किश्त बकाया बताकर युवकों ने हाईवे पर बस रोकी:कार लगाकर यात्रियों को बीच हाइवे उतारा, हाथापाई का आरोप
दौसा में जयपुर-आगरा नेशनल हाईवे-21 पर गुरुवार को उस समय यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई, जब कार सवार तीन युवकों ने बीच रास्ते एक प्राइवेट बस को रुकवा लिया। युवकों ने खुद को बैंककर्मी बताते हुए बस की किश्तें बकाया होने की बात कही और बस को अपने कब्जे में ले लिया। घटना सदर थाना क्षेत्र के कांदोली गांव के पास हुई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी जुटाई। कार लगाकर बीच रास्ते रुकवाई बस जानकारी के अनुसार यूपी के फर्रुखाबाद से जयपुर जा रही एक प्राइवेट बस को कांदोली गांव के पास कार सवार तीन युवकों ने रोक लिया। आरोप है कि युवकों ने फिल्मी अंदाज में बस के आगे कार लगाकर उसे रुकवाया। तीनों युवकों ने खुद को बैंककर्मी बताते हुए कहा कि बस की ईएमआई की किश्तें बकाया हैं। इसके बाद उन्होंने बस को अपने कब्जे में ले लिया। ड्राइवर से चाबी छीनी, यात्रियों को उतारा आरोप है कि युवकों ने बस ड्राइवर से चाबी छीन ली और बस में सवार यात्रियों को जबरन नीचे उतार दिया। इस दौरान बस स्टॉफ और युवकों के बीच कहासुनी और हाथापाई भी हुई। घटना के दौरान यात्रियों ने विरोध जताते हुए हंगामा किया, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई और बस को खड़ा करवा दिया गया। महिलाएं और बच्चे हुए परेशान बस रुकने के बाद यात्री सड़क किनारे खड़े रहे। इस दौरान कई महिलाएं छोटे बच्चों के साथ परेशान नजर आईं। यात्रियों ने पुलिस से उन्हें उनके गंतव्य तक पहुंचाने की मांग की। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस विवाद की सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ड्राइवर व कंडक्टर से मामले की जानकारी ली। इसके बाद पुलिस उस परिसर में भी पहुंची, जहां बस को खड़ा किया गया था। वहां पुलिस ने फाइनेंस रिकवरी से जुड़े लोगों से भी जानकारी ली। पुलिस कर रही कानूनी पहलुओं की जांच ड्यूटी अधिकारी ओमप्रकाश ने बताया कि रिकवरी करने वाले लोग बस की दो किश्तें बकाया होने का दावा कर रहे हैं। इसी कारण उन्होंने बस को रोका है। उन्होंने बताया कि पुलिस दोनों पक्षों से बातचीत कर मामले की जानकारी जुटा रही है और समझाइश के प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि बस में सवार यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाया जा सके। फिलहाल पुलिस मामले के कानूनी पहलुओं की जांच कर रही है।

