सीनियर टीचर भर्ती के 886 पद घटाए:अब 9 हजार 651 पदों के लिए होगी परीक्षा; 12 लाख से ज्यादा कैंडिडेट्स

राजस्थान लोक सेवा आयोग ने सीनियर टीचर भर्ती के 886 पद घटा दिए गए है। अब यह भर्ती कुल 9,651 पदों पर की जाएगी। इस परीक्षा में 12 लाख तीस हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा में सम्मिलित होने के लिए आवेदन किया है। पूर्व में ये भर्ती 10537 पदों पर होनी थी। 12 से 18 जुलाई 2026 तक होने वाली ये परीक्षा पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही होगी। विषयवार पदों की नवीनतम संख्या के संबंध में आयोग ने शुद्धि-पत्र जारी कर दिया है। विज्ञापन की शेष शर्तें पहले की तरह ही यथावत रहेंगी। विस्तृत सूचना एवं शुद्धि-पत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है उच्च न्यायालय में हुई सुनवाई राजस्थान हाईकोर्ट, जयपुर खंड पीठ में आज परीक्षा को स्थगित करने और फॉर्म री-ओपन करने के संबंध में दायर याचिकाओं पर सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान- आयोग सचिव ने कोर्ट में बताया कि विज्ञापन जारी करने की तिथि को प्रभावी नियमों के अनुसार भर्ती के अंतर्गत मूल पदों में अधिकतम 50 प्रतिशत तक की ही वृद्धि की जा सकती है। इससे पहले जारी शुद्धि-पत्र संख्या 10/2026-27 के जरिए पदों की संख्या बढ़ाकर 10,537 कर दी गई थी, जो कि 50 प्रतिशत से अधिक थी। इसको संशोधित करते हुए इस भर्ती के अन्तर्गत नियमानुसार 50 प्रतिशत तक की ही वृद्धि करते हुए पद भरे जाएंगे। इसके लिए शुद्धि-पत्र जारी कर पदों की संशोधित संख्या को अधिसूचित कर दिया जाएगा। शुद्धि-पत्र जारी कोर्ट में सुनवाई के बाद आयोग की ओर से शुद्धि-पत्र संख्या 11/2026-27 जारी भी कर दिया गया है, जिसके तहत 50 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ाए गए अतिरिक्त पदों को हटाकर अब कुल पद 9,651 अधिसूचित किए गए हैं। वर्गवार वर्गीकरण जल्द जारी करेंगे इस भर्ती का मूल विज्ञापन (संख्या 07/2025-26) पिछले साल 17 जुलाई 2025 को 10 विषयों के कुल 6,500 पदों के लिए जारी किया गया था। इसके लिए 19 अगस्त से 17 सितंबर 2025 तक ऑनलाइन आवेदन लिए गए थे। बाद में माध्यमिक शिक्षा विभाग से प्राप्त प्रस्ताव अनुसार पदों को बढ़ाकर पहले 10,537 किया गया था, जिसे नियमानुसार पुनः संशोधित कर 9,651 किया गया है। वर्गवार वर्गीकरण जल्द जारी किया जाएगा। अलग-अलग सब्जेक्ट की परीक्षाओं को चार ग्रुप में बांटा ग्रुप A- इसमें सोशल साइंस विषय है। इसके अभ्यर्थियों की 12 जुलाई को सुबह 10 से 12 बजे तक सामान्य ज्ञान की परीक्षा होगी। दोपहर 3 से 5:30 बजे तक सोशल साइंस की परीक्षा होगी। ग्रुप B- इसमें हिंदी विषय है। इस सब्जेक्ट के अभ्यर्थियों की 13 जुलाई को सुबह 10 से 12 बजे तक सामान्य ज्ञान की परीक्षा होगी। दोपहर 3 से 5:30 बजे तक हिंदी की परीक्षा होगी। ग्रुप C- इसमें साइंस और संस्कृत सब्जेक्ट है। इन विषयों के सभी अभ्यर्थियों की 14 जुलाई को सुबह 10 से 12 बजे तक सामान्य ज्ञान की परीक्षा होगी। इसके बाद दोपहर 3 से 5:30 बजे तक साइंस विषय की परीक्षा होगी। 15 जुलाई को सुबह 10 से 12:30 बजे तक संस्कृत विषय के अभ्यर्थियों की परीक्षा होगी। ग्रुप D- इसमें गणित, इंग्लिश, उर्दू, पंजाबी, सिंधी और गुजराती सब्जेक्ट रखे गए हैं। इन सब्जेक्ट के सभी अभ्यर्थियों की 16 जुलाई को सुबह 10 से 12 बजे तक सामान्य ज्ञान की परीक्षा होगी। इसके बाद दोपहर 3 से 5:30 बजे तक गणित विषय के अभ्यर्थियों की परीक्षा आयोजित की जाएगी। 17 जुलाई को सुबह 10 से 12:30 बजे तक इंग्लिश और दोपहर 3 से 5:30 बजे तक उर्दू विषय के अभ्यर्थियों की परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। 18 जुलाई को सुबह 10 से 12:30 बजे तक पंजाबी और दोपहर 3 से 5:30 बजे तक सिंधी और गुजराती सब्जेक्ट के अभ्यर्थियों की परीक्षा होगी।

गहलोत बोले-रिफाइनरी के इतिहास की सीएम को जानकारी नहीं है:मदन राठौड़ का पलटवार, कहा- 'रिफाइनरी पर गुमराह करना बंद करें गहलोत'

रिफाइनरी को लेकर कांग्रेस और बीजेपी नेताओं के बीच सियासी वार पलटवार का दौर शुरू हो गया है। सीएम भजनलाल शर्मा के बयान पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने कहा- ‘सीएम को रिफाइनरी के इतिहास की बुनियादी जानकारी तक नहीं है।’ गहलोत ने एक्स पर कांग्रेस राज के दौरान रिफाइनरी शिलान्यास की तस्वीरें भी शेयर की हैं। इस पर बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा- ‘गहलोत साहब, पचपदरा रिफाइनरी को लेकर जनता को गुमराह करना बंद करें।’ गहलोत और राठौड़ दोनों ने अपने एक्स पर वार पलटवार किए। देखिए, गहलोत की शेयर की गई ये 2 PHOTOS गहलोत बोले- रिफाइनरी को लेकर सीएम को गलत जानकारी पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सीएम पर पलटवार करते हुए एक्स पर लिखा- मुख्यमंत्री पूर्व में रिफाइनरी में केंद्र और राज्य की हिस्सेदारी को लेकर गलत बयान दे चुके हैं। मुख्यमंत्री को यदि इतिहास की जानकारी नहीं है, तो वे सार्वजनिक रूप से गलत बयानबाजी करने के बजाय अपने अधिकारियों से सही आंकड़े और दस्तावेज मंगवाकर पढ़ लें। गहलोत ने लिखा- मुख्यमंत्री को शायद यह ज्ञात ही नहीं है कि पचपदरा रिफाइनरी का वास्तविक शिलान्यास साल 2013 में ही यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी और तत्कालीन पेट्रोलियम मंत्री वीरप्पा मोइली द्वारा किया जा चुका था। ये तस्वीरें उसी मौके की है। इसके विपरीत, केंद्र सरकार और राज्य की तत्कालीन भाजपा सरकार ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना को पांच साल तक ठंडे बस्ते में डालकर अटकाए रखा, जिससे इसकी लागत 37,000 करोड़ रुपए से दोगुनी बढ़कर लगभग 80,000 करोड़ रुपए हो गई। रिफाइनरी के लिए एचपीसीएल को राजी करना चुनौतीपूर्ण काम था गहलोत ने लिखा- राजस्थान में रिफाइनरी की स्थापना के लिए ‘हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड’ (एचपीसीएल) को राजी करना भी एक बेहद चुनौतीपूर्ण काम था। सामान्यत: रिफाइनरी परियोजनाओं में राज्य सरकार की कोई हिस्सेदारी नहीं होती है, लेकिन एचपीसीएल को सहमत करने के लिए राजस्थान सरकार ने दूरदर्शिता दिखाते हुए रिफाइनरी में 26% की हिस्सेदारी ली। इसी के परिणामस्वरूप यह ‘एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड’ (एचआरआरएल) नामक संयुक्त उद्यम (जॉइंट वेंचर) बना, जिसने इस रिफाइनरी का निर्माण किया है। बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष का गहलोत के बयान पर पलटवार मदन राठौड़ बोले- गहलोत साहब,रिफाइनरी पर गुमराह करना बंद करें मदन राठौड़ ने एक्स पर लिखा- ‘कागजी शिलान्यास बनाम धरातल का विकास।’ गहलोत साहब, पचपदरा रिफाइनरी को लेकर जनता को गुमराह करना बंद करें। राजस्थान की जनता भ्रामक बयानों और चुनावी स्टंट का अंतर अच्छी तरह जानती है। 2013 में चुनाव से ठीक दो महीने पहले बिना बजट, बिना जमीन और बिना पर्यावरण मंजूरी के केवल वोट बैंक के लिए पत्थर लगाना विकास नहीं, राजनीतिक छलावा था।
कांग्रेस राज में एचपीसीएल से एमओयू पर प्रदेश पर बोझ था मदन राठौड़ ने लिखा- पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने प्रदेश के हितों को ताक पर रखकर एचपीसीएस से जो एमओयू किया था, वह राजस्थान पर भारी वित्तीय बोझ था। 2014 में भाजपा सरकार ने कड़ा मोलभाव कर राज्य के हजारों करोड़ रुपए बचाए और जनवरी 2018 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इसका वास्तविक ‘कार्यारंभ’ कराया। काम की कछुआ चाल के जिम्मेदार आज खुद को दूरदर्शी बता रहे हैं राठौड़ ने लिखा- लागत बढ़ने का रोना रोने वाले याद रखें कि 2018 से 2023 के बीच अपनी आंतरिक गुटबाजी और प्रशासनिक अकर्मण्यता के कारण इस प्रोजेक्ट को अटकाने, लटकाने और भटकाने का काम किसने किया? काम की कछुआ चाल के असली जिम्मेदार आज खुद को दूरदर्शी बता रहे हैं। हमारी डबल इंजन सरकार कागजी पत्थरों पर नहीं, धरातल पर काम करने में विश्वास रखती है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में पचपदरा रिफाइनरी का काम अब पूरी पारदर्शिता और तीव्र गति से पूरा होकर जल्द राजस्थान की प्रगति का नया आधार बनेगा।

'बोर्ड लगा देने को उद्घाटन नहीं कहा जा सकता':राज्यवर्धन बोले- शिलान्यास हुआ तो रिफाइनरी शुरू क्यों नही हुई, 2400 को नियुक्ति पत्र सौंपे

प्रदेश के हर छोर पर विकास हो रहा है। डबल इंजन सरकार की ताकत से पेट्रोकेमिकल रिफाइनरी लग गई है। ये बात शनिवार को दौसा जिला प्रभारी व उद्योग मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने टाउन हॉल में आयोजित जिला स्तरीय रोजगार उत्सव कार्यक्रम में मीडिया से बात करते हुए कही। पूर्व सीएम गहलोत के आरोपों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा- यदि 2013 में शिलान्यास हो गया था, तो फिर रिफाइनरी काम क्यों नहीं कर रही थी। केवल बोर्ड लगा देने को उद्घाटन नहीं कहा जा सकता, जब रिफाइनरी काम करना शुरू करती है तो उसे उद्घाटन कहा जाता है। उन्होंने कहा- इसके अलावा फैक्ट्रियों में अन्य प्रोडक्ट का उत्पादन होगा। कार्यक्रम में 2400 नवनियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। कांग्रेस पर साधा सीधा निशाना मंत्री राठौड़ ने कांग्रेस पर निशाना लगाते हुए कहा- भाजपा सरकार केवल घोषणा करने और नारे लगाने में विश्वास नहीं करती बल्कि जिस कार्य का शिलान्यास करती है, उसका उद्घाटन भी हम ही करते हैं। उन्होंने आगे कहा- हमारी सरकार पूर्व की तरह होटल में बंद रहने और अपने ही विधायकों को पकड़ने वाली सरकार नहीं है। हममें जनता के हितों के लिए काम करने की प्रतिबद्धता है। 50 हजार युवाओं को दिए नियुक्ति पत्र मंत्री राठौड़ ने कहा- प्रदेश के कई हिस्सों में पानी की समस्याओं का भी तेजी से समाधान हो रहा है। 50 हजार से ज्यादा युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र भी दिए गए हैं। जयपुर शहर में बेहतर ट्रांसपोर्टेशन के लिए मेट्रो फेस-टू का शिलान्यास किया गया है। प्रधानमंत्री ने सुनिश्चित किया है कि साधारण व्यक्ति भी हवाई यात्रा कर सके इसके लिए सुविधाओं में विस्तार किया जा रहा है। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नेतृत्व में भाजपा सरकार विकास के सभी मार्ग प्रशस्त कर रही है। राठौड़ ने कहा- यह काम अभी ओर गति पकड़ेगा। जब जनता के आशीर्वाद से सरकार बार-बार रिपीट होती है तो काम करने की क्षमता कई गुना तेजी से बढ़ जाती है। विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को पूरा करने में राजस्थान का बहुत अहम रोल रहेगा। 8 लोगों की मौत पर बोले राठौड़ दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर 8 लोगों की मौत के मामले में मंत्री राठौड़ ने कहा- एक्सप्रेस-वे के निर्माण संबंधी कमियों को लेकर सम्बंधित ठेकेदार पर कार्रवाई होगी। भाजपा सरकार करप्शन रहित जीरो टॉलरेंस वाली हैं। वहीं दौसा की पेयजल समस्या के सवाल पर मंत्री ने कहा- जल संसाधन मंत्री के नेतृत्व में तत्परता से काम किया जा रहा है। यहां के लोगों ने पानी के लिए वर्षों से इंतजार किया है, वह अब महीनों में रह गया है। नवनियुक्त कार्मिकों को सौंपे नियुक्ति पत्र इससे पहले राज्यसभा सांसद डॉ. अलका सिंह गुर्जर, लालसोट विधायक रामबिलास मीणा, कलेक्टर डॉ. सौम्या झा और एसपी पीयूष दीक्षित ने अलग-अलग विभागों के नवनियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। कलेक्टर ने बताया कि 2400 युवाओं को आमंत्रित किया गया था। ये रहे मौजूद आयोजन को राज्य स्तरीय रोजगार उत्सव से भी वर्चुअल माध्यम से जोड़ा गया था। जहां सभी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भाषण सुना। इस दौरान जिला परिषद सीईओ बिरदीचंद गंगवाल, एएसपी शंकरलाल मीणा, एएमई एलसी मीणा, प्रदेश प्रवक्ता प्रिया मीणा, भाजपा नेता सिकंदर वधावन, शहर अध्यक्ष भूपेन्द्र सिंह आदि मौजूद रहे।

ATM में कैश डालने वाले 2 कर्मचारी करोड़ों लेकर फरार:दो दिन तक सिस्टम को नहीं लगी भनक; ड्राइवर के घर खड़ी मिली कैश वैन

झुंझुनूं में एटीएम में कैश डालने वाले दो कर्मचारी 1 करोड़ 13 लाख 95 हजार रुपए लेकर फरार हो गए। तीन दिन तक चली कंपनी की जांच में 28 एटीएम चेक किए गए, जिनमें 9 एटीएम में गड़बड़ी मिली। सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह रही कि 3 एटीएम में कैश ही नहीं डाला गया। सिर्फ इन्हीं तीन एटीएम में करीब 59.50 लाख रुपए की कमी मिली। आरोप है कि दोनों कर्मचारी बैंक से कैश लेकर निकले, लेकिन पूरी रकम एटीएम में नहीं डाली और फरार हो गए। उनकी कैश वैन बाद में ड्राइवर के घर के बाहर खड़ी मिली। हैरानी की बात यह है कि करीब 48 घंटे तक कंपनी को इस गड़बड़ी की भनक तक नहीं लगी। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। जानें कैसे की लूट की तैयारी 1. एक ही गांव से थे दोनों आरोपी हर एटीएम की सुरक्षा दो स्तर पर होती है। पहली तकनीक और दूसरी इंसान। मशीन की सुरक्षा तकनीक करती है, लेकिन मशीन में कैश भरने की जिम्मेदारी कर्मचारियों की होती है। इसी वजह से कैश मैनेजमेंट कंपनियां अपने कर्मचारियों पर सबसे ज्यादा भरोसा करती हैं। जांच के अनुसार मुख्य आरोपी सुमेर सिंह नवंबर 2025 में कंपनी से जुड़ा था। इसके कुछ महीने बाद मार्च 2026 में उसने अपने गांव सुजडोला निवासी संदीप सिंह को भी कंपनी में नौकरी दिला दी। दोनों एक ही टीम में काम करने लगे। रोज एटीएम में कैश भरते-भरते दोनों ने पूरी कैश लोडिंग व्यवस्था समझ ली। किस एटीएम में कितना कैश जाता है, किस मशीन में सबसे ज्यादा ट्रांजेक्शन होता है, कौन-सा एटीएम कितनी जल्दी खाली होता है और कंपनी किस तरह निगरानी करती है। जांच एजेंसियों का मानना है कि यहीं से पूरी योजना तैयार हुई। 2. खुद कैश वैन लेकर अलग-अलग एटीएम पहुंचे आरोपी जांच में सामने आया है कि 25 जून को दोनों कर्मचारी कैश लेकर निकले। आरोप है कि कुछ समय बाद उन्होंने ड्राइवर और गनमैन को वापस भेज दिया। इसके बाद दोनों खुद कैश वैन लेकर अलग-अलग एटीएम तक पहुंचे। यहीं से पूरा खेल शुरू हुआ। कुछ मशीनों में पूरी नकदी नहीं डाली गई। कुछ मशीनों में कम नकदी डाली गई। तीन मशीनों में कंपनी के रिकॉर्ड के अनुसार कैश डाला ही नहीं गया, लेकिन रिपोर्ट में कैश लोडिंग पूरी दिखाई गई। अगर जांच में यह सही साबित होता है, तो यह सिर्फ गबन नहीं बल्कि पूरी कैश लोडिंग व्यवस्था को समझकर किया गया ऑपरेशन माना जाएगा। 3. ज्यादा ट्रांजेक्शन वाले एटीएम चुने ऑडिट रिपोर्ट में सामने आया कि जिन एटीएम में रोज सबसे ज्यादा ग्राहक आते थे, वहां कुछ कैश डाल दिया गया। इससे मशीनें तुरंत खाली नहीं हुईं। बैंक को तुरंत अलर्ट नहीं मिला और कंपनी को भी शुरुआत में शक नहीं हुआ। जांच के अनुसार आरोपियों ने सबसे पहले समय का पूरा हिसाब लगाया। 4. दो दिन की छुट्टी, सिस्टम को नहीं लगी भनक 25 जून के बाद 26 जून और फिर शनिवार व रविवार की छुट्टियां रहीं। लगातार चार दिन तक नियमित निगरानी प्रभावित रही। इस दौरान कई एटीएम धीरे-धीरे खाली होते गए। कुछ ग्राहकों को परेशानी हुई, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि मामला करोड़ों रुपए के गबन का है। 29 जून को जब दोनों कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं पहुंचे और उनके मोबाइल बंद मिले, तब कंपनी को बड़ा शक हुआ। 5. तीन दिन की ऑडिट में खुला पूरा मामला इसके बाद जयपुर से विशेष ऑडिट टीम झुंझुनूं पहुंची। 29 जून, 30 जून और 1 जुलाई तक लगातार जांच की गई। कुल 28 एटीएम की जांच हुई। इनमें 9 एटीएम में गड़बड़ी मिली। तीन एटीएम में कैश नहीं मिला, जबकि छह एटीएम में तय राशि से कम नकदी मिली। जांच में कुल 1 करोड़ 13 लाख 3 हजार रुपए की कमी सामने आई। इसके अलावा ग्राहकों के 92 हजार रुपए के लेनदेन भी जमा नहीं किए गए। इस तरह कुल कथित गबन 1 करोड़ 13 लाख 95 हजार रुपए का सामने आया। कैश वैन मिली, लेकिन दोनों कर्मचारी गायब करोड़ों रुपए ले जाने वाली कैश वैन चिड़ावा में ड्राइवर के घर खड़ी मिली। लेकिन जिन दो कर्मचारियों के जिम्मे कैश था, वे दोनों गायब मिले। उनके मोबाइल बंद हैं और उनसे कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। अब पुलिस मोबाइल लोकेशन, जीपीएस रिकॉर्ड, सीसीटीवी फुटेज, बैंकिंग लॉग और दूसरे डिजिटल रिकॉर्ड के जरिए पूरी कड़ी जोड़ रही है। एसपी और एएसपी को दी गई जानकारी एएसपी देवेंद्र राजावत ने बताया कि CMS कंपनी बैंकों से नकदी लेकर एटीएम में जमा करने का काम करती है। चिड़ावा थाना क्षेत्र में दर्ज मामले में सुजडोला गांव के सुमेर सिंह और संदीप सिंह पर आरोप है कि उन्होंने बैंक से ली गई करीब 1 करोड़ 13 लाख रुपए से ज्यादा की राशि एटीएम में जमा नहीं की और फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों की तलाश के लिए कई टीमें बनाई गई हैं। जल्द ही दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर गबन की गई राशि बरामद करने का प्रयास किया जा रहा है।

सड़क किनारे खड़े तीन भाइयों को पिकअप ने कुचला, मौत:उल्टी होने पर बोलेरो से नीचे उतरे थे, पीछे से चपेट में लिया

जोधपुर के बालेसर में आगोलाई के पास पिकअप ने बोलेरो को टक्कर मारते हुए 3 चचेरे भाइयो को कुचल दिया। हादसे में तीनों की मौत हो गई, बोलेरो में बैठे दो बच्चों को मामूली चोट आई है। गाड़ी में 5 बच्चे, एक महिला समेत 10 लोग सवार थे। हादसा जोधपुर-जैसलमेर नेशनल हाईवे 125 पर शुक्रवार रात 10 बजे हुआ। दयालनाथ की पत्नी को लेकर लौट रहे थे बालेसर थानाधिकारी मूल सिंह भाटी ने बताया-हादसे में जोधपुर जिले के गंगाणा चोखा गांव निवासी राजूनाथ (28) पुत्र सूरम नाथ कालबेलिया, दयालनाथ (27) पुत्र बाबू नाथ और प्रकाश नाथ (25) पुत्र दोलानाथ के रूप में हुई है। मृतकों के चचेरे भाई चनानाथ ने बताया- दयालनाथ की पत्नी पप्पू देवी पीहर गई हुई थी। उसके साथ उसके 5 बच्चे (2 बेटे, 3 बेटी) भी थे। दयालनाथ उन्हीं को वापस लेने के लिए अपने ससुराल टिबड़ी गांव गया था। इस दौरान उसका बड़ा भाई माणकनाथ, राजूनाथ और प्रकाशनाथ भी साथ आए थे। वापस लौटते समय आगोलाई में कालका माता मंदिर के पास नेशनल हाईवे 125 पर राजूनाथ को उल्टी होने पर बोलेरो सड़क किनारे रोक दी। इस दौरान दयाल और प्रकाश भी गाड़ी से उतर गए, तभी पीछे से तेज रफ्तार पिकअप ने बोलेरो और तीनों भाइयों को टक्कर मार दी। दो बच्चों को मामूली चोट आई हादसे में बोलेरो के पास खड़े तीन चचेरे भाइयों की मौत हो गई। दो बच्चे मामूली रूप से घायल हुए, जिन्हें बालेसर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया और उनका उपचार किया गया। शवों को मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। बालेसर पुलिस सूचना मिलते ही घटनास्थल पर पहुंची। हादसे की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में परिजन अस्पताल पहुंच गए, जहां उनका रो-रोकर बुरा हाल था। तीनों भाई जोधपुर की खानों में मजदूरी करते थे। दयाल और प्रकाश के दो भाई और दो बहनें है। राजू के एक भाई और 4 बहनें है।

जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर के घर लूट:परिवार को डेढ़ घंटे तक बंधक बनाया, बचाने आए बेटे का सिर फोड़ा; बदमाशों ने आम भी खाए

अलवर में तीन नकाबपोश बदमाशों ने जीएसटी विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर ओमप्रकाश (50) के परिवार को बंधक बनाकर लूट की वारदात को अंजाम दिया। बदमाश 25 लाख से ज्यादा की ज्वेलरी और 40 हजार रुपए कैश लूट ले गए। विरोध करने पर असिस्टेंट कमिश्नर के बेटे का सिर फोड़ दिया। घटना आज (शनिवार) सुबह करीब 6-7 बजे के बीच की है। सदर थाना इलाके के अपना घर शालीमार आवासीय सोसायटी निवासी ओमप्रकाश ने बताया कि सुबह 6 बजे पत्नी उर्मिला (45) के जगाने पर दूध लेने जाने के लिए उठा। जैसे ही बाहर के बाथरूम में गया, छत से एक नकाबपोश बदमाश ने कनपटी पर कट्टा (देसी पिस्टल) लगा दिया। उसके बाद दो बदमाश और आए, वे घर में घुस गए। एक ने पत्नी के कनपटी पर कट्टा लगा दिया। पत्नी के चिल्लाने पर 14 साल का बेटा बचाने आया, जो आते ही एक बार बदमाशों से भिड़ गया। लेकिन उसे दो बदमाशों ने दबोच लिया और एक ने उसके सिर पर बैट दे मारा। उसके बाद सभी के रस्सी से हाथ-पैर बांध दिए। घर में 8 साल की बेटी नव्या भी थी, जो उस समय सो रही थी।
जीएसटी कमिश्नर ने बताया कि बदमाशों ने बंधक बनाकर सभी के साथ मारपीट की। पूरे घर को छान लिया। पीछे के कमरे की अलमारी की चाबी लेकर उसमें रखे 20 तोला सोने-चांदी के जेवर ले गए। उर्मिला के कान के कुंडल निकलवाए और पैरों के पायजेब भी ले गए। स्कूल बस आई, बदमाश ने जाकर मना कर दिया पूरा घटनाक्रम सुबह 6 से 7 बजे के बीच का है। उसी बीच बच्चे को लेने स्कूल बस आ गई। बस ड्राइवर ने हॉर्न बजाया तो एक बदमाश ने जाकर मना कर दिया कि आज स्कूल नहीं जाएगा। करीब सवा 7 बजे बदमाशों न गहने लूट लिए और फरार हो गए। असिस्टेंट कमिश्नर ने मशक्कत कर रस्सी से बंधे हाथ-पैर खोले और पड़ोसियों को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और मौका मुआयना कर आसपास के सीसीटीवी खंगाले।
किचन में आम खाए, चाय बनाने काे बोला बदमाशों ने किचन में जाकर आम खाए, उसके बाद असिस्टेंट कमिश्नर की पत्नी को चाय बनाने के लिए कहा, लेकिन दूध नहीं था। बदमाश पत्नी को बार-बार धमकाते रहे। बगल में नगर निगम के कमिश्नर का मकान जीएसटी असिस्टेंट कमिश्नर ओमप्रकाश के पीछे नगर निगम के कमिश्नर सोहन सिंह नरूका का मकान है, जिसमें दो कमरे बने हुए हैं। वह मकान खाली पड़ा है, उसमें कोई रहता नहीं है। कॉलोनी के लोगों का मानना है कि बदमाश रात को ही असिस्टेंट कमिश्नर के घर की छत पर बगल के मकान के ऊपर से आए। फिर ऊपर की मंजिल पर आराम करते रहे। सुबह जब नीचे का गेट खुला तो परिवार को बंधक बना लिया। बदमाशों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा एएसपी दीपक कुमार का कहना है कि बदमाशों को पकड़ने के लिए टीमें दबिश दे रही हैं।

बेकाबू फॉर्च्यूनर कई फीट उछलकर पलटी, 2 की मौत:गाय को कुचला, फिर पोल-स्कूटी से टकराई; शीशा तोड़ते हुए बाहर उछले युवक

बीकानेर में बेकाबू फॉर्च्यूनर कार कई फीट उछलकर पलट गई। हादसे में कार सवार दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। एक्सीडेंट शुक्रवार रात एक बजे जयनारायण व्यास कॉलोनी पुलिस स्टेशन क्षेत्र में उदासर फांटा के पास हुआ। SHO विक्रम सिंह ने बताया कि कार ने एक गाय को भी कुचल दिया। इसके बाद एक स्कूटी को टक्कर मार दी। आशंका है कि एक्सीडेंट अचानक ब्रेक लगाने के कारण हुआ है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज की भी जांच कर रही है। सबसे पहले देखिए- हादसे से जुड़ी PHOTOS… कार के शीशे टूटे, बाहर उछलकर गिरे युवक SHO ने बताया कि हादसा इतना भीषण था कि कार के शीशे टूट गए और अंदर बैठे युवक कांच तोड़ते हुए बाहर जा गिरे। एक्सीडेंट में बीकानेर के पूगल के रहने वाले मानवेंद्र सिंह (32) और इंदिरा कॉलोनी के रहने वाले पुनीत चौधरी (23) की मौत हुई है। पुलिस ने फॉर्च्यूनर से मिले डाक्यूमेंट्स और आधार कार्ड के आधार पर युवकों की पहचान की। स्कूटी सवार युवक भूपेन (19) पुत्र जगदीश राजपूत, निवासी उदासर गंभीर घायल है। ओवरस्पीड की भी आशंका पुलिस के अनुसार शुरुआती जांच में हादसे की एक वजह ओवरस्पीड मानी जा रही है। आशंका है कि तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर के सामने अचानक एक गाय आ गई। गाय को बचाने की कोशिश में ड्राइवर ने तेज ब्रेक लगाए, जिससे कार का संतुलन बिगड़ गया। तेज रफ्तार होने के कारण कार कई फीट तक उछल गई और बेकाबू हो गई। …. ये खबर भी पढ़िए… सड़क किनारे खड़े तीन भाइयों को पिकअप ने कुचला, मौत:उल्टी होने पर बोलेरो से नीचे उतरे थे, पीछे से चपेट में लिया जोधपुर के बालेसर में आगोलाई के पास पिकअप ने बोलेरो को टक्कर मारते हुए 3 चचेरे भाइयों को कुचल दिया। हादसे में तीनों की मौत हो गई, बोलेरो में बैठे दो बच्चों को मामूली चोट आई है। पूरी खबर पढ़िए…

मां के सामने डंपर ने छात्रा को कुचला, मौत:मॉर्निंग वॉक पर निकली थी, हाल ही में दी थी नीट परीक्षा; ड्राइवर फरार

नदबई कस्बे के खांगरी बाइपास पर शनिवार सुबह तेज रफ्तार डंपर ने मॉर्निंग वॉक पर निकली छात्रा (17) को कुचल दिया। छात्रा के साथ चल रही मां बाल-बाल बच गई। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए राजकीय जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया। डंपर ने पीछे से चपेट में लिया मृतका के चाचा हरिओम ने बताया कि उनकी भतीजी पायल (17) शनिवार सुबह करीब 5 बजे अपनी मां सुनीता देवी के साथ मॉर्निंग वॉक के लिए निकली थी। सुबह करीब 6:15 बजे जब दोनों खांगरी बाइपास के पास पहुंचे, तभी हलैना की ओर से तेज गति से आ रहे डस्ट से भरे डंपर ने पीछे से पायल को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में पायल डंपर के नीचे आ गई और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं उसकी मां सुनीता देवी बाल-बाल बच गई, लेकिन बेटी की मौत अपनी आंखों के सामने होते देख उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया डंपर जब्त, ड्राइवर फरार हादसे की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़ पड़े। लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही नदबई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए राजकीय जिला अस्पताल की मोर्चरी भिजवाया। पुलिस ने हादसे में शामिल डंपर को भी जब्त कर लिया है। ड्राइवर की तलाश की जा रही है। नीट की परीक्षा दी थी, रिजल्ट नहीं आया परिजनों ने बताया- पायल पढ़ाई में बेहद होनहार थी। उसने हाल ही में हुई नीट की परीक्षा दी थी और परिणाम का इंतजार कर रही थी। परिवार को उम्मीद थी कि पायल डॉक्टर बनकर उनका नाम रोशन करेगी, लेकिन एक तेज रफ्तार वाहन ने उसके सभी सपनों को हमेशा के लिए खत्म कर दिया। पायल के पिता किसान हैं। परिवार की सबसे छोटी बेटी होने के कारण वह सभी की लाड़ली थी।

संदिग्ध अवस्था में मिला सड़क पर मिला युवक का शव:हत्या,आत्महत्या या हादसा हर एंगल पर पुलिस जांच शुरू

भीलवाड़ा जिले के मांडल कस्बे के मांडल चौराहा स्थित सर्विस रोड पर किसान कुल्फी के समीप आज शनिवार सुबह एक युवक का शव संदिग्ध अवस्था में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। राहगीरों की सूचना पर मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। शव की पहचान कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया सूचना मिलने पर पुलिस और 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू की। मृतक की पहचान मांडल निवासी छोटू तंबोली के रूप में हुई है। मौत कैसे हुई अभी क्लियर नहीं प्रारंभिक तौर पर यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि युवक की मौत किसी सड़क दुर्घटना में हुई है या फिर मामला हत्या से जुड़ा है। पुलिस घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है तथा सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच में जुटी हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा हो सकेगा। क्रेडिट: जितेंद्र सिंह गौड़, मांडल।

पीएम मोदी आज करेंगे एयरपोर्ट के नए टर्मिनल का उद्घाटन:उड़ान योजना के सेकेंड फेज की भी करेंगे शुरुआत, जानिए क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज जोधपुर एयरपोर्ट के नए टर्मिनल का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही उड़ान योजना के सेकेंड फेज की शुरुआत भी करेंगे। पीएम मोदी शनिवार सुबह 10:45 बजे जोधपुर हवाई अड्डे के टर्मिनल भवन का उद्घाटन करेंगे। यहीं से उड़ान योजना के सेकेंड फेज की शुरुआत करेंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी दोपहर 12:15 बजे बालोतरा जाएंगे। वहां रिफाइनरी के साथ लगभग 1.06 लाख करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण, उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इस अवसर पर पीएम मोदी जनसभा को भी संबोधित करेंगे। कार्यक्रम में सीएम भजनलाल शर्मा, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत आदि मौजूद रहेंगे। साथ ही केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू किंजरापु भी जोधपुर आएंगे। वे सुबह 7:45 से 9 बजे तक जोधपुर एयरपोर्ट का निरीक्षण करेंगे। 480 करोड़ की लागत से तैयार हुआ नया एयरपोर्ट जोधपुर का नया एयरपोर्ट 480 करोड़ रुपए की लागत से तैयार किया गया है। इसका नया टर्मिनल 37 एकड़ में तैयार किया गया है। यह पुराने एयरपोर्ट से 6 गुना बड़ा है। इस एयरपोर्ट में एंट्री गेट से फ्लाइट में डायरेक्ट एंट्री के लिए 6 एयरोब्रिज बनाए गए हैं। नए टर्मिनल में जोधपुर व राजस्थान से जोड़ते हुए यहां पर्यावरण के लिए प्राणों की आहुति देने वाली अमृता देवी और वीर दुर्गादास की पेंटिंग भी लगवाई गई है। यह भवन आधुनिक सुविधाओं के साथ-साथ सांस्कृतिक पहचान को भी दर्शाता है। करीब 37 एकड़ क्षेत्र में तैयार हुआ यह टर्मिनल भवन मौजूदा टर्मिनल से 6 गुना बड़ा है और इस टर्मिनल से यात्री क्षमता 10 गुना तक बढ़ जाएगी। भवन का निर्माण 24 हजार वर्गमीटर में किया जा रहा है और इस पर लगभग 480 करोड़ रुपए की लागत आई है। जबकि वर्तमान टर्मिनल केवल 3,900 वर्गमीटर का है।