काशी-विश्वनाथ मंदिर गेट पर कार्बाइन से गोलियां चलीं:जवान पकड़े था, अचानक फायर हुए; गोली सड़क पर लगी, पत्थर उखड़कर लगने से 3 जख्मी

काशी विश्वनाथ मंदिर के गेट पर शनिवार सुबह 6:44 बजे पर पीएसी जवान की कार्बाइन से फायरिंग हो गई। दो गोलियां चलीं। गनीमत रही कि गोलियां सीधे सड़क पर लगीं। इसके बाद सड़क की गिट्टी उखड़कर लगने से 3 लोग घायल हो गए। अचानक भीड़ के बीच गोलियां चलने से वहां भगदड़ जैसा माहौल हो गया। कुछ देर किसी को समझ ही नहीं आया कि क्या हुआ। गोलियों की आवाज सुनकर सुरक्षाकर्मी अलर्ट हो गए। मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। लोगों को बताया कि गलती से गोलियां चल गई हैं। बाकी, सब ठीक है। घटना का 57 सेकेंड का सीसीटीवी सामने आया है। इसमें दिख रहा है कि पीएसी जवान बाएं हाथ में कार्बाइन पकड़े हुए था। फिर दाहिने हाथ में पकड़ ली।कार्बाइन का मुंह सड़क की तरफ था। तभी अचानक फायरिंग होती है। आवाज सुनकर खुद जवान चौंक जाता है। वो अपने कार्बाइन को देखने लगता है और फिर वहां से निकल जाता है। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने तीनों घायल निक्की गुप्ता, रामबाबू और विकास यादव को अस्पताल पहुंचाया। ये सभी मंदिर के बाहर माला-फूल बेचते हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, सभी ठीक हैं। दो के हाथ में और तीसरे को कमर में पत्थर के टुकड़े लगे हैं। हादसा काशी विश्वनाथ मंदिर के वीआईपी गेट नंबर-4 पर हुआ। हादसे के 3 सीसीटीवी- डीआईजी बोले- भीड़ को हटाते समय घटना हुई, जांच की जा रही डीआईजी शिव हरि मीणा कबीरचौरा अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल लिया। उन्होंने बताया- काशी विश्वनाथ धाम के पास नंदू फेरी वाली गली में पीएसी का जवान श्रद्धालुओं की भीड़ को हटा रहा था। तभी कार्बाइन से एक्सीडेंटल फायर हुआ। सभी चीजों की जांच की जा रही है। घायलों को डॉक्टरों ने दवा दी है। सभी की हालत खतरे से बाहर है। जिस जवान की कार्बाइन से फायर हुई, उसका नाम अमरनाथ चौहान है। 48वीं वाहिनी पीएसी में तैनाती थी। 1987 बैच का जवान है। 2027 में रिटायरमेंट है। फिलहाल, पुलिस उसे थाने ले गई है। हादसे की 3 तस्वीरें देखिए… घायल निक्कू ने कहा- सिपाही कार्बाइन को इधर-उधर कर रहे थे घायल हुए निक्कू गुप्ता ने बताया- काशी विश्वनाथ मंदिर के पास बालाजी की दुकान है। वहां पर एक पुलिस वाले अपनी कार्बाइन लेकर खड़े थे। उनसे गोली चल गई। वो कार्बाइन को इधर-उधर कर रहे थे। तीन लोग घायल हुए हैं। इसके बाद दूसरे पुलिसकर्मियों ने हालात को संभाला। राम बाबू बोले- मुझे पैर और हाथ में लगी घायल राम बाबू ने कहा- हम लोग दुकान पर खड़े थे। वहां पुलिस वाले बंदूक लेकर खड़े थे। तभी उनसे गोली अचानक चल गई। मुझे गिट्‌टी पैर और हाथ में लगी है। विकास ने कहा- पुलिस वाले गोली, छर्रा सब उठा ले गए विकास यादव ने बताया- हम बालाजी की दुकान पर काम करते हैं। वहां पुलिस वाले खड़े थे। तभी दुकान के पास बंदूक लेकर खड़े पुलिस वाले से गोली चल गई। तभी पुलिस वाले आए और सिपाही को हटा दिया। मौके से गोली, छर्रा सब उठा ले गए। मुझे हाथ और कमर में लगा है। DCP काशी गौरव बंसवाल ने कहा- पीएसी के जवान के हाथ से दो राउंड जमीन पर फायर हुए थे। गोली के छर्रे तीन माला-फूल बेचने वालों को लगे हैं। इसमें कोई गंभीर घायल नहीं है। ——————–
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‘मम्मी के पेट पर चढ़कर पापा ने चाकू मारे’:मेरठ में बेटा बोला- मां तड़पती-चीखती रही; पापा कहते रहे- वीडियो बना… मैं तेरी रील बनवाऊंगा मम्मी आंगन में पड़ी थीं। उनके पूरे कपड़े खून में लाल थे। हाथ, चेहरे और गले से खून बह रहा था। मम्मी चिल्ला रही थी- बचाओ-बचाओ छोड़ दो, लेकिन पापा मम्मी के पेट पर बैठे थे। उनके एक हाथ में चाकू था, दूसरे से मम्मी को पकड़ रखा था। चाकू से मम्मी को गोदे जा रहे थे। बस कह रहे थे, वीडियो बना, तू वीडियो ही बना ले। मैं तेरी रील बनवाऊंगा… पढ़ें पूरी खबर

2.20 करोड़ रुपए की ड्रग्स पकड़ी, 2 आरोपी गिरफ्तार:1.25 लाख कैश रुपए, 2.20KG एमडी की जब्त, रेतीले धोरों में छुपाकर करते थे सप्लाई

बालोतरा पुलिस ने अवैध मादक-पदार्थ तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 2 किलो 200 ग्राम एमडी जब्त की है। वहीं दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। ड्रग्स की अनुमानित कीमत 2.20 करोड़ रुपए आंकी की गई है। वहीं आरोपियों से मादक-पदार्थ से अर्जित 1.25 लाख रुपए बरामद किए है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। एसपी रमेश ने नशाखोरी को रोकने के लिए पुलिस मुख्यालय की मंशा के अनुसार जिले में मादक-पदार्थो की तस्करी की रोकथाम के लिए स्पेशल अभियान ऑपरेशन विषभंजन चलाया जा रहा है। एएसपी हरफूलसिंह, डीएसपी सुखराम विश्नोई के सुपरविजन में जिला स्पेशल टीम बालोतरा एवं थाना प्रभारी रावताराम के नेतृत्व में टीम बनाई गई। धोरीमन्ना इलाके से ड्रग्स की शिकायतें मिल रही थी। इस पर एसपी गोपनीय तरीके से जानकारी जुटाई गई। डीएसटी टीम का कैंप लगाकर संदिग्ध व्यक्तियों की एक्टिविटी पर निरंतर निगरानी की गई। वहीं परंपरागत पुलिसिंग के साथ-साथ तकनीकी संसाधनों के माध्यम से सूचनाए इकट्‌ठी की गई। रेतीलें धोरों में दबिश देकर पकड़ी एमडी बालोतरा डीएसटी और धोरीमन्ना पुलिस की संयुक्त टीमों ने प्लानिंग तरीके से कारवाई को अंजाम दिया गया। आरोपियों का रहवासी मकान आबादी इलाके से दूर रेतीले धोरों के बीच स्थित ढाणी में होने के कारण टीमों ने करीब 4 किलोमीटर तक रेतीले धोरों में पैदल मार्च कर चारों तक घेराबंदी कर दबिश दी गई। दो आरोपी गिरफ्तार दबिश के दौरान आरोपी चैनाराम पुत्र रामचंद्र निवासी मायलों की बेरी खारी, धोरीमन्ना एवं उसका बेटा हनुमानराम के रहवासी मकान की तलाशी ली गई। इस दौरान कमरे में छिपाकर रखी ई 2 किलो 200 ग्राम अवैध एमडी और 1 लाख 25 हजार रुपए कैश बरामद किए गए। एमडी की अनुमानित कीमत 2.20 करोड़ रुपए आंकी की गई है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। यू करते थे वारदात प्रारंभिक पूछताछ एवं जाच में सामने आया है कि आरोपी आबादी से दूर रेतीले धोरों के बीच स्थित ढाणी को सुरक्षित ठिकाने के रूप में उपयोग करते थे। अवैध मादक पदार्थ को मकान के भीतर छिपाकर रखा जाता था। इससे विभिन्न स्थानों पर इसकी सप्लाई कर अवैध आर्थिक लाभ अर्जित कर रहे थे।

15 दिन में रोजगार, वरना 16वें दिन से बेरोजगारी भत्ता:राजस्थान में वीबी-जी-राम-जी स्कीम लागू, आयुक्त से जानिए कैसे मिलेगा लाभ

राजस्थान में 1 जुलाई से ‘वीबी-जी राम जी’ स्कीम लागू हो गई है। योजना में कई नए प्रावधान शामिल किए गए हैं। आवेदन के 15 दिन के भीतर रोजगार देना अनिवार्य किया गया है। रोजगार नहीं देने की स्थिति में पात्र व्यक्ति को बेरोजगारी भत्ता मिलेगा। 15 दिन में मजदूरी का भुगतान नहीं होने पर 16वें दिन से हर दिन की देरी पर 0.05% प्रतिदिन की दर से मुआवजा मिलेगा। योजना का लाभ कैसे मिलेगा? इस स्कीम में क्या नए प्रावधान किए गए हैं? जैसे सवालों के जवाब जानने के लिए भास्कर ने ‘वीबी-जी राम जी’ आयुक्त पुष्पा सत्यानी से बात की। आयुक्त पुष्पा सत्यानी से जानिए योजना का लाभ कैसे मिलेगा… भास्कर : कितने दिन का रोजगार मिलेगा? मनरेगा से कैसे भिन्न है नई स्कीम? सत्यानी : यह स्कीम पहले की तुलना में काफी बड़ी है। पहली बार हमने आधारभूत ढांचे की बात की है। पहले की योजना में ग्रामीण क्षेत्र में लेबर को 100 दिन का प्रावधान था। नई योजना में पात्र परिवार को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिन का रोजगार की गारंटी देने का प्रावधान है। स्कीम में विकास के कार्य ज्यादा होंगे। गांवों की जरूरत पर ही काम होगा। किसानों की आय बढ़ाने वाले कार्य होंगे। भास्कर : 15 दिन में काम नहीं मिला तो क्या होगा? सत्यानी : यदि आवेदन करने के 15 दिन के भीतर रोजगार उपलब्ध नहीं कराया जाता है, तो आवेदक दैनिक बेरोजगारी भत्ते का हकदार होगा। पहले 30 दिन के लिए मजदूरी दर का 25 फीसदी और उसके बाद में 50 फीसदी भत्ता मिलेगा। भास्कर : मजदूरी कितनी मिलेगी? सत्यानी : मनरेगा में प्रतिदिन 281 रुपए मजदूरी मिलती थी। नई स्कीम में रोजाना 300 रुपये देने का प्रावधान किया गया है। मजदूरी साप्ताहिक आधार पर दी जाएगी। किसी भी स्थिति में काम करने की तारीख से 15 दिन के भीतर मजदूरी का भुगतान करना अनिवार्य होगा। भास्कर : मजदूरी में देरी हुई तो क्या होगा? सत्यानी : स्कीम में डिले कंपनसेशन (मुआवजा) एड किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि यदि मस्ट रोल बंद होने के 15 दिन बाद भी मजदूरी नहीं मिलती तो 16वें दिन से भुगतान होने तक बकाया मजदूरी पर प्रतिदिन 0.05% की दर से मुआवजा (कंपनसेशन) दिया जाएगा। इससे समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की कोशिश की गई है। भास्कर : आवेदन की प्रोसेस क्या होगी? सत्यानी : अब आवेदन ऑनलाइन हो गया है। हर काम डिजिटलाइज कर दिया गया है। रोजगार के लिए आवेदन मौखिक, लिखित या डिजिटल माध्यम से किया जा सकेगा। आवेदन ग्राम पंचायत, वार्ड सदस्य, कार्यक्रम अधिकारी या अधिकृत पोर्टल पर किया जा सकेगा। आवेदन की रसीद भी अनिवार्य रूप से मिलेगी। भास्कर : फर्जीवाड़ा रोकने के लिए क्या प्रावधान? सत्यानी : फर्जी हाजिरी और भ्रष्टाचार रोकने के लिए सरकार फेस-बेस्ड (चेहरे की पहचान) अटेंडेंस अनिवार्य कर दी है। फेस-बेस्ड अटेंडेंस से काफी हद तक फर्जीवाड़ा रोकने में मदद मिली है। भास्कर : नई स्कीम में कौन आवेदन कर सकता है? सत्यानी : कोई भी व्यस्क व्यक्ति जिसकी उम्र 18 साल से ज्यादा है, वह आवेदन कर सकता है। सरकार रोजगार की गारंटी देगी। रोजगार नहीं मिलने की स्थिति में मुआवजा दिया जाएगा। भास्कर : गांवों में किस तरह के काम होंगे? कितने बजट का प्रावधान है? सत्यानी : गांवों में पहले कच्चे काम होते थे। अब चारागाह, पौधारोपण, तालाब, स्कूल बाउंड्री और भवन निर्माण के काम कर सकते हैं। इसके लिए हमने सरकार के सभी विभागों कह रखा है कि लेबर हमारे पास है, काम में ले सकते हैं। इस बार केंद्र एवं राज्य सरकार ने 9 महीने के लिए 1250 करोड़ का ज्यादा बजट दिया है। पहले हमें मनरेगा में इतना बजट नहीं मिला था। हमारे पास कुल एक्टिव जाॅब कार्ड 98 लाख हैं। योजना का क्रियान्वयन 60:40 के अनुपात में होगा, यानी केंद्र 60 फीसदी पैसा देगा और राज्य सरकार को 40 फीसदी वित्तीय भार उठाना पड़ेगा। भास्कर : मॉनिटरिंग कैसे और कौन करेगा? सत्यानी : स्टेट लेवल से मॉनिटरिंग होगी। जिला कलेक्टर की ही स्कीम को रन करने की जिम्मेदारी होगी। प्लानिंग गांव लेवल से होगी। स्कीम में जीपीएस, मोबाइल आधारित उपस्थिति, रियल-टाइम डैशबोर्ड और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग किया जाएगा। ———-

कोटा में आज चार घंटे तक बिजली बंद:30 से ज्यादा इलाकों में होगी कटौती, मेंटेनेंस के चलते नहीं होगी सप्लाई

कोटा शहर में बिजली की लाइनों के मेंटेनेंस कार्य के चलते आज सुबह से शाम तक कई इलाकों में बिजली कटौती रहेगी। निजी बिजली कंपनी की ओर से यह शटडाउन लिया गया है ताकि लाइनों और ट्रांसफॉर्मरों का रखरखाव किया जा सके। इस दौरान तकनीकी टीमों द्वारा वायरिंग, पोल और फीडर की जांच का कार्य किया जा रहा है। कंपनी ने नागरिकों से अपील की है कि वे आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें और सहयोग बनाए रखें। मेंटेनेंस पूरा होते ही प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी। इन इलाकों में की जाएगी बिजली कटौती सुबह 8:30 बजे से 11:30 बजे तक: टीचर्स कॉलोनी, मीरा मार्केट, केशवपुरा सेक्टर 4 इलाकों में 3 घंटे बिजली कटौती रहेगी। सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक: साबरमती हरिजन बस्ती इलाकों में 3 घंटे बिजली कटौती रहेगी। सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक: देवली अरब रोड, मानसरोवर, देवली अरब, गणेश नगर, अमृत धाम, शगुन विला, अश्विनी नगर, अमृत धाम, श्रीराम नगर टेम्पोस्टैंड क्षेत्र, सरकारी स्कूल, श्रीराम नगर सामुदायिक भवन, श्रीरामनगर कच्ची बस्ती, श्रीराम रेयॉन्स कॉलोनी, राधा कृष्ण मंदिर श्रीरामनगर, चाणक्य नगर, लक्ष्मी विहार, शुवांगन कॉलोनी, रायपुरा पेट्रोल पंप, रामप्रसाद बिस्मिल स्कूल, गणपति विहार, रिद्धि सिद्धि, आरके धाम, राधे विहार, लक्ष्मी विहार, मेरी कॉलोनी, धन-धन सतगुरू कॉलोनी, गायत्री विहार 1,2,3, कौटिल्य नगर, नारायण विहार 1,2,3, कनक विहार, श्री जी विहार इलाकों में 4 घंटे बिजली कटौती रहेगी। दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक:केशवपुरा सेक्टर 4 और 6, केशव मार्केट, पटेल मार्केट इलाकों में 2 घंटे बिजली कटौती रहेगी। दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक: 120 फीट रोड देवली अरब इलाके में 4 घंटे बिजली कटौती रहेगी। दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक:अपेक्षा विहार, खाटूश्याम रेजीडेंसी, लक्ष्मीचंद, मारुति नंदन रेजीडेंसी, मीराबाई आवासीय योजना, नारायण विहार, नोहरा रोड इलाकों में 3 घंटे बिजली कटौती रहेगी।

श्रीगंगानगर में 3 ट्रक आपस में भीड़े:2 क्रेन-जेसीबी से कैबिन काटकर बचाई ड्राइवर की जान, नींद की झपकी आने से हुआ हादसा

श्रीगंगानगर में नेतेवाला गांव के पास रीको मोड़ पर शुक्रवार रात 10:30 बजे तीन ट्रकों की जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में एक ड्राइवर को तो तुरंत बचाया गया, लेकिन दूसरे ड्राइवर के कैबिन में बुरी तरह फंस जाने के कारण उसे बाहर निकालने के लिए दो क्रेन, एक जेसीबी और जनरेटर मंगवाने पड़े। करीब ढाई से तीन घंटे की लगातार मशक्कत के बाद रात 1:10 बजे कैबिन काटकर घायल ड्राइवर को बाहर निकाला गया और उसकी जान बचाई जा सकी। पुलिस और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सूरतगढ़ तहसील क्षेत्र की सीमेंट फैक्ट्री से सीमेंट लादकर पंजाब जा रहा ट्रक, खाली लौट रहे ट्रक और पीछे आ रहे एक अन्य ट्रक के बीच चेन रिएक्शन में भयंकर भिड़ंत हुई। खाली ट्रक का चालक नेतेवाला से रीको मोड़ की ओर जाते समय झपकी आ जाने के कारण अनियंत्रित हो गया। एक्सीडेंट बचाने के चक्कर में उसने तेज कट मारा, जिससे ट्रक असंतुलित होकर पलट गया। इस दौरान सीमेंट लोडेड ट्रक और पीछे आ रहे ट्रक में आमने-सामने की टक्कर हो गई। दोनों ट्रक इस कदर फंस गए कि एक का कैबिन पूरी तरह टूटकर अलग हो गया। दूसरे ट्रक का चालक कैबिन में बुरी तरह फंस गया। उसके पैरों पर गंभीर चोटें आईं और वह दर्द से चीख-चीखकर मदद मांग रहा था। आसपास के नेतेवाला गांव और ढाणियों के लोग धमाके की आवाज सुनकर घटनास्थल पर पहुंच गए, लेकिन बिना भारी उपकरणों के वे कुछ नहीं कर पाए। सदर थाना और रीको चौकी की पुलिस भी तुरंत मौके पर पहुंच गई। 108 एंबुलेंस की टीम ने पहले घायल ड्राइवर को तुरंत जिला अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती कराया। इसके बाद दो क्रेन, जेसीबी और जनरेटर की मदद से फंसे ड्राइवर के कैबिन को काटा गया। रात 1:10 बजे उसे बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। घायलों में ऐलनाबाद के गांव धर्मपुरा निवासी लवप्रीत सिंह (30) जिनके पूरे शरीर पर चोटें आई हैं, हालांकि वे खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं। दूसरे ड्राइवर के पैरों पर ज्यादा गंभीर चोटें हैं। एक्सीडेंट के कारण रात को करीब 2 बजे तक सड़क पर भारी जाम लगा रहा। वहीं, 108 के नर्सिंगकर्मी पायलट संदीप व शिव चौधरी लगातार घायलों को ट्रकों से बाहर निकालकर हॉस्पिटल में पहुंचाने को लगे रहे। हादसे के बाद सड़क पर दोनों ट्रक लटके हुए नजर आए, जिससे आसपास हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। यह हादसा थकान और झपकी के कारण हुआ माना जा रहा है। फिलहाल पुलिस जांच कर रही है।

भीलवाड़ा में आज तीन घंटे बिजली बंद:सुबह 8 बजे से 12 बजे तक रहेगी कटौती, जानें कौन-कौन से क्षेत्र होंगे प्रभावित

भीलवाड़ा में में विद्युत रखरखाव (मेंटेनेंस) कार्य के चलते शनिवार को कई क्षेत्रों में तीन से चार घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे निर्धारित समय से पहले अपने आवश्यक कार्य पूरे कर लें, ताकि बिजली कटौती के दौरान किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़े। चार घंटे तक इन क्षेत्रों में रहेगी बिजली बंद एवीएनएल के सहायक अभियंता नीरज शर्मा ने बताया कि शनिवार को 11 केवी राजपूत कॉलोनी फीडर पर रखरखाव कार्य किया जाएगा। इसके चलते सुबह 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक मदर टेरेसा स्कूल के सामने का क्षेत्र, गँवारिया बस्ती, पालड़ी रोड, शिव मंदिर, देवनारायण मंदिर, राम मंदिर, आलोक स्कूल, टेम्पो स्टैंड, ई सेक्टर, सुभाष नगर, बाबा रामदेव मंदिर, 5 सेक्टर, आरसी व्यास और शिवजी गार्डन सहित आसपास के क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। इन क्षेत्रों में तीन घंटे रहेगा पावर कट इसी प्रकार 11 केवी स्वागत फीडर पर भी मेंटेनेंस कार्य के कारण दोपहर 1 बजे से शाम 4 बजे तक अपोलो कम्पनी, स्वराज, डी.एस. सलज, राज सलज, सुदर्शन, सीमा सलज, सिल्वर फेब्रिक, एमबी टेक्स, साधना, समर्पण तथा आसपास के संबंधित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। विभाग की अपील विद्युत विभाग ने सभी उपभोक्ताओं से अनुरोध किया है कि वे निर्धारित पावर कट से पहले अपने जरूरी कार्य निपटा लें। विभाग का कहना है कि रखरखाव कार्य पूरा होने के बाद बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी।

पति की हत्या करके बाथरूम में दफनाया, फर्श बनवाई:उसी पर नहाती रही, 45 दिन बाद खुलासा; बोली- मारता था, इसलिए मार डाला

आगरा में महिला ने पति की हत्या कर शव को घर के बाथरूम में दफना दिया। ऊपर से फर्श बनवा दी और उसी बाथरूम में रोजाना नहाती रही। 45 दिनों तक पुलिस और घरवालों को गुमराह किया। जांच के दौरान महिला पुलिस के साथ CCTV फुटेज देखती रही और रोने का नाटक करती रही।

महिला के जेठ को उसके व्यवहार से शक हो गया। उसने महिला से कहा कि अगर कोई परेशानी हो तो वह साथ देगा। इसके बाद महिला ने जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर बाथरूम का फर्श तोड़ा, जहां से केवल कंकाल बरामद हुआ। महिला ने पुलिस को बताया कि पति शराब पीकर मारपीट करता था। इसलिए उसने खीर में 18 से ज्यादा नींद की गोलियां मिलाकर पति को खिलाईं, जिससे उसकी मौत हो गई। इसके बाद उसने जेठ को फोन कर राजस्थान से बुलाया और दोनों बच्चों और सास को घर से भेज दिया। फिर शव को कमरे से खींचकर बाथरूम में ले जाकर गड्ढा खोदकर दफना दिया। इसके बाद जेठ को बताया कि पति उससे झगड़ा कर 5 हजार रुपए लेकर चला गया है। फिर वह खुद भी राजस्थान चली गई। आठ दिन बाद लौटकर उसने मजदूर बुलवाए और बाथरूम का फर्श बनवा दिया। सुरेंद्र शर्मा मूल रूप से राजस्थान के भरतपुर के रहने वाले थे। वे आगरा में पत्नी, बच्चों और मां के साथ रहते थे। 4 तस्वीरें देखिए… पति की हत्या करके बच्चों-सास को राजस्थान भेजा राजस्थान के भरतपुर के रहने वाले सुरेंद्र कुमार शर्मा (44) सिकंदरा के दहतोरा स्थित रेणुका धाम कॉलोनी में रहते थे। उनकी शादी साल 2010 में रूबी से हुई थी। रूबी इटावा की रहने वाली है। उनकी दो बेटियां रिद्धी (13) और सिद्धी (9) हैं। सुरेंद्र के साथ उनकी मां कमला भी रहती थीं। उन्हें आंखों से कम दिखाई देता है। उनके पिता राधेश्याम शर्मा शिक्षक थे। उनकी कुछ साल पहले मौत हो चुकी है। बड़े भाई अनिल शर्मा ने बताया कि सुरेंद्र और रूबी के बीच अनबन रहती थी। 18 मई की सुबह 9-10 बजे रूबी का उनके पास फोन आया था। वह कह रही थी कि घर में पुलिस का कोई केस बन गया है, आप मम्मी और दोनों बच्चों को यहां से ले जाओ। मैंने उससे पूरी बात पूछी, लेकिन उसने कुछ बताया नहीं, बस तीनों को ले जाने के लिए कहा। रूबी ने यह भी कहा कि घर मत आना, मैंने तीनों को पास की दुकान पर बैठा दिया है, वहीं से ले जाना। मैं भरतपुर से आनन-फानन में आगरा पहुंचा और बच्चों और मां को लेकर आगरा आ गया। मैं तीनों को लेकर घर पहुंचने वाला था, तभी रूबी का फिर से फोन आया। तब उसने कहा कि सुरेंद्र जबरदस्ती ताला खुलवाकर पैसे लेकर और लड़ाई करके चले गए हैं। 5 हजार रुपये ले गए हैं। यह कह गए हैं कि 2–3 दिन में फोन करके बताएंगे कि वह कहां हैं।
पुलिस के साथ पति को खोजती रही, रोने का नाटक भी करती अनिल ने बताया-19 मई की शाम को रूबी ने फिर मुझे फोन किया। कहा कि यहां मेरा मन नहीं लग रहा, मुझे भी बच्चों के पास ले जाओ। 19 मई को मैं आगरा पहुंचा और रूबी को राजस्थान लेकर आया। रूबी और उसके दोनों बच्चे लगभग 7–8 दिन उसके घर पर रहे। 7-8 दिनों तक सुरेंद्र का पता नहीं चला तो 26 मई को मैंने भाई सुरेंद्र शर्मा की गुमशुदगी दर्ज कराई। रूबी पूरे परिवार और पुलिस को गुमराह करती रही। वह पुलिस के साथ पति की खोजबीन करती थी और बीच-बीच में रोने भी लगती थी। इस पर मुझे रूबी पर शक होने लगा। शुक्रवार सुबह मैंने रूबी से कहा कि रोने से परेशानी दूर नहीं होगी। कोई बात है तो मुझे बता दो। तू फंस रही है तो मुझे बता दे… मैं तुझे बचा लूंगा… तेरे ऊपर आंच नहीं आने दूंगा। इस पर रूबी पिघल गई और पति को दफनाने का सच बता दिया। पुलिस ने फर्श तोड़ा तो लाश गल चुकी थी, सिर्फ कंकाल मिला
शुक्रवार दोपहर 12 बजे जेठ ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस टीम पहुंची और 5 मजदूर बुलवाए। मजदूरों ने 20 मिनट में फर्श तोड़ा। इसके बाद गड्ढा खोदा। देखा तो लाश गल चुकी थी, सिर्फ कंकाल बचा था। इसलिए शुक्रवार को पोस्टमार्टम नहीं हो पाया। शनिवार को कंकाल की फॉरेंसिक जांच होगी। इसके लिए 5 सदस्यीय टीम बनाई जाएगी। महिला बोली- मारता-पीटता था, इसलिए मार डाला
महिला रूबी ने पुलिस को बताया कि पति शराब पीते थे और उसे अक्सर मारते-पीटते रहते थे। इससे वह परेशान हो गई थी। इसी वजह से उसने उन्हें ठिकाने लगाने का प्लान बनाया। 17 मई की रात को 18 से अधिक नींद की गोलियां खीर में मिलाकर खिलाईं।
उसने बताया कि 18 मई की सुबह पति बेड पर मृत मिले। यह देखकर वह घबरा गई। फिर जेठ के साथ बच्चों को भेज दिया। इसके बाद कमरे से शव को खींचते हुए बाथरूम में ले आई। फावड़े से गड्ढा खोदा, जिसमें करीब 40 मिनट लगे। इसके बाद उसने शव को दफना दिया।

एसीपी अमीषा सिंह ने बताया- 26 मई को सुरेंद्र शर्मा की गुमशुदगी दर्ज की गई थी। जांच में पता चला कि पत्नी ने ही उसकी हत्या की थी। आरोपी महिला को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। —————
यह खबर भी पढ़िए… आगरा में एक महिला ने अपने पति की हत्या की, फिर उसकी लाश घर के बाथरूम में ही दफना दी। किसी को इस बात का पता न चले, इसके लिए बाथरूम में लाश के ऊपर टाइल्स लगवा दीं। 45 दिन तक लोगों से कहती रही कि पति लापता है। शुक्रवार को जब पुलिस वेरिफिकेशन करने पहुंची, तो महिला घबरा गई और पूछताछ में उसने जुर्म कबूल कर लिया।पूरी खबर पढ़ें

पाली सिटी डिस्पेंसरी को मिले नए प्रभारी:डॉक्टर रॉयमोन जोसेफ ने संभाला कार्यभार

पाली के नाडी मोहल्ला सिटी डिस्पेंसरी में डॉ. रॉयमोन जोसेफ ने वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी एवं प्रभारी के रूप में कार्यभार शुक्रवार को ग्रहण किया। डॉ. जोसेफ के कार्यभार ग्रहण करने पर डिस्पेंसरी के स्टाफ और स्थानीय नागरिकों ने उनका स्वागत करते हुए सफल एवं जनसेवापूर्ण कार्यकाल की शुभकामनाएं दी। उनके आने से मरीजों को चिकित्सा सेवाओं का और बेहतर लाभ मिलेगा। कार्यभार संभालने के बाद डॉ. जोसेफ ने कहा कि डिस्पेंसरी में आने वाले प्रत्येक मरीज को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना तथा राज्य सरकार की जनकल्याणकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ जरूरतमंदों तक पहुंचाना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी। बता दे कि डिस्पेंसरी में नियमित डॉक्टर लगाने की मांगवको लेकर पहले भी स्थानीय लोगों में विरोध प्रदर्शन किया था। तब तय किया गया था कि वीक के सभी दिन अलग अलग डॉक्टर अपनी सेवाएं यहां डिस्पेंसरी ने देंगे।

पाली के अक्षय राजपुरोहित का ICC दुबई में चयन:एशिया डेवलपमेंट ऑफिसर बने, परिवार में खुशी का माहौल

पाली जिले के शिवतलाव के रहने वाले एडवोकेट सुमेरसिंह राजपुरोहित के बेटे अक्षय राजपुरोहित का चयन विश्व क्रिकेट की सर्वोच्च संस्था International Cricket Council (ICC) के दुबई स्थित मुख्यालय में एशिया डेवलपमेंट ऑफिसर (Asia Development Officer) के पद पर हुआ है। अक्षय इससे पहले Asian Football Confederation (AFC), मलेशिया में लॉ ऑफिसर के पद पर अपनी सेवाएं दे रहे थे। खेल प्रशासन एवं खेल कानून के क्षेत्र में उनके अनुभव को देखते हुए उन्हें अब ICC में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। अक्षय विश्व फुटबॉल की सर्वोच्च संस्था FIFA (FIFA) तथा All India Football Federation (AIFF) में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। खेल प्रशासन, विधिक मामलों और अंतरराष्ट्रीय खेल संगठनों में उनके अनुभव ने उन्हें वैश्विक स्तर पर अलग पहचान दिलाई है। उनकी इस उपलब्धित पर परिवार में खुशी का माहौल है।

ब्यूटी पार्लर में 'टोटका' करना पड़ा भारी:मदन दिलावर खुद भूले 'नियम'; क्या है राजस्थान यूनिवर्सिटी में 'VC टैक्स'?

नमस्कार राजस्थान यूनिवर्सिटी में VC टैक्स की बड़ी चर्चा है। शिक्षामंत्रीजी ने सरकारी टीचर्स को खूब उपदेश दिए और खुद नियम भूल गए और धंधा अगर मंदा चले तो सोच-समझकर टोटका करना चाहिए। राजनीति और ब्यूरोक्रेसी की ऐसी ही खरी-खरी बातें पढ़िए, आज के इस एपिसोड में.. 1. राजस्थान यूनिवर्सिटी में क्या है ‘VC टैक्स’? अगली क्रांति अगर हुई तो न हथियार से होगी और न व्यापार से। क्रांति का नया हथियार कला होगी। एक वक्त था जब विश्वविद्यालयों में अपनी राजनीति चमकाने के लिए युवा हाथ में जूता लेकर घूमते थे। हो-हल्ला, हुड़दंग, मारपीट और नारेबाजी कर अपनी ताकत दिखाया करते थे। जिसको पुलिस ने सड़क पर पटककर घसीट लिया, उसकी जीत पक्की। लेकिन अब कला का काल है। छात्रनेता कला यानी आर्ट का महत्व और मारक क्षमता समझते हैं। एक छात्रनेता राजस्थान विश्वविद्यालय में छात्रसंघ चुनाव कराने की मांग का झंडा उठाए हुए हैं। इसके लिए वे छात्रों के मुद्दों को कलात्मक तरीके से उठाते हैं। कभी यूनिवर्सिटी में आ रहे पेयजल को फ्लोटमीटर से मापते हैं। कभी चाय बनाकर अधिकारियों के केबिन तक कुल्हड़ ले जाते हैं। कभी लाइब्रेरी इंचार्ज का फ्रीज छात्रों के लिए उठा लाते हैं। इस बार छात्रों के बैक लगने और पुनर्मूल्यांकन के नाम पर मोटी फीस लिए जाने पर उन्होंने नाटक का सहारा लिया। नाटक में मुख्य पात्र निभाते हुए नया एडमिशन लेने वाले स्टूडेंट्स को बता रहे हैं कि फीस के नाम पर हो रही उगाही ही वाइस चांसलर टैक्स यानी वीसी टैक्स है। 2. शिक्षा मंत्रीजी ने ‘उन’ शिक्षकों को कहा निकम्मा टोंक में शिक्षा मंत्रीजी समाज के कार्यक्रम में पहुंचे थे। शिक्षा और संस्कार की बातें करने लगे। पहले तो बताया कि किस तरह सरकारी स्कूलों ने रिकॉर्ड प्रदर्शन किया और सरकारी स्कूलों के बच्चे किस तरह मैरिट में आए हैं। जनता समझ गई कि यह शिक्षा मंत्रीजी की ही लीला है, उन्हीं के कारण शिक्षा का उद्धार और कायाकल्प हुआ है। इसके बाद शिक्षामंत्रीजी बताने लगे कि किस भांति सरकारी अध्यापकों ने शिक्षा का बेड़ा गर्क कर रखा है। अध्यापक गुटखा खाते हैं, शराब पीते हैं। उनकी सूची बनाएंगे। एक-एक मास्टर की आदतों का पता लगाकर रिकॉर्ड रखेंगे ताकि वक्त आने पर उन्हें ‘दूरस्थ-दर्शन’ कराया जा सके। उन्हें निकम्मे मास्टर की परिभाषा देते हुए कहा कि जो मास्टर अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूल में पढ़ाते हैं वे निकम्मे हैं। उन्होंने सिर्फ निकम्मा कहा। वे इसमें नालायक और नकारा भी जोड़ सकते थे। लेकिन एक साथ तीनों शब्दों पर किसी और पेटेंट है। सभा समाप्त हुई। पत्रकारों को भी थोड़ी बहुत मास्टरी आती है। उन्होंने मंत्रीजी की कुंडली निकाली ली। अखबार में खबर छाप दी- मंत्रीजी के खुद के पोते प्राइवेट स्कूलों में पढ़ाई कर रहे हैं। 3. ब्यूटी पार्लर में ‘टोटका’ टोटका करने से अगर धंधा बढ़िया चलता तो फिर भारत दुनिया का सबसे अमीर देश होता और अमेरिका से पूछता- तू क्या है बे? यहां भले शिकंजी बनाते वक्त 80 रुपए पाव वाला नींबू महंगा लगे, लेकिन दुकान पर मिर्ची के साथ लटकाते वक्त यह सस्ता हो जाता है। यहां भले मिट्‌टी के घड़े का रेट 120 रुपए बताने वाले कुंभकार पर लूटने का इल्जाम लगाया जाए, लेकिन चौराहे पर रखते वक्त उस निवेश की याद नहीं आती। यहां हर चौक, चौराहे, सर्किल, फुटपाथ, नाले, जोहड़े, नदी, पहाड़ी, डूंगर, टीले पर कोई न कोई बाबा बैठकर ताबीज बनाता है। धर्म, आस्था और विश्वास की चाशनी में आदमी को लपेटकर कई ठेकेदार अपने चेले-चपेटियों के साथ करोड़ोंपति बन गए और टीवी पर बैठकर उपदेश देते हैं- सज्जनों, कोई उल्लेखनीय बात ध्यान में नहीं आई है। बात चूरू के सादुलपुर की है। ब्यूटी पार्लर का धंधा मंदा चल रहा था। पार्लर पर उसने कुछ लड़कियों को काम पर रखा था। मालिक ने सोचा कि शायद टोटका करने से बात बन जाए। टोटके को लेकर यह बात प्रसिद्ध है कि यह गुप्त रूप से किया जाना चाहिए, तभी फलित होता है। तो इसी नियम का पालन करते हुए मालिक ने लड़कियों के कैंपर से पानी निकाला और अपने कुर्ते की जेब से कुछ टोटकात्मक सामग्री निकाल कर पानी में मिला दी। लड़कियों को पहले से शक था। उन्होंने मालिक पर मोबाइल कैमरा सेट कर रखा था। यह काम भी लड़कियों ने गुप्त रूप से किया था। कैमरे में मालिक की करतूत सामने आ गई। फिर क्या था। लड़कियों ने चंडी का रूप धारण कर लिया। चप्पल उठाई और मालिक की ही हजामत बना दी। पत्रकारों ने गिनकर खबर लिखी- लड़कियों ने 6 मिनट में 43 चप्पलें मारी। इनपुट सहयोग- महावीर बैरवा (टोंक), नरेश भाटी (चूरू), विजय कुमार (बाड़मेर)। वीडियो देखने के लिए सबसे ऊपर फोटो पर क्लिक करें। अब कल सुबह 7 बजे मुलाकात होगी।