रांसफर हो सकता है। 2. सवर्ण और युवा वोट बैंक में सेंधमारी अगर बीजेपी के नए स्थानीय उम्मीदवार को लेकर एंटी-इन्कंबेंसी (नाराजगी) होती है, तो PK इसका फायदा उठा सकते हैं। बांकीपुर में करीब 1.10 लाख से अधिक युवा वोटर (18-34 आयु वर्ग) हैं। PK का ‘बिहार में रोजगार’ और ‘भविष्य का बदलाव’ वाला नैरेटिव अगर इस युवाओं और BJP के पारंपरिक वोट बैंक में 20 से 25% की भी सेंधमारी कर देता है, तो मुकाबला बराबरी पर आ जाएगा। 3. PK का खुद का सेलिब्रिटी और ब्रांड स्टेटस 2025 विधानसभा चुनाव में जन सुराज की प्रत्याशी वंदना कुमारी को 7,717 वोट मिले थे, क्योंकि वे स्थानीय चेहरा थीं। लेकिन जब प्रशांत किशोर खुद लड़ेंगे, तो पूरी पार्टी की ताकत, असीमित संसाधन, और मीडिया का पूरा फोकस इसी एक सीट पर आ जाएगा। वे इस चुनाव को ‘बिहार का भविष्य बनाम पुराना ढर्रा’ बनाकर एक नया नैरेटिव खड़ा कर सकते हैं, जो न्यूट्रल वोटर्स को खींच सकता है। ========================== ये खबर भी पढ़ें… बांकीपुर में PK को सपोर्ट करेगा महागठबंधन!:सम्राट के सामने अग्निपरीक्षा, भाजपा के लिए प्रतिष्ठा की लड़ाई, जानिए क्या हैं समीकरण पटना के बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने जा रहा उपचुनाव भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का सवाल है। जन सुराज पार्टी के के अंदर बहुत मजबूती से तैयारी चल रही है कि प्रशांत किशोर खुद चुनावी मैदान में उतरें। सूत्रों के अनुसार ये लगभग फाइनल भी हो चुका है। चूंकि यह सीट BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की है, इसलिए प्रशांत किशोर यहां से पूरे देश को मैसेज देना चाहते हैं। उनकी इस इच्छा को पूरी करने में महागठबंधन भी अहम भूमिका निभा सकता है। पूरी खबर पढ़ें…

भीलवाड़ा नेशनल हाईवे पर चलती कार में लगी आग:ड्राइवर ने कूद कर बचाई जान, शॉर्ट सर्किट की आशंका

भीलवाड़ा-उदयपुर नेशनल हाईवे 758 पर कारोई थाना इलाके में विनायक विद्यापीठ के पास रविवार को चलती कार में अचानक आग लग गई। कार भीलवाड़ा की ओर से आ रही थी। इंजन से पहले धुआं निकला और कुछ ही सेकंड में आग की लपटें उठने लगीं। ड्राइवर ने तुरंत कार का फाटक खोलकर बाहर छलांग लगा दी, जिससे उसकी जान बच गई। सूचना मिलने पर पुलिस और फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जलकर राख हो चुकी थी। चलती कार में अचानक लगी आग मामला कारोई थाना क्षेत्र के नेशनल हाईवे 758 का है। भीलवाड़ा की ओर से आ रही कार जैसे ही विनायक विद्यापीठ के पास पहुंची, उसी दौरान अचानक इंजन से धुआं निकलने लगा। कुछ ही सेकंड में इंजन से आग की लपटें निकलने लगीं। ड्राइवर ने तुरंत बाहर कूदकर बचाई जान इंजन में आग लगते ही ड्राइवर ने तुरंत कार का फाटक खोला और गाड़ी से बाहर छलांग लगा दी। कुछ ही देर में कार ने पूरी तरह आग पकड़ ली। देखते ही देखते पूरी गाड़ी आग की चपेट में आ गई। कार में लगी आग की लपटें और धुआं काफी दूर से नजर आने लगा। हाईवे से गुजर रहे लोगों ने घटना की सूचना फायर ब्रिगेड और पुलिस को दी। आग लगने के कारण हाईवे पर कुछ समय के लिए गाड़ियों का जाम भी लग गया। आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग बुझी, शॉर्ट सर्किट की आशंका सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड और पुलिस मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड की टीम ने करीब आधे घंटे तक लगातार आग बुझाने का काम किया। इसके बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया गया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जलकर राख हो चुकी थी। प्रारंभिक जांच में कार में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। गनीमत रही कि ड्राइवर समय रहते कार से बाहर निकल गया, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। क्रेडिट : बद्री लाल गुरला

उदयपुर में बारिश में मौसम को किया ठंडा:रविवार को हल्की धूप निकली, सलूंबर में सबसे ज्यादा 48 और शहर में 6 एमएम बारिश

उदयपुर में पिछले 2 दिनों में हुई बारिश से तापमान में कमी आई है। बारिश के चलते उमस और गर्मी से राहत मिली और तापमान में करीब 32.5 डिग्री बना हुआ है। रविवार को दोपहर तक आसमान में बादलों की आावाजाही होती रही और बारिश का मौसम बनता रहा। हालांकि दोपहर तक बारिश नहीं हुई। सुबह से रूककर हल्की धूप निकली और फिर बादलों के कारण कम हो गई। इससे पहले शनिवार को उदयपुर शहर का अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री से. और न्यूनतम तापमान 21.1 डिग्री से. दर्ज किया गया। रविवार शाम तक एक बार फिर हवा के साथ बारिश होने की संभावना है। शुक्रवार को लेकसिटी में मानूसन की पहली बारिश हुई थी। बाढ़ नियत्रंण केन्द्र से जारी आंकड़ों के अनुसार रविवार सुबह तक पिछले 24 घंटों में सलूंबर में सबसे ज्यादा 48 एमएम बारिश हुई। वही उदयपुर शहर में सबसे कम 6 एमएम बारिश दर्ज की गई। जयसंमद में 19, देवास में 12 और डाया डैम पर 6 ​एमएम बारिश दर्ज की गई है। इस सीजन में अब तक उदयपुर में 59 एमएम और सलूंबर में 105 एमएम बारिश हो चुकी है। मानसून की पहली तेज बारिश के बाद उदयपुर के मौसम में ठंडक घुल गई। शनिवार को भी शहर में तेज बारिश का दौर शाम करीब 5 बजे शुरू हो गया था। शहर के अलग-अलग हिस्से में बारिश हुई। शहर के शोभागपुरा 100 फीट रोड पर तेज बारिश के चलते दो पहिया वाहनों पर चल रहे लोग गाड़ियों को रोककर बारिश से बचने का प्रयास करते देखे गए। यहां पर तेज हवा के साथ बारिश हुई। मौसम एक्पपर्ट आरएस देवड़ा ने बताया कि अगले 2-3 दिन बादल छाए रहेंगे और रुक-रुक कर बारिश होगी।

दोस्त ने दोस्त की हत्या कर शव झाड़ियों में फेंका:छोटा भाई बोला- राजस्थान पुलिस की तैयारी कर रहा था भाई, दोस्त से मिलने से पहले बहन से बात की थी

भरतपुर के सेवर थाना इलाके में 2 जुलाई को झाड़ियों में एक युवक का शव मिला था। आज उसकी शिनाख्त हो गई है। मृतक के भाई का कहना है कि सुगम के दोस्त ने ही उसकी हत्या की है। जिसके बाद शव झाड़ियों में फेंक दिया है। राजस्थान पुलिस की तैयारी कर रहा था युवक केशव निवासी नगला छतरी थाना लखनपुर ने बताया कि मेरा बड़ा भाई सुगम (22) भरतपुर में किराए पर कमरा लेकर रहता था। वह ब्लिंकिट में पार्ट टाइम नौकरी और राजस्थान पुलिस की तैयारी कर रहा था। सुगम ने वैष्णव धर्मशाला में किराए पर कमरा ले रखा था। सुगम मोबाइल के जरिए परिवार के संपर्क में रहता था। बहन को बताया था दोस्त से मिलने जा रहा है 1 जुलाई को सुगम ने अपनी बहन भुपेश को फोन किया। सुगम ने अपनी बहन को बताया कि वह अपने दोस्त दिनेश गुर्जर के पास जा रहा है। दिनेश गुर्जर एम्युनेशन डिपो में फायरमैन पर तैनात है। 2 जुलाई को उसे दिल्ली पेपर देने के लिए जाना है। बहन से बात करने के बाद सुगम अपने दोस्त से मिलने के लिए चला गया। 3 दिन तक परिजन सुगम को ढूंढते रहे शाम करीब 6 बजे भूपेश ने वापस अपने भाई सुगम को फोन किया। भूपेश ने यह बात अपने परिवार वालों को बताई। परिजन 3 दिन तक सुगम को ढूंढते रहे। उसका कुछ पता नहीं लगा। कल परिजनों को पता लगा कि सुगम का शव आरबीएम अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखा हुआ है। तब उन्होंने अस्पताल में आकर सुगम के शव की शिनाख्त की थी। 2 जुलाई को मिला था सुगम का शव दूसरी तरफ 2 जुलाई को सेवर पुलिस को सूचना मिली थी कि विजय हॉस्पिटल के पास झाड़ियों में एक युवक का शव पड़ा हुआ है। पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और शव को मॉर्च्युरी में रखवाया गया। सुगम की जीभ निकली हुई थी। जिसके बाद पुलिस ने मौके पर FSL की टीम बुलाकार मौके से साक्ष्य जुटाए थे। दोस्त पर हत्या का आरोप सुगम के भाई का आरोप है कि दिनेश गुर्जर ने ही उसकी हत्या की है। क्योंकि सुगम का शव दिनेश के सरकारी क्वार्टर से 5 सौ मीटर की दूरी पर पाया था। उसने ही सुगम की हत्या कर शव झाड़ियों में फेंका है। शव का मेडिकल बोर्ड से हुआ पोस्टमार्टम सेवर थाने SI करतार सिंह ने बताया कि 2 जुलाई को झाड़ियों में एक शव मिला था। आज उसकी शिनाख्त हो गई है। मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है। परिजनों ने FIR दर्ज करवा दी है। मामले की जांच की जा रही है।

11-हजार केवी लाइन का इंसुलेटर टूटा घरों में करंट:एक महिला समेत दो गायों की मौत, 3 लोग करंट की चपेट से झूलसे

कोटा के अनंतपुरा थाना क्षेत्र की बरड़ा बस्ती स्थित क्रेशर रोड इलाके में आज साढ़े 12 बजे हाईटेंशन बिजली लाइन में हुए हादसे ने पूरे क्षेत्र में अफरातफरी मचा दी। जानकारी के अनुसार 11 केवी विद्युत लाइन का इंसुलेटर टूटने के बाद करंट आसपास के घरों में फैल गया। अचानक घरों में करंट दौड़ने से लोग घबरा गए और जान बचाने के लिए बाहर की ओर भागे। इस हादसे में एक महिला सलमा की करंट लगने से मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग भी झुलस गए। सभी घायलों को तत्काल न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। हादसे में जमीन पर करंट फैलने से दो गायों की भी मौत हो गई। अनंतपुरा थाना अधिकारी रमेश कविया ने बताया कि बरड़ा बस्ती में दो मकानों के ऊपर से हाईटेंशन बिजली लाइन गुजर रही थी। इसी दौरान लाइन का इंसुलेटर टूट गया, जिसके बाद करंट दो घरों के बीच फैल गया और यह बड़ा हादसा हो गया। पुलिस और बिजली विभाग की टीम मौके पर पहुंची और क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बंद कर स्थिति को नियंत्रित किया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि इंसुलेटर टूटने की वजह क्या थी और कहीं लापरवाही तो इस हादसे का कारण नहीं बनी। घटना के बाद स्थानीय लोगों में बिजली विभाग के प्रति भारी नाराजगी है। लोगों ने क्षेत्र में गुजर रही हाईटेंशन लाइन की सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने और भविष्य में ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति रोकने की मांग की है।

करौली में लिपिक भर्ती परीक्षा में 74% अभ्यर्थी हुए शामिल:12 केंद्रों पर पहली पारी संपन्न, कड़ी जांच के बाद मिला प्रवेश

करौली में राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से आयोजित लिपिक ग्रेड द्वितीय/कनिष्ठ सहायक संयुक्त सीधी भर्ती परीक्षा-2026 रविवार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। यह परीक्षा जिला मुख्यालय के 12 केंद्रों पर 2 पारियों में आयोजित की जा रही है। पहली पारी का एग्जाम हो चुका है। पहली पारी में कुल 4512 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से 3350 मौजूद रहे, जबकि 1162 अभ्यर्थी अनुपस्थित पाए गए। इस पारी में उपस्थिति का प्रतिशत 74.25 रहा, वहीं अनुपस्थिति 25.75 प्रतिशत दर्ज की गई।
परीक्षा की पहली पारी सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक हुई। शाम 6 बजे तक होगा दूसरी पारी का एग्जाम
दूसरी पारी दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक निर्धारित थी। जिले में कुल 4512 अभ्यर्थियों का पंजीकरण किया गया था। परीक्षा के सफल संचालन के लिए अतिरिक्त जिला कलेक्टर महावीर सिंह को परीक्षा समन्वयक और मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी सर्वेश कुमार गुप्ता को अतिरिक्त समन्वयक नियुक्त किया गया था। अधिकारियों ने परीक्षा से पहले सभी केंद्रों का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिला प्रशासन ने परीक्षा को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा, यातायात, पेयजल और विद्युत सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की थीं।