मां की हत्या-कराने वाली बोली-नहीं चाहती थी भाई चोटिल हो:राइट साइड में चलती कार ने लेफ्ट में जाकर टक्कर मारी, इसी से हुआ शक
जयपुर के प्रताप नगर में प्रॉपर्टी और सरकारी नौकरी के लिए बेटी ने मां की हत्या करवा दी। आरोपी बेटी आयुषी शर्मा (23) ने पुलिस पूछताछ में बताया कि मां नीरज शर्मा (45) और उसका विवाद एक साल पहले पिता विजय कुमार शर्मा की मौत होने के बाद से शुरू हो गया था। वह चाहती थी कि उसे पिता की जगह कोर्ट में अनुकंपा नौकरी मिल जाए। लेकिन मां मानसिक बीमार बेटे के लिए खुद सरकारी नौकरी लग गई। इसे लेकर दोनों के बीच कई दिनों तक बहुत झगड़ा हुआ था। इसके बाद आयुषी टोंक रोड स्थित दूसरे घर में ताऊ के बेटे बलराम के साथ रहने लगी। वहीं दोनों ने मिलकर नीरज शर्मा की हत्या का प्लान बनाया। ऐसे हुआ शक : राइट साइड में चलती कार ने लेफ्ट साइड में जाकर टक्कर मारी एसीपी हरिशंकर शर्मा ने बताया कि पुलिस ने जब मौके पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज का एनालिसिस किया तो कार 120 किमी प्रति घंटा की स्पीड से चलती हुई दिखी। स्थानीय लोगों के बयान लिए तो उन्होंने भी बताया कि कार बहुत तेज चल रही थी। इसके बाद क्राइम सीन का मौका नक्शा बनाया गया तो यह दुर्घटना नहीं लग रही थी। राइट साइड में कार चलाने के लिए पूरी जगह थी। सामने से कोई व्हीकल भी नहीं आ रहा था। ऐसे में कार लेफ्ट साइड में जाकर महिला को कुचल कर फिर राइट साइड में आकर निकल जाती है, ये बात खटकी। जब आसपास के सीसीटीवी फुटेज चेक किए तो कार में बैठे हुए युवक और सड़क पर खड़े कुछ युवक लगातार फोन पर बात कर रहे थे। नीरज के बेटे को ट्यूशन छोड़ कर आने के बाद आरोपियों को सूचना दी गई। इसके बाद आरोपी आए और नीरज की हत्या कर फरार हो गए। हमारी टीम ने घटना के बाद एक-एक पहलू पर काम किया और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मुख्य आरोपी बलराम अभी फरार है। उसकी तलाश की जा रही है। आयुषी बोली- नहीं चाहती थी भाई को कुछ हो पुलिस पूछताछ में आयुषी ने बताया कि मां और उसके बीच कई बार हाथापाई भी हुई। वह अपनी मां से नफरत करने लगी थी। घर छोड़कर टोंक रोड पर कल्याण नगर में अपने दूसरे घर में जाकर रहने लगी। इसी दौरान उसके ताऊ मोहन शर्मा का बेटा बलराम भी उसके साथ रहने लगा। वहां दोनों रोज इसी टॉपिक पर बात करते। दोनों ने मिलकर मां (नीरज शर्मा) की हत्या का प्लान बनाया। आयुषी अपनी मां को दर्दनाक मौत देना चाहती थी। बलराम ने कहा था कि हत्या के लिए बदमाशों का इंतजाम करना होगा। आयुषी राजी हो गई, लेकिन उसने बलराम से कहा था कि मां छोटे भाई के बिना घर से नहीं निकलती है। हत्या के दौरान भी भाई अगर साथ में होगा तो उसे चोट नहीं लगनी चाहिए। बदमाशों ने रेकी कर वह समय चुना, जब नीरज शर्मा बेटे को ट्यूशन छोड़ कर घर लौटती थी। LLB फाइनल ईयर की स्टूडेंट होने के कारण आयुषी ने बनाया प्लान बलराम ने आयुषी को बताया कि वह हत्या करवा देगा, लेकिन उसे इसके बदले में भरतपुर में हाईवे वाली जमीन चाहिए। नौकरी और जयपुर की जमीन उसी के पास रहेगी। बलराम ने अपने पिता मोहन को भी इस बारे में बताया। मोहन भी हाईवे की जमीन हथियाने के लिए बेटे बलराम के साथ हो गया। बलराम ने गांव में रहने वाले खुद के दोस्त हेमंत से 7 लाख रुपए में मर्डर की डील कर ली। हेमंत ने खुद के रिश्तेदार आकाश के साथ मिलकर हत्या करने की सुपारी ली। पुलिस पूछताछ में आयुषी ने बताया कि वह निजी कॉलेज से एलएलबी कर रही है। उसका यह फाइनल ईयर है। हत्याकांड से पहले उसने बलराम के साथ मिलकर पूरी प्लानिंग की। मां की हत्या करने वाली कार भरतपुर से रेंट पर ली जाएगी। कार को जयपुर के लड़के की आईडी से उठाया जाए। हत्या के बाद कार को कहां पार्क करेंगे… ये सब पहले से तय था। पुलिस एक्सीडेंट के एंगल पर काम करेगी। इस दौरान जयपुर का युवक पकड़ा जाएगा तो उसकी जमानत कैसे होगी…इसकी भी प्लानिंग की थी। नीरज शर्मा को हो गई थी हत्या की आशंका पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों ने करीब तीन माह पहले भी नीरज की हत्या करने का प्रयास किया था। उस दौरान आकाश और अरविंद ने भरतपुर से थार किराए पर भी ली थी, लेकिन वह विफल हो गए थे। इसके बाद नीरज शर्मा ने परिवार के सामने खुद की हत्या की आशंका भी जताई थी। हालांकि परिवार ने इसे गंभीरता से नहीं लिया और उसे सतर्क रहने के लिए कहा। 3 जुलाई को प्रताप नगर में हुई इस सुपारी किलिंग में पुलिस ने अब तक 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। … इस मर्डर से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… सरकारी नौकरी-प्रॉपर्टी के लिए बेटी ने करवाई मां की हत्या,VIDEO:ताऊ और चचेरे भाई के साथ प्लानिंग की, तेज रफ्तार गाड़ी से कुचलवा दिया; 7 गिरफ्तार जयपुर- बेटी ने पहले टोना-टोटका करवाया, फिर मां का मर्डर,VIDEO:घर में काली गुड़िया में आग लगाई, तंत्र-मंत्र कर नारियल रखा, फिर जलाया

