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अम्मा जी मंदिर परिसर पर कब्जे का आरोप:श्रद्धालुओं ने की प्रशासन से कार्रवाई की मांग

धौलपुर शहर के संतर रोड स्थित अम्मा जी मंदिर परिसर में सार्वजनिक स्थान पर कब्जे को लेकर श्रद्धालुओं और क्षेत्रवासियों में नाराजगी है। उनका आरोप है कि मंदिर के सार्वजनिक उपयोग वाले हिस्से पर कब्जा कर उसे किराए पर दे दिया गया है, जिससे पूजा-अर्चना, परिक्रमा और सामाजिक कार्यक्रमों में बाधा आ रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, मंदिर परिसर वर्षों से आमजन के लिए खुला था, जहां आर्थिक रूप से कमजोर परिवार धार्मिक और सामाजिक कार्यक्रम आयोजित करते थे। अब परिसर का बड़ा हिस्सा किराए पर दिए जाने के कारण आम लोगों की पहुंच सीमित हो गई है। श्रद्धालुओं ने मंदिर के परिक्रमा मार्ग में गोदाम बनाए जाने का भी आरोप लगाया है, जिससे परिक्रमा करने में परेशानी हो रही है।
श्रद्धालुओं का यह भी आरोप है कि जब उन्होंने इस संबंध में मंदिर के पुजारी से शिकायत की, तो उनके साथ अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज की गई। क्षेत्रवासियों ने इस पूरे मामले की शिकायत नगर पालिका में भी की है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कराने और यदि सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण या नियमों का उल्लंघन पाया जाता है, तो नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है। उनकी मांग है कि मंदिर परिसर को पुनः श्रद्धालुओं और आमजन के सार्वजनिक उपयोग के लिए उपलब्ध कराया जाए।

बारां में बिजली कर्मचारी की करंट लगने से मौत:परिजनों ने की मुआवजा, नौकरी मांगी; अधिकारियों की समझाइश पर माने

बारां शहर में बिजली के खंभे पर काम करते समय करंट लगने से एक संविदा कर्मचारी की मौत हो गई। घटना मंगलवार शाम को कोतवाली थाना क्षेत्र के समसपुर निवासी कमल प्रजापति (28) के साथ हुई। वह बिजली निगम की एफआरटी टीम में संविदा कार्मिक के तौर पर कार्यरत था। पुलिस के अनुसार, कमल प्रजापति मंगलवार शाम को श्योपुरियान की मस्जिद के पास एक बिजली के खंभे पर लाइन दुरुस्त कर रहा था। इसी दौरान उसे अचानक करंट का झटका लगा और वह बेकाबू होकर नीचे गिर गया। हादसे के बाद मौके पर भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों और अन्य कर्मचारियों ने उसे तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। बुधवार सुबह बड़ी संख्या में परिजन और ग्रामीण अस्पताल परिसर में एकत्रित हो गए। उन्होंने पीड़ित परिवार को आर्थिक मुआवजा और मृतक आश्रित को संविदा पर नौकरी दिलवाने की मांग करते हुए शव लेने से इनकार कर दिया। सूचना मिलने पर निगम के अधिकारी मौके पर पहुंचे और परिजनों से समझाइश की। अधिकारियों ने उन्हें उचित मदद दिलवाने का आश्वासन दिया। काफी समझाने के बाद दोपहर करीब 12 बजे परिजन शव लेने को राजी हुए। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया और उनकी रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

सरकारी खरीद में बढ़ेगी SC/ST उद्यमियों की भागीदारी:जयपुर में 280 से ज्यादा उद्यमियों को योजनाओं की जानकारी दी

सरकारी खरीद में अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के उद्यमियों की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से जयपुर में उद्यमी जागरूकता एवं विशेष विक्रेता विकास कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 280 से अधिक उद्यमियों को सरकारी खरीद प्रक्रिया, केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं, वित्तीय सहायता और कारोबार बढ़ाने के अवसरों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का आयोजन सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्रालय के नेशनल एससी-एसटी हब और डिक्की राजस्थान चैप्टर की ओर से झालाना स्थित डॉ. अंबेडकर मेमोरियल वेलफेयर सोसायटी में किया गया। कार्यक्रम में केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों, बैंकों और औद्योगिक संस्थानों के अधिकारियों ने हिस्सा लेकर उद्यमियों का मार्गदर्शन किया। सरकारी योजनाओं और खरीद प्रक्रिया की दी जानकारी कार्यक्रम का उद्घाटन एमएसएमई मंत्रालय की संयुक्त सचिव मर्सी एपाओ ने किया। इस दौरान एनएसआईसी के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक एस.एस. आचार्य, डिक्की के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संजीव डांगी, उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य रोलिंग स्टॉक इंजीनियर शशि किरण, नेशनल एससी-एसटी हब के महाप्रबंधक उमेश दीक्षित और राजस्थान-गुजरात प्रभारी कुलदीप सिंह राजपूत सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। डिक्की राजस्थान चैप्टर के अध्यक्ष देवकीनंदन गोधा ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों से SC/ST उद्यमियों को सरकारी योजनाओं, बड़े उद्योगों और सरकारी खरीद प्रणाली से जुड़ने का अवसर मिलता है। उन्होंने युवाओं, महिला उद्यमियों और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों से सरकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की। पंजीकरण से लेकर बैंक ऋण तक की प्रक्रिया बताई तकनीकी सत्रों में उद्योग विभाग, सरकारी ऑनलाइन खरीद पोर्टल (GeM), भारतीय रेलवे, एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड, न्यूक्लियर पावर कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया, भारतीय खाद्य निगम, राजस्थान इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंस्ट्रूमेंट्स लिमिटेड, सिपेट, भारतीय स्टेट बैंक और यस बैंक के विशेषज्ञों ने सरकारी खरीद नीति, विक्रेता पंजीकरण, ऑनलाइन निविदा प्रक्रिया, गुणवत्ता मानकों, बैंक ऋण और वित्तीय सहायता से जुड़ी जानकारी दी। उद्यमियों के सवालों के जवाब भी दिए गए। मौके पर ही पंजीकरण की सुविधा कार्यक्रम स्थल पर उद्यमियों की सुविधा के लिए उद्यम पंजीकरण, सरकारी खरीद पोर्टल पर पंजीकरण, विक्रेता पंजीकरण और ऑनलाइन निविदा प्रक्रिया के लिए सहायता केंद्र भी बनाया गया। यहां विशेषज्ञों ने मौके पर ही पंजीकरण और तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई। कार्यक्रम में जयपुर और आसपास के जिलों से 280 से अधिक SC/ST उद्यमियों, महिला उद्यमियों, स्टार्टअप, स्वयं सहायता समूहों और युवा उद्यमियों ने भाग लिया। आयोजकों ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से उद्यमियों को सरकारी विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों और वित्तीय संस्थानों से सीधे जुड़ने का अवसर मिलता है, जिससे उन्हें कारोबार बढ़ाने और सरकारी खरीद में अधिक भागीदारी का मौका मिल सके।

टोंक में पूर्व सरपंच के कपड़े उतारे, बाल काटे:ग्रामीणों ने पुलिस के हवाले किया, बोले-बाइक चोरी करते समय पकड़ा

टोंक के नगरफोर्ट थाना क्षेत्र में बॉर्डर एरिया बूंदी के एक गांव के पूर्व सरपंच पर चोरी का आरोप लगाते हुए लोगों ने उसे पकड़ लिया। ग्रामीणों का आरोप है कि वह रायपुरिया गांव में एक मकान से बाइक चुराने की कोशिश कर रहा था। गुस्साए लोगों ने उसकी पिटाई की, कपड़े उतरवाकर कैंची से उसके बाल काट दिए और बाद में उसे पुलिस के हवाले कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व सरपंच पर पहले भी कई चोरी की वारदातों में शामिल रहने के आरोप लग चुका हैं और वह कई बार पकड़ा जा चुका है। फिलहाल नगरफोर्ट पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। घटना रायपुरिया गांव में 5 जुलाई को हुई, जिसका वीडियो अब सामने आया है। पढ़ें… पूरा घटनाक्रम 1. बाइक चोरी करते हुए ग्रामीणों ने पकड़ा जानकारी के अनुसार, नगरफोर्ट थाना (टोंक) क्षेत्र के रायपुरिया गांव में बूंदी के बामनगांव (नैनवां सर्किल क्षेत्र) के पूर्व सरपंच अनिल बाल्मिक (30) को एक मकान से बाइक चुराते समय ग्रामीणों ने पकड़ लिया। गुस्साए लोगों ने उसकी पिटाई की, कपड़े उतरवाकर कैंची से उसके सिर के बाल काट दिए और बाद में उसे नगरफोर्ट पुलिस के हवाले कर दिया। 2. सरपंची खत्म होने के बाद चोरी के आरोप अनिल बाल्मिक वर्ष 2015 से 2020 तक बामनगांव ग्राम पंचायत का सरपंच रहा था। ग्रामीणों के अनुसार, पद से हटने के बाद वह लगातार चोरी की वारदातों में शामिल रहा है। उनका कहना है कि वह शराब का आदी है और सरपंची का कार्यकाल समाप्त होने के बाद चोरी करने लगा। 3. पहले भी कई बार पकड़ा जा चुका है करीब एक साल पहले चोरी के मामले में ग्रामीणों ने पीछा कर आरोपी पूर्व सरपंच को टोंक से पकड़ा था। मोबाइल बरामद कर नैनवां पुलिस को सौंप दिया था। तलाशी में उसके पास से बटनदार चाकू भी मिला था, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जमानत पर छूटने के बाद वह फिर चोरी करने लगा। कुछ दिन पहले बूंदी जिले के नैनवां क्षेत्र के कोलाहेड़ा गांव में भी उसे चोरी करते हुए पकड़ा गया था, जहां ग्रामीणों ने उसे रस्सियों से बांधकर पीटा गया था।

एक साल में डार्क स्टोर्स डेढ़ गुना बढ़े:पेय पदार्थ, आइसक्रीम और फेस केयर की बिक्री सबसे ज्यादा; 1लाख करोड़ का बाजार

देश में क्विक कॉमर्स तेजी से पारंपरिक ई-कॉमर्स को पीछे छोड़ रहा है। इक्विरस कैपिटल की जून 2026 कंज्यूमर सेक्टर रिपोर्ट के मुताबिक, भारत का डिजिटल कॉमर्स बाजार 2026 में 8 लाख करोड़ रुपए का अनुमानित है, जिसमें क्विक कॉमर्स की हिस्सेदारी 1.08 लाख करोड़ रुपए है। सबसे खास बात यह है कि क्विक कॉमर्स सालाना आधार पर 40% की दर से बढ़ रहा है, जो समूचे डिजिटल कॉमर्स की ग्रोथ रफ्तार से दोगुने से भी ज्यादा है। ब्लिंकिट, इंस्टामार्ट और जेप्टो जैसी प्रमुख कंपनियों के डार्क स्टोर नेटवर्क में पिछले एक साल में भारी इजाफा हुआ है। मई 2025 में इन तीनों कंपनियों के मिलाकर 3,405 डार्क स्टोर थे, जो मई 2026 में बढ़कर 5,026 हो गए। यानी महज एक साल में डार्क स्टोर्स की संख्या करीब डेढ़ गुना बढ़ी है। यह आक्रामक विस्तार बताता है कि कंपनियां छोटे शहरों और नए इलाकों में तेजी से पैर पसार रही हैं, ताकि 10-15 मिनट में डिलीवरी का वादा पूरा किया जा सके। रिपोर्ट के अनुसार, इस सीजन में आइसक्रीम, पेय पदार्थ (बेवरेजेज) और फेस केयर उत्पाद क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर सबसे तेज ग्रोथ दिखाने वाली कैटेगरी रहीं। गर्मी के मौसम में इन उत्पादों की मांग स्वाभाविक रूप से बढ़ती है, लेकिन क्विक कॉमर्स ने इस मांग को तुरंत पूरा करने में अहम भूमिका निभाई, जिससे पारंपरिक रिटेल चैनलों पर दबाव बढ़ा है। कमजोर मानसून से ग्रामीण मांग सुस्त पड़ने का खतरा बढ़ा हालांकि कंज्यूमर सेंटीमेंट के लिए एक चिंता की खबर भी है। रिपोर्ट में बताया गया कि 4 जून से 22 जून के बीच देश में सामान्य 97.6 मिलीमीटर के मुकाबले महज 53.1 मिमी बारिश हुई। यानी 46% की भारी कमी। इससे जून 2026 पिछले 146 वर्षों में सबसे सूखे महीनों में शुमार हो गया है। एनालिस्ट्स का मानना है कि अल नीनो की स्थितियां और कमजोर मानसून ग्रामीण आय और मांग पर विपरीत असर डाल सकते हैं, जो एफएमसीजी खपत का एक अहम आधार है। क्विक कॉमर्स – एक नजर में ग्रोथ
पैरामीटर मई 2025 मई 2026 वृद्धि
डार्क स्टोर्स 3,405 5,026 48%
साइज — ₹1.08* 40% साइज लाख करोड़ में, डार्क स्टोर (ब्लिंकिट + इंस्टामार्ट + जेप्टो)

पैगम्बर मोहम्मद पर विवादित टिप्पणी को लेकर विरोध:मुस्लिम समाज के शिष्ट मंडल ने एसपी को सौंपा ज्ञापन, मुकदमा दर्ज करने की मांग

सोशल मीडिया और एक पॉडकास्ट के दौरान इस्लाम व पैगंबर मोहम्मद साहब पर कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणियां करने को लेकर मुस्लिम समाज ने विरोध जताया है। समाज के लोगों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर इसकी शिकायत दी और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर नाजिया इलाही खान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है समाज के लोगों ने आरोप लगाया गया कि नाजिया इलाही खान ने सोशल मीडिया पर ऐसे बयान दिए हैं, जिनसे पैगम्बर मोहम्मद की शान में आपत्तिजनक टिप्पणी की, जिससे समाज की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची है। इन कथित बयानों से सामाजिक सौहार्द्र प्रभावित होने और विभिन्न समुदायों के बीच वैमनस्य फैलने की आशंका है। धार्मिक भावनाएं आहत हुई ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि नाजिया इलाही खान ने स्वयं को सनातनी बताते हुए ऐसे बयान दिए, जिनसे दो समुदायों के बीच शत्रुता और तनाव का वातावरण उत्पन्न हो सकता है। इसके अलावा, उन्होंने कथित रूप से अजमेर स्थित दरगाह के संबंध में भी आपत्तिजनक टिप्पणी की, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। कठोर कार्रवाई की मांग शिकायतकर्ताओं ने पुलिस अधीक्षक से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर नाजिया इलाही खान के विरुद्ध कानूनी धाराओं में मुकदमा दर्ज करते हुए विधिसम्मत एवं कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि सामाजिक सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनी रहे। पढें ये खबर भी… सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर नाजिया खान को पानीपत कोर्ट से नोटिस:27 जुलाई को होना होगा पेश; पैगंबर मोहम्मद पर विवादित टिप्पणी का आरोप

आग पीड़ितों के लिए बढ़े मदद के हाथ:पूर्व विधायक ने दिए ₹21 हजार, सरपंच ने ₹41 हजार और 30 मन अनाज जुटाया

धौलपुर के सैंपऊ थाना क्षेत्र के मठ पिपरीपुरा गांव में भीषण आग से प्रभावित चार परिवारों को सहायता मिलनी शुरू हो गई है। जनप्रतिनिधि और ग्रामीण इन परिवारों की मदद के लिए आगे आए हैं। बाड़ी के पूर्व विधायक गिर्राज सिंह मलिंगा ने पीड़ितों से मुलाकात की। उन्होंने प्रभावित आशा देवी को ₹21 हजार की आर्थिक सहायता प्रदान की। स्थानीय ग्राम पंचायत के सरपंच वेद प्रकाश कुशवाहा ने भी जनसहयोग से ₹41 हजार की सहायता राशि जुटाई। इसके अतिरिक्त, उन्होंने पीड़ित परिवारों के लिए लगभग 30 मन अनाज भी एकत्रित कराया। पूर्व विधायक मलिंगा ने कहा कि आपदा के समय जरूरतमंदों की मदद के लिए सभी को आगे आना चाहिए। उन्होंने बताया कि आग की चपेट में आने से आशा देवी सहित चार परिवारों के घर और गृहस्थी का सारा सामान जलकर राख हो गया है। मलिंगा ने प्रशासनिक अधिकारियों से भी बातचीत कर प्रभावित परिवारों को सरकारी सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। गांव में राहत कार्य जारी है, और स्थानीय लोग भी पीड़ित परिवारों की हरसंभव मदद में लगे हुए हैं।

बांसवाड़ा में तीन मंजिला इमारत का हिस्सा ढहा:सीढ़ियों समेत पूरा स्लैब गिरा, बाजार बंद होने से बड़ा हादसा टला

बांसवाड़ा शहर के तीन मंजिला इमारत का बीच का हिस्सा अचानक ढह गया। हादसे में सीढ़ियों समेत पूरा स्लैब और सीढ़ियों वाले हिस्से की छत गिर गई, हालांकि आसपास की दुकानों को नुकसान नहीं पहुंचा। घटना के समय बाजार बंद होने से कोई जनहानि नहीं हुई। सुबह सूचना मिलते ही मौके पर व्यापारियों और स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। हादसा दाहोद रोड स्थित चेतक कॉम्प्लेक्स के महावीर प्लाजा में रात करीब 1 बजे हुआ। लगातार बारिश को माना जा रहा वजह स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के कारण इमारत का ढांचा कमजोर हो गया था। चेतक व्यापार मंडल के सदस्य कन्हैयालाल जैन ने बताया कि परिसर और आसपास कई दुकानें संचालित होती हैं। यदि यह हादसा दिन में होता, तो यहां सैकड़ों लोगों की आवाजाही रहती और बड़ा नुकसान हो सकता था। एक महीने पहले भी लगी थी आग व्यापारियों ने प्रशासन की लापरवाही पर नाराजगी जताई। उनका कहना है कि कॉम्प्लेक्स में सुरक्षा मानकों की लगातार अनदेखी की जा रही है। करीब एक महीने पहले भी इसी कॉम्प्लेक्स में भीषण आग लगी थी, जिसमें 5 से 6 मोटरसाइकिलें जलकर खाक हो गई थीं। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से दुकानदारों और आसपास रहने वाले लोगों में डर का माहौल है। व्यापारियों ने मांगी सख्त कार्रवाई नगर परिषद बोर्ड नहीं होने के कारण चेतक व्यापार मंडल ने नगर परिषद आयुक्त और जिला प्रशासन से तुरंत दखल देने की मांग की है। व्यापारियों ने कहा है कि कॉम्प्लेक्स के मालिक को नोटिस देकर पूरी इमारत की जांच और मरम्मत करवाई जाए, ताकि लोगों और दुकानदारों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।

मानसून की बारिश के बाद खरीफ सीजन की बुवाई शुरू:डूंगरपुर में 1 लाख 28 हजार हेक्टेयर में बुवाई का लक्ष्य

डूंगरपुर जिले में मानसून की देरी से हुई बारिश के बाद किसानों ने खरीफ फसलों की बुवाई शुरू कर दी है। कृषि विभाग ने इस बार जिले में कुल 1 लाख 28 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलों की बुवाई का लक्ष्य रखा है, जिसमें मक्का और सोयाबीन प्रमुख फसलें हैं। कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक दलीप सिंह ने बताया कि जिले की सबसे प्रमुख फसल मक्का की बुवाई 55,000 हेक्टेयर क्षेत्र में करने का लक्ष्य है। इसके बाद सोयाबीन की बुवाई 45,000 हेक्टेयर क्षेत्र में की जाएगी। इस बार देरी से शुरू हुई बुवाई
जिले के जलभराव और सिंचित क्षेत्रों को देखते हुए 16,000 हेक्टेयर में धान की फसल का लक्ष्य है, जबकि दलहन के अंतर्गत उड़द की बुवाई का लक्ष्य 8,000 हेक्टेयर निर्धारित किया गया है। सिंह ने बताया कि मानसून की बारिश देरी से आने के कारण इस बार बुवाई देर से शुरू हुई है। खाद का पर्याप्त भंडारण
किसानों को बुवाई के दौरान खाद की किल्लत का सामना नहीं करना पड़े, इसके लिए विभाग ने पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित किया है।
संयुक्त निदेशक दलीप सिंह के अनुसार डूंगरपुर जिले में यूरिया खाद की 5 हजार मीट्रिक टन की मांग के मुकाबले 3500 मीट्रिक टन उपलब्ध है। वहीं डीएपी की 500 मीट्रिक टन की मांग के मुकाबले 390 मीट्रिक टन खाद उपलब्ध है।

खैरथल-तिजारा जिले में 30 MM बारिश दर्ज:तापमान में 8 डिग्री गिरावट, रुक-रुककर बूंदाबांदी जारी

खैरथल-तिजारा जिले में बुधवार सुबह झमाझम बारिश से दो दिन से उमस और तेज गर्मी झेल रहे लोगों को बड़ी राहत मिली। सुबह करीब 9 बजे बारिश शुरू हुई। इस दौरान जिले में औसतन 30 मिमी वर्षा दर्ज की गई। बुधवार तड़के से ही बूंदाबांदी का दौर शुरू हो गया था, लेकिन सुबह होते-होते बारिश ने रफ्तार पकड़ ली। खैरथल, किशनगढ़बास, मुंडावर, तिजारा, कोटकासिम, ततारपुर, बीबीरानी, हरसोली, मातोर, इस्माईलपुर और सोडावास सहित जिले के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश हुई। बारिश के बाद तापमान में करीब 8 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। इस पारा 36 डिग्री से लुढ़ककर 28 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। ठंडी हवाओं और लगातार हो रही बारिश से मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया। बारिश ने खोली नगर निकायों के दावों की पोल एक ओर बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत दी, वहीं दूसरी ओर नगर निकायों की सफाई व्यवस्था की हकीकत भी सामने आ गई। खैरथल नगर परिषद, किशनगढ़बास नगर पालिका सहित कई कस्बों की कॉलोनियों और निचले इलाकों में जलभराव हो गया। नालियां उफान पर आ गईं और उनमें जमा गंदगी सड़कों पर बह निकली। कई कॉलोनियों के रास्ते पानी में डूब गए, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं लगातार हो रही बारिश ने किसानों के चेहरों पर मुस्कान लौटा दी है। कृषि जानकारों के अनुसार यह वर्षा खरीफ सीजन की प्रमुख फसलें बाजरा, ज्वार और तिल के लिए बेहद लाभकारी है। खेतों में पर्याप्त नमी बनने से बुवाई और फसलों की शुरुआती बढ़वार को मजबूती मिलेगी, वहीं किसानों का सिंचाई खर्च भी कम होगा।