बहू को बचाने नहर में कूदा जेठ, दोनों की मौत:तेज बहाव में डूबे, गोताखोर ने घंटों की मशक्कत के बाद निकाला शव
चूरू के तारानगर थाना क्षेत्र के खरतवास गांव में रविवार को दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। नहर में डूबने से जेठ और बहू की मौत हो गई। बहू को बचाने के प्रयास में जेठ ने भी नहर में छलांग लगा दी, लेकिन तेज बहाव के कारण दोनों की जान चली गई। ग्रामीणों और पुलिस ने बहू का शव तुरंत बाहर निकाल लिया, जबकि गोताखोर ने घंटों की मशक्कत के बाद जेठ का शव बरामद किया। घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। खेत में काम के दौरान हुआ हादसा तारानगर थानाधिकारी सतपाल बिश्नोई ने बताया कि खरतवास निवासी जयवीर धानक की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार दोपहर गांव के प्रेमसिंह के खेत में राजूराम (38) और उनकी बहू धापा देवी (36) मूंगफली की फसल की निराई-गुड़ाई कर रहे थे। इसी दौरान धापा देवी खेत के पास से गुजर रही नहर से पानी निकालने गई थी। पैर फिसला, बचाने के प्रयास में दूसरी जान भी गई नहर से पानी निकालते समय धापा देवी का अचानक पैर फिसल गया और वह पानी में गिर गई। उनकी चीख सुनकर राजूराम तुरंत मौके पर पहुंचा और धापा देवी बचाने के लिए बिना देर किए नहर में कूद गया। हालांकि, नहर में पानी का बहाव तेज होने के कारण दोनों बह गए और डूबने से उनकी मौत हो गई। ग्रामीणों और गोताखोर की मदद से निकाले गए शव घटना की सूचना मिलते ही तारानगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाधिकारी सतपाल बिश्नोई के नेतृत्व में ग्रामीणों की मदद से धापा देवी का शव जल्द ही बाहर निकाल लिया गया। वहीं, तेज बहाव में बह गए राजूराम की तलाश के लिए गोताखोर नरेंद्र गगोर को बुलाया गया। उन्होंने कई घंटे की मशक्कत के बाद शाम को राजूराम का शव भी नहर से बाहर निकाला। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे पुलिस ने दोनों शवों को मोर्चरी में रखवाया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। पोस्टमार्टम के दौरान धापा देवी के पीहर पक्ष के लोग भी मौजूद रहे। एक ही परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़ इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। धापा देवी और राजूराम की पत्नी सगी बहनें हैं और दोनों की शादी एक ही परिवार में हुई थी। हादसे के बाद खरतवास गांव में शोक का माहौल है।

