कपड़े-बर्तन बेचने के बहाने रेकी करते, रात में चोरी:राजस्थान समेत कई राज्यों में था नेटवर्क, 20 तोला सोना और कार बरामद
श्रीगंगानगर पुलिस ने चार महीने की मशक्कत के बाद दीवार फांदकर घरों में चोरी करने वाली अंतरराज्यीय गैंग का पर्दाफाश किया है। पदमपुर थाना पुलिस ने राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में सक्रिय गैंग के चार बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी के 20 तोला सोने के जेवरात और वारदात में इस्तेमाल की गई कार भी बरामद की है। पदमपुर थाना प्रभारी सुमन जयपाल ने बताया – 18 फरवरी की रात पदमपुर निवासी अमित छाबड़ा के घर में चोरी हुई थी। रात 12 बजे से सुबह 4 बजे के बीच बदमाश दीवार फांदकर घर में घुसे और कमरे का ताला व संदूक काटकर करीब 22-23 तोला सोने के जेवरात और दो लाख रुपए नकद चोरी कर ले गए। इस वारदात से पूरे इलाके में दहशत फैल गई थी। 500 CCTV और 50 टोल प्लाजा के कैमरों से मिला सुराग मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला पुलिस अधीक्षक हरीशंकर ने एएसपी रायसिंहनगर रामेश्वर लाल और श्रीकरणपुर सीओ पुष्पेंद्र सिंह के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की। टीम ने लगातार चार महीने तक जांच की। करीब 500 सीसीटीवी फुटेज, 50 टोल नाकों के कैमरों की रिकॉर्डिंग और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण किया गया। इसके बाद राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में छापेमारी कर गैंग के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान चरल उर्फ दलेर (60) निवासी गोकुलपुर, तरनतारन (पंजाब), शंभू उर्फ जावर (35) निवासी मुरादपुरा, तरनतारन (पंजाब), कालीराम उर्फ बरंटू (52) निवासी रामामंडी, जालंधर (पंजाब) और अजय उर्फ अक्षय (25) निवासी फिरोजपुर (पंजाब) के रूप में हुई है। दिन में रेकी, रात में नंगे पैर घरों में घुसकर करते थे चोरी पूछताछ में खुलासा हुआ कि गैंग के सदस्य गांवों में कपड़े और बर्तन बेचने के बहाने घूमते थे। इसी दौरान वे घरों की रेकी कर आसान निशाने चुनते थे। रात में नंगे पैर घरों में घुसकर चोरी करते और वारदात के बाद अपनी झुग्गी-झोपड़ी हटाकर दूसरे इलाके में शिफ्ट हो जाते थे, जिससे पुलिस के लिए उनका सुराग लगाना मुश्किल हो जाता था। चारों पर पहले से दर्ज हैं कई आपराधिक मामले पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक मुख्य आरोपी चरल उर्फ दलेर पर 7, शंभू उर्फ जावर पर 7, कालीराम उर्फ बरंटू पर 5 और अजय उर्फ अक्षय पर 6 आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं। पुलिस अब आरोपियों से अन्य राज्यों में की गई चोरी की वारदातों के बारे में भी पूछताछ कर रही है।

