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डीग पुलिस का एक्शन: 4 मामलों में 12 आरोपी गिरफ्तार:साइबर अपराधी से लेकर केबल चोर गिरोह तक दबोचा, जारी रहेगा अभियान

डीग पुलिस ने वांछित अपराधियों के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान में बड़ी कार्रवाई करते हुए चार अलग-अलग मामलों में 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई में करीब पांच साल से फरार साइबर अपराधी, नाबालिग को ब्लैकमेल कर वसूली करने वाले आरोपी, जेवरात चोरी का आरोपी और किसानों की कृषि मोटरों से केबल चोरी करने वाले संगठित गिरोह का खुलासा शामिल है। एसपी के निर्देश पर चला अभियान डीग एसपी कांबले शरण गोपीनाथ के निर्देश पर जिलेभर में वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाया गया। अभियान के तहत विभिन्न थाना पुलिस ने अलग-अलग मामलों में कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार किया। पांच साल से फरार साइबर अपराधी गिरफ्तार कैथवाड़ा थाना पुलिस ने साइबर अपराध के एक मामले में करीब पांच वर्षों से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस मामले में कानून से संघर्षरत एक नाबालिग को भी निरुद्ध किया गया है। आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और आईटी एक्ट की धाराओं में कार्रवाई की गई है। पुलिस उनके बैंक खातों, वित्तीय लेनदेन और अपराध से अर्जित संपत्ति की भी जांच कर रही है। नाबालिग को ब्लैकमेल कर वसूले रुपए और सोना सीकरी थाना पुलिस ने शादी का झांसा देकर एक नाबालिग लड़की के अश्लील फोटो-वीडियो बनाने, उसे ब्लैकमेल करने और रुपए व सोना वसूलने के मामले में वांछित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), पॉक्सो एक्ट और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज है। जेवरात चोरी का आरोपी दबोचा जनूथर थाना पुलिस ने घर में चोरी के मामले में फरार आरोपी निक्की (19) को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से चोरी किए गए कुंडल और चांदी की पायल बरामद की गई है। मामले की आगे जांच जारी है। कृषि मोटरों की केबल चुराने वाला गिरोह बेनकाब कामा थाना पुलिस ने किसानों की कृषि मोटरों से विद्युत केबल चोरी करने वाले संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए सात आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान चोरी का माल खरीदने वालों की पहचान होने पर उन्हें भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य मामलों की जांच कर रही है। अभियान रहेगा जारी पुलिस अधीक्षक कांबले शरण गोपीनाथ ने कहा कि जिले में वांछित और फरार अपराधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। उनकी गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें सक्रिय रूप से कार्रवाई कर रही हैं।

भरतपुर में 'घना बचाओ, पांचना का पानी लाओ' अभियान:पक्षी विशेषज्ञ धरने पर बैठे, बोले- पानी की कमी के कारण कछुए और मछलियां मर रहीं

केवलादेव घना पक्षी विहार में पांचना बांध के पानी की मांग को लेकर आज धरना दिया गया। धरने में पर्यावरणविद्, नेचर गाइड, पर्यटन व्यवसायी और रिक्शा यूनियन के सदस्य मौजूद रहे। सभी संगठनों का कहना है कि घना पक्षी विहार को नियमित रूप से पांचना बांध का पानी मिलना चाहिए। केवलादेव में पानी की कमी के कारण जीव-जंतुओं को पानी के लिए भटकना पड़ता है। पानी नहीं होने के कारण घना पक्षी विहार का अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा। पक्षी विशेषज्ञ डॉ. धर्मेंद्र शर्मा ने बताया कि केवलादेव घना पक्षी विहार में पानी लाने के लिए ‘घना बचाओ, पांचना का पानी लाओ’ संघर्ष समिति का गठन किया गया है। समिति में मॉर्निंग वॉकर्स संघ, नेचर गाइड एसोसिएशन, होटल एसोसिएशन, रिक्शा यूनियन, व्यापारिक संगठनों और आसपास के गांवों के प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है, जो इस अभियान को आगे बढ़ाएंगे। गुरुग्राम कैनाल का पानी दूषित
केवलादेव घना पक्षी विहार के लिए पांचना बांध का प्राकृतिक पानी ही सबसे उपयुक्त है। हाल ही में गुरुग्राम कैनाल से छोड़ा गया पानी दूषित था, जिससे उद्यान की जैव विविधता और प्राकृतिक पारिस्थितिकी तंत्र प्रभावित हुआ है। घना पक्षी विहार में पानी की कमी के चलते कछुए और मछलियां मर रही हैं। प्रवासी पक्षी भी यहां अधिक समय तक नहीं रुक पा रहे हैं। पांचना का पानी पक्षियों के लिए जरूरी
उन्होंने बताया कि हाल ही में आए गुलाबी फ्लेमिंगो का दल भी मात्र दो दिन रुककर लौट गया। पांचना के प्राकृतिक पानी में मिलने वाले छोटे जलीय जीव और वनस्पतियां ही प्रवासी पक्षियों के भोजन और प्रजनन के लिए आवश्यक हैं। घना पक्षी विहार केवल वन्यजीवों का आश्रय स्थल नहीं, बल्कि हजारों लोगों की आजीविका का भी साधन है। उन्होंने बताया कि गाइड, रिक्शा चालक, होटल व्यवसायी, टैक्सी संचालक और पर्यटन से जुड़े अनेक लोगों की रोजी-रोटी इस उद्यान पर निर्भर है। यदि समय रहते पानी की व्यवस्था नहीं हुई तो पर्यटन प्रभावित होगा और केवलादेव को विश्व धरोहर का दर्जा भी खतरे में पड़ सकता है।

एयर गन लहराकर रील बनाना पड़ा महंगा:लोगों में भय का माहौल पैदा करने के आरोप में युवक गिरफ्तार

झालावाड़ जिले के पनवाड़ में एयर गन लहराते हुए रील बनाकर पोस्ट करना एक युवक को महंगा पड़ा। पनवाड़ थाना पुलिस ने आमजन में भय का माहौल पैदा करने के आरोप में युवक को शांति भंग के तहत गिरफ्तार किया है। एसपी अमित कुमार ने बताया कि एसपी कार्यालय की साइबर सेल को एक युवक द्वारा एयर गन लहराते हुए बनाए गए वीडियो के तेजी से शेयर होने की सूचना मिली थी। इस सूचना के आधार पर पनवाड़ थाना प्रभारी को मामले की जांच के निर्देश दिए गए। जांच के दौरान वायरल वीडियो में दिख रहे युवक की पहचान पनवाड़ निवासी आदिल अली (18) पुत्र बाबू खां के रूप में हुई। पूछताछ में आदिल अली ने स्वीकार किया कि उसने ही यह रील बनाकर अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर अपलोड की थी। पुलिस ने वीडियो में इस्तेमाल किए गए हथियार की जांच की, जिसमें वह एक एयर गन निकली।

तेज-रफ्तार कार ने सवारियों से भरे टेम्पो को मारी टक्कर:3 ​​महिला समेत 7 लोग गंभीर घायल, कार जब्त

जालोर में एक कार की टक्कर से सवारियों से भरा टेम्पों पलट गया। जिससे 7 लोग गंभीर घायल हो गए। सभी का सरकारी अस्पताल में इलाज चल रहा है। हादसा बीशनगढ़ रोड़ पर शाम 4.30 बजे हुआ। एम्बुलेंस की सहायता से सभी को जालोर के सामान्य चिकित्सालय पहुंचाया। जहां सभी का इलाज जारी हैं। तेज रफ्तार कार ने टेम्पो को मारी टक्कर दरअसल, जिले के पहाड़पुरा से बिशनगढ़ जा रहे सवारियों से भरे एक टेम्पो को पीछे से तेज रफ्तार आ रही एक कार ने जोरदार टक्कर मार दी। जिससे टेम्पो सड़क किनारे पलट गया। जिसमें 3 ​​महिला समेत करीब 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। एम्बुलेंस की सहायता से अस्पताल पहुंचाया स्थानीय लोगों ने एंबुलेंस को सूचना दी। मौके पर पहुंचे पायलट पूरण सिंह और इएमटी दिनेश ने एम्बुलेंस की सहायता से सभी को जालोर के सामान्य चिकित्सालय पहुंचाया। जहां सभी का इलाज जारी हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने टेम्पो समेत कार को जब्त कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। हादसे में ये घायल हुए इस हादसे में धमेन्द्र(15 ) पुत्र हितेश, अक्षिता पुत्री (10) हितेश कुमार, लक्ष्मण (23) पुत्र चेलाराम, पवनी (40) पत्नी हितेश, रामुदेवी (32), ममता कुमारी (4), लालाराम और वासन गांव निवासी सोनाराम (55) पुत्र रूपाराम सरगरा गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

कलागुरु डॉ. सुमहेन्द्र शर्मा को कला जगत ने किया याद:परंपरा और आधुनिकता पर हुआ सार्थक संवाद, पढ़ें शहर की प्रमुख खबरें

कलावृत्त एवं राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के संयुक्त तत्वावधान में राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के पूर्व प्राचार्य, प्रख्यात चित्रकार एवं कलावृत्त संस्था के संस्थापक कलागुरु डॉ. सुमहेन्द्र शर्मा की कला यात्रा, व्यक्तित्व और उनके रचनात्मक योगदान पर आधारित विशेष व्याख्यान का आयोजन राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के मीटिंग हॉल में किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ कलाकारों, कला समीक्षकों, शिक्षाविदों, पूर्व विद्यार्थियों और युवा कलाकारों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर डॉ. सुमहेन्द्र के कला-संसार और उनके व्यक्तित्व को याद किया। कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार विनोद भारद्वाज ने कहा कि डॉ. सुमहेन्द्र ने राजस्थानी लघु चित्रकला और आधुनिक कला के बीच एक अद्भुत सेतु का निर्माण किया। उनकी कला विशुद्ध राजस्थानी परंपराओं से जुड़ी होने के बावजूद आधुनिक संवेदनाओं से समृद्ध थी, जिसने उन्हें समकालीन भारतीय कला में विशिष्ट पहचान दिलाई। वरिष्ठ पारंपरिक चित्रकार समदर सिंह खंगारोत ‘सागर’ ने कहा कि डॉ. सुमहेन्द्र केवल एक महान चित्रकार ही नहीं, बल्कि श्रेष्ठ शिल्पी, कुशल प्रशासक और प्रभावशाली लेखक भी थे। उन्होंने कहा कि उनकी प्रत्येक कृति दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर देती थी और उनका सान्निध्य हर कलाकार के लिए प्रेरणादायक रहा। उन्होंने बताया कि डॉ. सुमहेन्द्र ने लघु चित्रकला को परंपरागत सीमाओं से बाहर निकालकर समकालीन अभिव्यक्ति प्रदान की। वरिष्ठ चित्रकार प्रो. भवानी शंकर शर्मा ने अपने विचार रखते हुए कहा कि परंपरा और आधुनिकता के बीच कोई विरोध नहीं, बल्कि दोनों एक-दूसरे की पूरक हैं। उन्होंने कहा कि कलाकार की सृजनात्मकता समय के साथ विकसित होती है और यही विकास भविष्य की नई परंपरा बनता है। उन्होंने डॉ. सुमहेन्द्र को इस विचारधारा का जीवंत उदाहरण बताते हुए कहा कि उनके चित्रों में भारतीय परंपरा का आधुनिक रूप स्पष्ट दिखाई देता है। साथ ही उन्होंने राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के विद्यार्थियों से प्रकृति, संस्कृति और समकालीन विषयों को अपनी कला में स्थान देने का आह्वान किया। चित्रकार एवं कवि अमित कल्ला ने कहा कि कलाकार केवल चित्र बनाने वाला व्यक्ति नहीं होता, बल्कि समाज को नई दृष्टि देने वाला संवेदनशील नेतृत्वकर्ता होता है। उन्होंने भारतीय कला दर्शन की चर्चा करते हुए कहा कि भारतीय परंपरा में रंग, रेखा और रूप केवल दृश्य तत्व नहीं, बल्कि चेतना, भाव और ऊर्जा के प्रतीक हैं। डॉ. सुमहेन्द्र की कला इसी भारतीय दर्शन की उत्कृष्ट अभिव्यक्ति थी। कलावृत्त के अध्यक्ष संदीप सुमहेन्द्र ने युवा कलाकारों से अपने चित्रों में समसामयिक विषयों को शामिल करने की अपील करते हुए कहा कि कला केवल सौंदर्य का माध्यम नहीं, बल्कि समाज की आवाज भी है। उन्होंने कहा कि युवा कलाकारों को तकनीकी दक्षता के साथ सामाजिक सरोकारों को भी अपनी रचनाओं में स्थान देना चाहिए। राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के पूर्व छात्र एवं मूर्तिकार महावीर भारती ने अपने संस्मरण साझा करते हुए बताया कि वे मूल रूप से चित्रकला के विद्यार्थी थे, लेकिन वर्ष 1996-97 में कलावृत्त द्वारा आयोजित राष्ट्रीय मूर्तिकला शिविर में डॉ. सुमहेन्द्र की प्रेरणा से उन्होंने पहली बार पत्थर पर काम किया। उन्होंने कहा कि आज वे दो दशकों से मूर्तिकला के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं और इसका सबसे बड़ा श्रेय अपने गुरु डॉ. सुमहेन्द्र को देते हैं। कार्यक्रम में डॉ. सुमहेन्द्र शर्मा की धर्मपत्नी सुमन शर्मा, उनके भाई ओमदत्त शर्मा, परिवार के सदस्य, वरिष्ठ कलाकार, शिक्षक, पूर्व छात्र और बड़ी संख्या में वर्तमान विद्यार्थी उपस्थित रहे। समारोह के अंत में राजस्थान स्कूल ऑफ आर्ट के प्राचार्य अनिल खंडेलवाल ने सभी वक्ताओं, अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

भंवरासा बांध से हरिश्चंद्र सागर की नहरों में छोड़ा पानी:मानसून की बेरुखी से सूख रही थीं फसलें; ऊर्जा मंत्री की पहल पर सीएम ने लिया एक्शन

हाड़ौती क्षेत्र में मानसून की बेरुखी के कारण किसानों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही थी, लेकिन अब उन्हें एक बड़ी राहत मिली है। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद भंवरासा बांध से हरिश्चंद्र सागर परियोजना की नहरों में पानी छोड़ दिया गया है। इससे खानपुर, सांगोद और पनवाड़ क्षेत्र के किसानों की फसलों को नया जीवन मिल सकेगा। गौरतलब है कि खानपुर, सांगोद और पनवाड़ क्षेत्र में मानसून की सुस्त रफ्तार और बारिश के लंबे अंतराल (खेंच) के कारण खेतों में खड़ी धान की फसलें सूखने की कगार पर पहुंच गई थीं। इससे किसान बेहद परेशान थे। किसानों की इस गंभीर समस्या और उनकी पीड़ा को देखते हुए ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने मुख्यमंत्री से फोन पर बात की और उन्हें जमीनी हकीकत से अवगत कराया। ऊर्जा मंत्री ने मुख्यमंत्री को बताया कि पानी के अभाव में किसानों की मेहनत और भारी लागत, दोनों डूबने की स्थिति में हैं। मुख्यमंत्री ने तुरंत भंवरासा बांध से हरिश्चंद्र सागर परियोजना की नहरों में पानी छोड़ने के निर्देश जारी कर दिए। प्रिंसिपल सेक्रेटरी के आदेश के बाद शुरू हुआ जल प्रवाह
​मुख्यमंत्री से हरी झंडी मिलते ही प्रशासनिक और विभागीय अमला पूरी तरह मुस्तैद हो गया। जल संसाधन विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी अभय कुमार ने उच्च स्तरीय समीक्षा कर तत्काल प्रभाव से नहरों में जल प्रवाह शुरू करने के आदेश जारी किए। विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे बिना समय गंवाए नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाना सुनिश्चित करें। आदेश मिलते ही विभाग स्तर पर कार्रवाई शुरू की गई और अब नहरों में पानी छोड़ दिया गया है। पूर्व में नहरों में पानी का प्रवाह बंद कर दिया गया था। जिसके बाद से क्षेत्र में बारिश नहीं हुई और खेतों में दरारें पड़ने लगी थीं। मंत्री नागर ने कहा कि सरकार पूरी तरह किसानों को समर्पित है और संकट की इस घड़ी में हम हर कदम पर उनके साथ मुस्तैद खड़े हैं। किसी भी किसान की मेहनत बेकार नहीं जाने दी जाएगी।

रोटरी क्लब ने पौधरोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश:हरियाली के साथ सेवा का संकल्प, तय की नई जनसेवा योजनाएं

बारां में रोटरी क्लब ने रविवार को उम्मेद भवन स्थित अपने परिसर में वृक्षारोपण अभियान चलाया। इस दौरान पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सरोकारों को बढ़ावा देने का संकल्प लिया गया। वृक्षारोपण के बाद एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें क्लब की आगामी सेवा गतिविधियों की रूपरेखा तय की गई। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला प्रमुख उर्मिला जैन भाया ने पौधारोपण कर अभियान का शुभारंभ किया। उन्होंने इस अवसर पर कहा कि वृक्ष केवल पर्यावरण संरक्षण का साधन नहीं हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की सबसे बड़ी पूंजी भी हैं। उन्होंने सभी से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का आह्वान किया। क्लब के कोषाध्यक्ष और कार्यक्रम प्रभारी विवेक जैन ने पर्यावरण संरक्षण को एक निरंतर जिम्मेदारी बताया। उन्होंने कहा कि रोटरी क्लब सेवा कार्यों के साथ-साथ हरित वातावरण बनाने की दिशा में लगातार काम करता रहेगा। समीक्षा बैठक में क्लब की आगामी योजनाओं को अंतिम रूप दिया गया। इसमें फिजियोथेरेपी मशीन की स्थापना के लिए जिला प्रमुख उर्मिला जैन भाया और प्रकाश टोंगिया को कार्यक्रम मार्गदर्शक मनोनीत किया गया। बैठक में सेवा परियोजनाओं को गति देने, शपथ ग्रहण समारोह आयोजित करने और संगठन विस्तार जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कार्यक्रम के अंत में क्लब अध्यक्ष जितेंद्र कुमार गुप्ता और सचिव महेश तिवारी ने मुख्य अतिथि सहित सभी रोटेरियन सदस्यों का आभार व्यक्त किया। इस आयोजन को सफल बनाने में त्रिवेश बरदानिया, आदित्य जैन, राकेश सेटी, सूर्य प्रकाश विजय, प्रदीप मारू और धीरज कुमार तिवारी सहित कई अन्य सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई।

राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ चूरू कार्यकारिणी भंग:मनोज शर्मा नए जिलाध्यक्ष, नई टीम की हुई घोषणा

चूरू में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान स्कूल शिक्षा जिला चूरू की साधारण सभा आयोजित हुई। रविवार को डाइट में हुई इस बैठक में वर्तमान जिला कार्यकारिणी को भंग कर नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई। मनोज शर्मा को नया जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया। महासंघ की नई कार्यकारिणी में चिंरजीलाल को जिला मंत्री, राजेश कौशिक को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, प्रदीप पालीवाल को कोषाध्यक्ष और कौशल्या चौधरी को महिला उपाध्यक्ष का दायित्व सौंपा गया। इसके अतिरिक्त, अब्दुल सत्तार परिहार (उपाध्यक्ष पुरुष), योगेश छींपा (उपाध्यक्ष प्रारंभिक), जाकिर हुसैन (सचिव माध्यमिक), धनराज सिंगोदिया (सचिव प्रारंभिक), दशरथ घायल (प्राध्यापक), आनंद सिंह (शारीरिक शिक्षक), नरपत सिंह (संस्कृत शिक्षक) और मनोज जोशी (पंचायत शिक्षक) को भी मनोनीत किया गया। बैठक का प्रथम सत्र मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ शुरू हुआ। इसमें सदस्यों ने शिक्षा, शिक्षक और शिक्षार्थी के उत्थान, संस्कारित शिक्षा और नियमित पठन-पाठन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया। निवर्तमान जिलाध्यक्ष शिवकुमार शर्मा ने महासंघ की कार्यशैली और संविधान पर चर्चा के बाद वर्तमान कार्यकारिणी भंग करने की घोषणा की। प्रदेश उपाध्यक्ष श्यामसुंदर स्वामी ने प्रदेश के शीर्ष नेतृत्व के निर्देशानुसार नई कार्यकारिणी की घोषणा की। द्वितीय सत्र में वरिष्ठ कार्यकर्ता जगदीश जोशी ने नई कार्यकारिणी के सदस्यों से शिक्षा, शिक्षार्थी और शिक्षकों के हितों को ध्यान में रखते हुए कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने संगठन को मजबूत करने पर भी जोर दिया। तृतीय सत्र में प्रदेश उपाध्यक्ष स्वामी ने नवनियुक्त पदाधिकारियों से हमेशा सक्रिय रहने और कार्यकर्ताओं का सहयोग करने की अपेक्षा की। इस अवसर पर वरिष्ठ कार्यकर्ता मंगलेश खत्री, मनोज सारस्वत, सूर्यप्रकाश शर्मा, विजेंद्र सैनी, लक्ष्मण दान चारण, मीडिया प्रभारी कन्हैयालाल सैनी सहित सभी खंडों के अध्यक्ष, मंत्री और कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित रहे। बैठक का संचालन प्रभुदयाल सैनी ने किया।

बस-बोलेरो की भिड़ंत में बुआ-भतीजी समेत 3 की मौत:8 गंभीर घायल; तौलियासर भैरूजी के दर्शन कर लौट रहा था परिवार

बीकानेर के श्रीडूंगरगढ़ थाना इलाके में रविवार को बस और बोलेरो में आमने-सामने की भीषण भिड़ंत हो गई। हादसे में बुआ-भतीजी समेत 3 लोगों की मौत हो गई, जबकि 8 गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा दोपहर करीब 3 बजे नेशनल हाईवे-11 (बीकानेर से जयपुर) पर हुआ। बस बीकानेर से जयपुर जा रही थी, जबकि बोलेरो श्रीडूंगरगढ़ की तरफ से आ रही थी। सभी घायल बोलेरो में सवार थे, जिन्हें पीबीएम हॉस्पिटल रेफर किया गया है। देखिए- भीषण हादसे की 2 तस्वीरें थानाधिकारी कश्यप सिंह ने बताया- बोलेरो सवार एक परिवार के लोग तौलियासर भैरूजी के दर्शन कर नापासर के गुंसाईसर लौट रहे थे। इसी दौरान नेशनल हाईवे पर बस से भिड़ंत हो गई। बोलेरो ड्राइवर दानीराम (45) के साथ ही गाड़ी में बैठी मेघा (16) और उसकी भतीजी शिवांगी (5) की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में बोलेरो सवार 8 अन्य लोग घायल हो गए। सभी घायलों को पीबीएम हॉस्पिटल के ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। घायलों में 2 की पहचान अमिता और निधि के रूप में हुई है, जबकि 2 साल के बच्चे समेत अन्य घायलों की पहचान करने की जा रही है। ……………….. ये खबर भी पढ़ें… उदयपुर में तेज रफ्तार कार ट्रक में घुसी,पति-पत्नी की मौत:गाड़ी के अंदर ही फंसे रह गए शव, एक साल पहले हुई थी शादी
उदयपुर में गोगुंदा-पिंडवाड़ा हाईवे पर सड़क हादसे में पति-पत्नी की मौत हो गई। तेज रफ्तार कार हाईवे पर आगे चल रहे ट्रक में घुस गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए। कार का आगे का पूरा हिस्सा चकनाचूर हो गया। (पूरी खबर पढ़ें)

पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस का बूथ फोकस:भाजपा को 'पर्ची सरकार' बताया, बीएपी पर साधा निशाना

डूंगरपुर के सीमलवाड़ा में रविवार को हुई कांग्रेस की जिला स्तरीय बैठक में आगामी पंचायतीराज चुनाव की तैयारियों को लेकर बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने की रणनीति बनाई गई। बैठक में कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार को “पर्ची सरकार” बताते हुए उसकी नीतियों पर हमला बोला, जबकि भारत आदिवासी पार्टी (बीएपी) पर आदिवासी समाज को गुमराह करने के आरोप लगाए। पंचायत चुनाव की तैयारी पर संगठन का जोर सीमलवाड़ा ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय में आयोजित बैठक में पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा मुख्य अतिथि रहे, जबकि जिला कांग्रेस अध्यक्ष गणेश घोघरा ने अध्यक्षता की। बैठक में पूर्व विधायक शंकरलाल अहारी, पूर्व मंत्री शंकरलाल यादव, असरार अहमद पठान, प्रियकांत पंड्या, महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष रेखा देवी सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम की शुरुआत ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष विनोद कटारा के स्वागत उद्बोधन से हुई। उन्होंने कहा कि पंचायतीराज चुनाव को देखते हुए ब्लॉक अध्यक्षों को संगठनात्मक निर्णय लेने की पर्याप्त स्वतंत्रता दी जाएगी, ताकि स्थानीय स्तर पर संगठन को प्रभावी बनाया जा सके। बूथ स्तर तक सक्रिय होंगे कार्यकर्ता जिला कांग्रेस अध्यक्ष गणेश घोघरा ने कहा कि संगठन में नवाचार करते हुए बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार “पर्ची सरकार” बन चुकी है और मनरेगा जैसी योजनाओं को कमजोर कर ग्रामीणों को परेशानी में डाल दिया है। साथ ही प्रदेश में अकाल जैसे हालात का जिक्र करते हुए सरकार को संवेदनहीन बताया। बीएपी पर आदिवासी समाज को गुमराह करने का आरोप घोघरा ने भारत आदिवासी पार्टी (बीएपी) पर भी निशाना साधते हुए कहा कि भील प्रदेश, कड़ाना बांध का पानी गैंजी घाटा तक पहुंचाने और युवाओं को रोजगार देने जैसे कई वादे किए गए, लेकिन वर्षों बाद भी पूरे नहीं हुए। उन्होंने आरोप लगाया कि बीएपी ने आदिवासी समाज को गुमराह करने का काम किया है। सक्रिय कार्यकर्ताओं को मिलेगी जिम्मेदारी पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा ने कहा कि संगठन के पदाधिकारियों के कार्यों का रिपोर्ट कार्ड तैयार किया जाएगा और सक्रिय कार्यकर्ताओं को ही जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी। उन्होंने पंचायतीराज चुनाव में कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए सभी से एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया। लोकतंत्र और आदिवासी समाज पर भी हुई चर्चा पूर्व मंत्री शंकरलाल यादव ने लोकतंत्र की जड़ों को मजबूत बनाने पर जोर दिया। वहीं पूर्व विधायक शंकरलाल अहारी ने क्षेत्र में अकाल जैसी स्थिति का उल्लेख करते हुए आदिवासी समाज को पुनः कांग्रेस से जोड़ने की आवश्यकता बताई। बैठक में आगामी चुनावों की रणनीति और संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा की गई।