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सरिस्का होटल में 15 कर्मचारियों ने छोड़ी नौकरी:वन-विभाग के कर्मचारियों पर धमकी देने और जातिसूचक टिप्पणी के आरोप, DFO ने आरोपों को गलत बताया

अलवर के सरिस्का पैलेस होटल और वन विभाग के बीच विवाद सामने आया है। होटल के मैनेजर प्रेमचंद्र शर्मा ने वन विभाग के कुछ कर्मचारियों के खिलाफ थानागाजी थाने में ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में गाली-गलौज, जातिसूचक टिप्पणी, धमकी देने और ड्रोन के जरिए होटल की गोपनीयता भंग करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। वहीं, वन विभाग ने इन आरोपों को खारिज करते हुए पूरे मामले को वन भूमि पर बिना अनुमति पौधारोपण करने से जुड़ा विवाद बताया है। गाली-गलौज और जातिसूचक टिप्पणी के लगाए आरोप होटल मैनेजर प्रेमचंद्र शर्मा के अनुसार, होटल के कर्मचारी जब भी होटल से बाहर निकलते हैं, तब वन विभाग के कर्मचारी उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं और गाली-गलौज करते हैं। कर्मचारियों ने इसकी जानकारी होटल के सुपरवाइजर धर्मेंद्र जाटव को दी। आरोप है कि गुरुवार शाम होटल के सामने पौधारोपण को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। शिकायत में कहा गया है कि वन विभाग के कर्मचारी धर्मसिंह और कप्तान सिंह करीब 15 कर्मचारियों के साथ होटल पहुंचे। इस दौरान होटल स्टाफ के साथ गाली-गलौज की गई और सुपरवाइजर धर्मेंद्र जाटव के खिलाफ जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया। साथ ही कथित रूप से धमकी दी गई कि “बाहर निकलोगे तब बताएंगे।” मैनेजर का दावा है कि घटना के बाद डर के माहौल के चलते होटल के करीब 15 कर्मचारियों ने नौकरी छोड़ दी। मैनेजर ने यह भी आरोप लगाया कि वन विभाग के कर्मचारी अक्सर रात के समय ड्रोन कैमरे होटल परिसर के ऊपर उड़ाते हैं, जिससे होटल की गोपनीयता भंग होती है। उनका कहना है कि होटल में महिला कर्मचारी भी कार्यरत हैं और इस तरह की गतिविधियों से उनकी निजता प्रभावित होती है। DFO ने आरोपों को बताया निराधार वहीं, सरिस्का के डीएफओ अभिमन्यु सहारण ने होटल प्रबंधन के आरोपों से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि होटल के कर्मचारी होटल परिसर से बाहर वन विभाग की भूमि पर गड्ढे खोदकर पौधारोपण करना चाहते हैं, जबकि उन्हें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि यदि होटल परिसर के बाहर कोई कार्य करना है तो पहले विभाग से अनुमति लेनी होगी। अनुमति मिलने के बाद ही ऐसे कार्य किए जा सकते हैं। डीएफओ का कहना है कि कई बार होटल प्रबंधन हरियाणा से बाउंसर बुलाकर वन भूमि पर गड्ढे खुदवाने का प्रयास करता है। जब वन विभाग के कर्मचारी उन्हें रोकते हैं तो होटल पक्ष ही कहासुनी पर उतर आता है। ड्रोन कैमरे के आरोपों पर डीएफओ ने कहा कि वन विभाग सरिस्का टाइगर रिजर्व में बाघों की मॉनिटरिंग और वन क्षेत्र की निगरानी के लिए नियमित रूप से ड्रोन का उपयोग करता है। उनका कहना है कि ड्रोन उड़ाने का उद्देश्य किसी होटल की निगरानी करना नहीं, बल्कि वन्यजीव संरक्षण और गश्त करना है। मामले में थानागाजी SHO रामस्वरूप का कहना है कि गुरुवार को शिकायत मिली थी। हम मामले की जांच कर रहे हैं।

एयरफोर्स जवान की हार्टअटैक से मौत:पत्नी ने सैल्यूट कर अंतिम विदाई दी, 6 महीने की बेटी ने दी मुखाग्नि; आज घर आने वाले थे

कोटपूतली-बहरोड़ जिले के एयरफोर्स के जवान की गुरुवार को हार्ट अटैक से मौत हो गई। नारायणपुर थाना क्षेत्र के कोलाहेड़ा गांव निवासी हवलदार विक्रम पायला (27) गुजरात के गांधीनगर में तैनात थे। शनिवार को छुट्टी पर घर आने वाले थे, लेकिन उनकी पार्थिव देह दोपहर तीन बजे उनके पैतृक आवास पहुंची। पति के आने का इंतजार कर रही पत्नी मंजू देवी शव देखते ही फूट-फूटकर रोने लगीं। जवान की मां का भी रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पत्नी ने सैल्यूट कर पति को अंतिम विदाई दी। 6 माह की बेटी निमिषा ने पिता को मुखाग्नि दी। इससे पहले नारायणपुर से दोपहर 2 बजे उनके पैतृक गांव कोलाहेड़ा तक 8 किलोमीटर लंबी तिरंगा यात्रा निकाली गई। जिसमें सैकड़ों लोग शामिल हुए। ड्यूटी के दौरान बिगड़ी तबीयत एयरफोर्स जवान के मामा चेतराम तंवर ने बताया- विक्रम 787 एसयू बटालियन, एयरफोर्स स्टेशन बड़सर (गांधीनगर, गुजरात) में तैनात थे। गुरुवार रात 12 बजे विक्रम के परिवार को फोन पर सूचना मिली कि उनकी तबीयत बिगड़ गई है। उन्हें गांधीनगर के अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां हार्ट अटैक से उनका निधन हो गया। इस पर विक्रम के पिता पप्पू गुर्जर गांधीनगर पहुंचे। इसके बाद एंबुलेंस से विक्रम की पार्थिव देह को नारायणपुर लेकर आए। दोपहर 3 बजे जवान की पार्थिव देह जैसे ही उनके पैतृक गांव पहुंची पत्नी और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पूर्व मंत्री शकुंतला रावत ने पत्नी मंजू देवी को सांत्वना दी। 6 महीने की बेटी निमिषा ने जब पिता को मुखाग्नि दी तो वहां मौजूद हर किसी की आंख नम हो गई। इस दौरान एयरफोर्स के जवानों ने उन्हें सलामी दी। आज ही छुट्टी पर घर आने वाले थे मामा ने बताया-विक्रम शनिवार को छुट्टी पर घर आने वाले थे। परिवार उनके घर आने का इंतजार कर रहा था। विक्रम 6 जून 2018 को वायुसेना में भर्ती हुए थे। वे अपने तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। परिवार में उनकी पत्नी और 6 महीने की मासूम बेटी है। विक्रम के पिता खेती करते हैं। वहीं उनका छोटा भाई पढ़ाई कर रहा है। अंतिम यात्रा की तस्वीरें… इनपुट सहयोग- दिलीप सिंह, नारायणपुर … यह खबर भी पढ़ें नेवी के जवान का शव देख पत्नी बेसुध:बोलीं-बेटी बुला रही है लौट आओ; 3 KM तक तिरंगा यात्रा निकाली गई, आज ही था जन्मदिन झुंझुनू जिले के नेवी के जवान की मुंबई में हादसे में मौत हो गई। सूरजगढ़ के घरडू गांव निवासी जवान कुलदीप दिवाच (27) का शव शुक्रवार सुबह 10:30 बजे उनके घर लाया गया। शव देखते ही मां, पत्नी और भाई फूट-फूट कर रोने लगे। (पढ़ें पूरी खबर)

बाइक में पेट्रोल भरवाया, सेल्समैन को मारी गोली, VIDEO:जेब में कट्‌टा लेकर आया था बदमाश, पुलिस ने 1 घंटे में आरोपी को पकड़ा

अलवर में बाइक में पेट्रोल भरवाने के बाद युवक ने सेल्समैन को गोली मार दी। सेल्समैन ने पेट्रोल भरने के बाद 898 रुपए मांगे थे। इस पर नकाबपोश युवक ने जेब से कट्‌टा निकाला और गोली मारकर भाग गया। इसका सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। सेल्समैन को जिला हॉस्पिटल से जयपुर रेफर किया है। पुलिस ने नाकाबंदी कर केवल एक घंटे में युवक को दबोच लिया। मामला सदर थाने के बुर्जा बाइपास पर नायरा पेट्रोल पंप का शनिवार सुबह 11:35 बजे का है। घटना से जुड़ी 3 PHOTOS… 898 रुपए के चक्कर में मार दी गोली पेट्रोल पंप के संचालक अमन अग्रवाल ने बताया कि बाइक सवार युवक पेट्रोल भरवाने आया था। युवक ने मुंह पर कपड़ा बांधा हुआ था। उसने सेल्समैन से 898 रुपए का पेट्रोल भरने को कहा। सेल्समैन ने पेट्रोल भरने के बाद रुपए मांगे। युवक ने रुपए देने से मना कर दिया। सेल्समैन ने दुबारा रुपए मांगे तो जेब से कट्‌टा निकालकर फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि गोली सेल्समैन के कंधे को छूते हुए निकल गई। पेट्रोल पंप पर मौजूद स्टाफ और लोग डर गए। वहीं नकाबपोश बदमाश फरार हो गया। लहूलुहान हालत में सेल्समैन को जिला हॉस्पिटल ले जाया गया। युवक को एक घंटे में दबोचा सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए इलाके में नाकाबंदी भी कराई और केवल एक घंटे में युवक को दबोच लिया। युवक कठूमर का रहने वाला है।

धौलपुर पुलिस में बड़ा फेरबदल, 123 पुलिसकर्मियों के तबादले:एसपी विकास सांगवान ने 45 एएसआई, 78 हेड कांस्टेबल-कांस्टेबल बदले

धौलपुर पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 45 सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) और 78 हेड कांस्टेबल व कांस्टेबलों सहित कुल 123 पुलिसकर्मियों के तबादले किए हैं। कई पुलिस चौकियों के प्रभारियों को भी बदला गया है। अवैध खनन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सागरपाड़ा चौकी पर पहली बार दो हेड कांस्टेबल तैनात किए गए हैं, जबकि जल्द ही थाना प्रभारियों (एसएचओ) की तबादला सूची भी जारी होने की संभावना जताई जा रही है। चौकी प्रभारियों को नई जिम्मेदारियां तबादला आदेश के तहत योगेश तिवारी को जाटोली चौकी प्रभारी बनाया गया है। पूर्व में स्थानांतरित हुए मुकेश शर्मा ने रेल चौकी का कार्यभार संभाल लिया है। वीरेंद्र शर्मा को बाड़ी से कोतवाली भेजा गया है, जबकि मोहनलाल मीणा को अस्पताल चौकी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। राकेश को राजाखेड़ा टाउन चौकी प्रभारी, मनोज को सागरपाड़ा चौकी प्रभारी, प्रेम सिंह को लेबुड़ा पूरा चौकी प्रभारी और सत्य प्रकाश को ओंडेला चौकी प्रभारी नियुक्त किया गया है। खनन प्रभावित क्षेत्र पर विशेष फोकस अवैध खनन पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से सागरपाड़ा चौकी पर अतिरिक्त हेड कांस्टेबल सुभाष भास्कर की तैनाती की गई है। यह पहली बार है जब इस चौकी पर दो हेड कांस्टेबल एक साथ नियुक्त किए गए हैं। इससे खनन प्रभावित क्षेत्र में निगरानी और कार्रवाई को और मजबूत करने की तैयारी मानी जा रही है। महिला एएसआई को मिली नई पोस्टिंग तबादला सूची में पदोन्नति के बाद महिला एएसआई रेखा को कोतवाली थाने में नियुक्त किया गया है। हालांकि इस सूची में किसी अन्य महिला पुलिसकर्मी का तबादला नहीं किया गया है। अब एसएचओ सूची का इंतजार सूत्रों के अनुसार पुलिस विभाग में तबादलों का दौर अभी जारी रह सकता है। जल्द ही थाना प्रभारियों (एसएचओ) की तबादला सूची भी जारी होने की संभावना है, जिस पर पूरे जिले की नजर बनी हुई है।

चार साल से जलभराव में डूबा स्कूल का रास्ता:कीचड़ भरे रास्ते से स्कूल जाने को मजबूर बच्चे, ग्रामीणों ने समाधान की मांग उठाई

धौलपुर के बसेड़ी उपखंड की झील ग्राम पंचायत के कटेलपुरा गांव स्थित राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल के सामने पिछले चार सालों से जलभराव और कीचड़ की समस्या बनी हुई है। रोजाना छोटे बच्चों को गंदे पानी से होकर स्कूल पहुंचना पड़ रहा है, जबकि बरसात में कई विद्यार्थी स्कूल तक नहीं पहुंच पाते। पानी स्कूल भवन की नींव तक पहुंचने से उसकी मजबूती और बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। चार साल से नहीं मिला समाधान ग्रामीणों के अनुसार स्कूल मार्ग पर जलभराव की समस्या पिछले करीब चार सालों से बनी हुई है। बरसात के मौसम में हालात और अधिक गंभीर हो जाते हैं। गांव में समुचित जल निकासी व्यवस्था नहीं होने, नालों की सफाई नहीं होने और कई स्थानों पर नालों का निर्माण नहीं होने के कारण बारिश का पानी लंबे समय तक सड़क पर जमा रहता है। बच्चों की पढ़ाई पर पड़ रहा असर रोजाना छोटे बच्चों को कीचड़ और गंदे पानी से होकर स्कूल जाना पड़ता है। कई बार अभिभावक अपने बच्चों को गोद में उठाकर स्कूल तक छोड़ने को मजबूर होते हैं। फिसलन और जलभराव के कारण बारिश के दिनों में कई बच्चे स्कूल नहीं पहुंच पाते, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
भवन की सुरक्षा पर भी खतरा ग्रामीणों का कहना है कि बारिश का पानी स्कूल भवन की दीवारों की नींव तक पहुंच चुका है। इससे भवन की मजबूती पर खतरा मंडरा रहा है और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। राहगीरों और ग्रामीणों की बढ़ी परेशानी जलभराव के कारण सड़क के गड्ढे पानी में छिप जाते हैं, जिससे कई बाइक सवार फिसलकर गिर चुके हैं। गांव के कई घरों के सामने भी पानी जमा रहने से लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने पंचायत पर लगाए आरोप ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत ने बरसात से पहले नालों की सफाई और जल निकासी के लिए कोई प्रभावी तैयारी नहीं की। उनका कहना है कि समय रहते स्थायी समाधान नहीं किया गया तो समस्या और गंभीर हो सकती है।

लखनऊ में फ्लाई दुबई के विमान से पक्षी टकराया:इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई, 163 यात्री सवार थे; 6 घंटे से एयरपोर्ट पर खड़ा

लखनऊ में शनिवार सुबह 7:13 बजे फ्लाई दुबई के विमान की इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास लैंडिंग के दौरान विमान से पक्षी टकरा गया। पायलट ने सूझबूझ से विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई। विमान में सवार सभी 163 यात्रियों और क्रू मेंबर्स को सुरक्षित उतारा। एयरपोर्ट सूत्रों के मुताबिक, दुबई से लखनऊ आ रही फ्लाइट FD-443 को सुबह 6:35 बजे लखनऊ आनी थी। खराब मौसम की वजह से विमान करीब 38 मिनट लेट था। एयरपोर्ट के पास पहुंचने पर विमान बर्ड हिट का शिकार हो गया। जांच में 100% पॉजिटिव होने पर रवाना होगा पायलट ने तुरंत एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) को सूचना दी। इमरजेंसी लैंडिंग के लिए क्लियर रनवे की मांग की। एयरपोर्ट अथॉरिटी तुरंत हरकत में आई और फ्लाइट के लिए रनवे खाली कराया गया। लैंडिंग के बाद विमान को रनवे से हटाकर पार्किंग बे में खड़ा कर दिया गया, जहां उसकी विस्तृत तकनीकी जांच की जा रही है। एयरपोर्ट सूत्रों के मुताबिक, अगर सामान्य लैंडिंग हुई होती तो विमान को सुबह करीब 8:15 बजे से पहले दुबई के लिए रवाना कर दिया जाता। इंजीनियर अभी विमान की जांच कर रहे हैं, इसलिए विमान दोपहर 2 बजे यानी साढ़े 6 घंटे से एयरपोर्ट पर ही है। सभी सुरक्षा मानकों के 100 फीसदी पॉजिटिव रिजल्ट के बाद ही विमान को उड़ने की इजाजत दी जाएगी। क्या होता है ‘बर्ड हिट’?
एविएशन में ‘बर्ड हिट’ का मतलब होता है जब कोई पक्षी उड़ते या उतरते विमान से टकरा जाता है। यह अक्सर एयरपोर्ट के आसपास खुले कचरे या पेड़ों की वजह से होता है, जहां पक्षी ज्यादा आते हैं। ऐसे हादसों से इंजन को नुकसान पहुंच सकता है। लखनऊ से दुबई के लिए 2 डायरेक्ट फ्लाइट लखनऊ से दुबई के लिए 2 डायरेक्ट फ्लाइट हैं। एक यही फ्लाइट (एफडी-443) है। दूसरी रात में 10:20 बजे लखनऊ से दुबई जाती है। वह भी फ्लाई दुबई कंपनी की ही (एफजेड 8158) है। फिलहाल, आज सुबह दुबई जाने वाले कई लोग टिकट कैंसिल कराकर घर जा चुके हैं। वहीं, कई लोग अब भी फ्लाइट के टेकऑफ होने के इंतजार में एयरपोर्ट के अंदर बैठे हैं। 30 अप्रैल को विमान के सामने आ गया था बंदर इससे पहले 30 अप्रैल को एयरपोर्ट के रनवे पर इंडिगो एयरलाइंस की फ्लाइट के सामने बंदर आ गया। पायलट ने इमरजेंसी ब्रेक लगा दिए थे, जिससे फ्लाइट में सवार 135 यात्री घबरा गए थे। फ्लाइट रायपुर के लिए उड़ान भरने वाली थी। तुरंत ही फ्लाइट को टैक्सी-वे पर ले जाया गया। घटना सुबह 8.55 बजे इंडिगो एयरलाइंस की उड़ान (6E-6521) के साथ हुई। फ्लाइट उड़ान भरने के लिए रनवे पर कुछ दूरी तय कर चुकी थी। पायलट की सूझबूझ की वजह बड़ा हादसा टल गया। फ्लाइट ने सुबह 10.05 बजे रायपुर के लिए उड़ान भरी। अचानक ब्रेक लगने से फ्लाइट सवार सभी यात्री और क्रू मेंबर घबरा गए। एयरपोर्ट प्रशासन में भी हड़कंप मच गया। इस दौरान सुरक्षा में तैनात ‘फॉलो मी’ वाहन के कर्मचारियों ने तुरंत बंदर को रनवे से भगाया। वहीं, एयरपोर्ट प्रवक्ता ने दैनिक भास्कर से बातचीत में ऐसी किसी भी घटना से इनकार किया। ———————– ये खबर भी पढ़िए- यूपी में थार डूबी, हाईवे की बाउंड्री धंसी:पुल के ऊपर से बह रही नदी; 10 शहरों में बारिश, 75 में अलर्ट यूपी में मानसून जमकर बरस रहा है। पश्चिमी यूपी में नदियां उफना गई हैं। कई जगहों पर पुल के ऊपर से पानी बह रहा है। शुक्रवार देर रात 12.30 बजे लखनऊ, सुल्तानपुर, अयोध्या समेत 10 शहरों में तेज बारिश हुई। शनिवार तड़के तक रुक-रुक कर बूंदाबांदी होती रही। बाकी शहरों में बादल छाए हैं। कहीं-कहीं धूप निकली है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए सभी 75 जिलों में बारिश और ओले गिरने का अलर्ट जारी किया है। 13 शहरों में भारी बारिश का ऑरेंज और 27 शहरों में यलो अलर्ट है। (पूरी खबर पढ़िए)

सीकर में CI से लेकर हेड कॉन्स्टेबल तक के ट्रांसफर:कई थानों के SHO को नहीं बदला; कॉन्स्टेबल की लिस्ट भी जल्द

सीकर जिला पुलिस में बड़ा फेरबदल हुआ है। सीकर एसपी प्रवीण नायक ने जिले के कई CI,SI,ASI और हेड कॉन्स्टेबल का ट्रांसफर किया है। हालांकि कई थानाधिकारियों को यथावत भी रखा गया है। अब जल्द कॉन्स्टेबल की सूची भी जारी होगी। यथावत रहने वालों में थानाधिकारियों में जीणमाता SHO राकेश कुमार मीणा उद्योग नगर SHO राजेश कुमार बुडानिया,कोतवाली थाना SHO सुनील कुमार जांगिड़,लोसल SHO संगीता मीणा, खाटूश्यामजी सदर थाना SHO अमित कुमार नागौरा, जाजोद SHO गिरधारीलाल, थोई SHO नेकीराम,अजीतगढ़ SHO विजय सिंह, रानोली SHO रामलाल शामिल है। हालांकि अभी सीकर में ट्रैफिक इंचार्ज की पोस्ट ख़ाली है। इस पर भी जल्द ही इंस्पेक्टर लगया जा सकता है। पहले देखिए, CI और SI की ट्रांसफर लिस्ट अब देखिए ASI की ट्रांसफर लिस्ट अब देखिए हेड कॉन्स्टेबल ट्रांसफर लिस्ट

बीकानेर में 500 से ज्यादा पुलिसकर्मियों के तबादले:65 एएसआई समेत शहर के अधिकांश थानों का स्टाफ बदला

बीकानेर पुलिस महकमे में शुक्रवार को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया। एसपी मृदुल कच्छावा ने अलग-अलग आदेश जारी कर 500 से अधिक पुलिसकर्मियों के तबादले किए हैं। इनमें एएसआई, हेड कांस्टेबल और कांस्टेबल शामिल हैं। तबादलों के बाद शहर और जिले के अधिकांश थानों का स्टाफ बदल गया है और आने वाले दिनों में थानों में नए पुलिसकर्मी नजर आएंगे। कई तबादले पुलिसकर्मियों के खुद के आवेदन पर हुए हैं, जबकि कई प्रशासनिक जरूरत के आधार पर किए गए हैं। 65 एएसआई समेत सैकड़ों पुलिसकर्मियों के तबादले एसपी मृदुल कच्छावा की ओर से जारी आदेशों के अनुसार 65 एएसआई, 97 हेड कांस्टेबल, 44 हेड कांस्टेबल और 296 कांस्टेबलों के स्थानांतरण किए गए हैं। इनमें बड़ी संख्या में तबादले पुलिसकर्मियों के स्वयं के आवेदन पर किए गए हैं, जबकि कई स्थानांतरण प्रशासनिक आवश्यकता के आधार पर किए गए हैं। शहर और जिले के अधिकांश थानों का स्टाफ बदला इस बड़े फेरबदल के बाद कोटगेट, नयाशहर, गंगाशहर, बीछवाल, सदर, कोतवाली और एमपी नगर सहित शहर के लगभग सभी पुलिस थानों में एएसआई से लेकर कांस्टेबल स्तर तक का स्टाफ बदल गया है। पुलिस चौकियों पर भी नए पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। कुछ पुलिसकर्मियों को शहर तो कुछ को ग्रामीण क्षेत्रों में लगाया तबादलों के दौरान कुछ होनहार पुलिसकर्मियों को गांवों से शहर में लगाया गया है। वहीं शिकायतों के आधार पर कुछ पुलिसकर्मियों का तबादला शहर से दूर ग्रामीण थानों में किया गया है। प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत करने के लिए किया गया फेरबदल पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस बदलाव का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना और विभिन्न थानों में कार्य का संतुलित वितरण सुनिश्चित करना है। नए आदेशों के बाद स्थानांतरित पुलिसकर्मी अपने नए पदस्थापन स्थल पर कार्यभार ग्रहण करेंगे।

24 हजार लीटर से ज्यादा ड्रिंकिंग वाटर-एनर्जी ड्रिंक सीज:"शुद्ध आहार, मिलावट पर वार" के तहत खाद्य विभाग की कार्रवाई

राज्य सरकार के “शुद्ध आहार, मिलावट पर वार” अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने कामा कस्बे में बड़ी कार्रवाई की। शनिवार को की गई इस कार्रवाई में लगभग 24,300 लीटर/बोतल पैक्ड ड्रिंकिंग वाटर और एनर्जी ड्रिंक सीज किए गए। इसके अतिरिक्त, 5,000 लीटर अवधि पार कार्बोनेटेड पेय पदार्थ मौके पर ही नष्ट कर दिए गए। यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला, जिला कलक्टर मयंक मनीष और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय सिंघल के निर्देशन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी नरेन्द्र सिंह द्वारा की गई। टीम ने सबसे पहले कामा स्थित बंसल आर.ओ. वाटर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में साफ-सफाई का अभाव पाया गया और पेय पदार्थ जमीन पर बिखरे हुए मिले। इस पर फर्म संचालक को एफएसएस अधिनियम की धारा-32 के तहत इम्प्रूवमेंट नोटिस जारी किया गया। टीम ने ‘ब्लिसरी’ नाम से बेचे जा रहे पैक्ड ड्रिंकिंग वाटर का एक नमूना भी लिया और लगभग 15 हजार लीटर पैक्ड ड्रिंकिंग वाटर सीज कर दिया। इसी प्रतिष्ठान के गोदाम में लगभग 5 हजार लीटर अवधि पार स्प्राइट और मिरिंडा सहित अन्य कार्बोनेटेड पेय पदार्थ पाए गए, जिन्हें मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। इसके बाद, टीम ने ब्रिज धाम ट्रेडिंग पर कार्रवाई की। ब्रिज धाम ट्रेडिंग से ‘बूस्ट कैंपा’ कैफिनेटेड एनर्जी ड्रिंक का एक नमूना लिया गया और उसकी 9,300 बोतलें सीज की गईं। खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि दोनों प्रतिष्ठानों से कुल दो नमूने लेकर जांच के लिए जन स्वास्थ्य प्रयोगशाला, भरतपुर भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के तहत नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। कार्रवाई के दौरान व्यापारियों को खाद्य सुरक्षा नियमों का अनिवार्य रूप से पालन करने, स्वच्छता बनाए रखने तथा गुणवत्तापूर्ण खाद्य एवं पेय पदार्थों का ही भंडारण और विक्रय करने के निर्देश दिए गए।

सलूंबर में कलेक्टर ने मिशन ज्ञान वैन को दिखाई झंडी:जिले के हर ब्लॉक तक पहुंचेगी, मेधावी स्टूडेंट्स को किया सम्मानित

सलूम्बर जिले में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता लाने के उद्देश्य से ‘मिशन सलूम्बर-100’ का शुभारंभ किया गया। पीएमश्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, सलूम्बर में आयोजित जिला स्तरीय प्रतिभा सम्मान समारोह में यह पहल शुरू की गई। मेधावी स्टूडेंट्स को किया सम्मानित इस समारोह में माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की कक्षा 10वीं और 12वीं में जिला मेरिट में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। साथ ही, उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम देने वाले विद्यालयों के संस्था प्रधानों को भी प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। विभाग के कई अधिकारी रहे मौजूद कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अतिरिक्त जिला कलेक्टर डॉ. दिनेश राय सापेला थे, जबकि मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी माया बजाड़ ने अध्यक्षता की। विशिष्ट अतिथियों में मिशन ज्ञान के सीईओ जितेंद्र सोनी, शिक्षा समिति के अध्यक्ष दौलत सिंह कलासुआ और नगर मंडल भाजपा के अध्यक्ष विजेश भलवाड़ा सहित कई जनप्रतिनिधि और शिक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि डॉ. दिनेश राय सापेला ने बताया कि ‘मिशन सलूम्बर-100’ जिला प्रशासन की एक दूरदर्शी पहल है। इसका लक्ष्य जिले के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन प्रदान कर बोर्ड परीक्षाओं में शत-प्रतिशत उत्कृष्ट परिणाम सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि यह अभियान विद्यार्थियों के भविष्य को नई दिशा देगा और जिले की शिक्षा व्यवस्था को नई पहचान दिलाएगा। मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी माया बजाड़ ने विश्वास व्यक्त किया कि जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनैद के नेतृत्व में यह मिशन सफल होगा। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग इसे पूरी प्रतिबद्धता के साथ प्रभावी ढंग से लागू करेगा। वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना समारोह का एक महत्वपूर्ण क्षण तब आया जब जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनैद ने ‘मिशन ज्ञान’ वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कलेक्टर और अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने वैन के भीतर उपलब्ध डिजिटल संसाधनों और अध्ययन सामग्री का अवलोकन किया। इस दौरान सीईओ जितेंद्र सोनी ने वैन की कार्यप्रणाली की विस्तृत जानकारी दी। यह ‘मिशन ज्ञान’ वैन जिले के प्रत्येक ब्लॉक में निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार पहुंचेगी। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा की तैयारी, प्रतियोगी परीक्षाओं, करियर काउंसलिंग, उच्च शिक्षा के अवसरों, समय प्रबंधन, प्रेरक सत्रों और विभिन्न शैक्षणिक योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराना है। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों तक गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक मार्गदर्शन पहुंचाकर उन्हें भविष्य के बेहतर अवसरों से जोड़ना है। कार्यक्रम में इनका रहा सहयोग कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों के रूप में जयेश चौबीस, नरेश सुथार, महावीर जैन, रामचंद्र सालवी एवं दिलीप खटीक सहित शिक्षा विभाग के यशवंत कुमार मेहता, प्रेमशंकर चौबीसा एवं हरीश कलासुआ का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम का प्रभावी संचालन चंद्रवीर सिंह भाटी ने किया। शिक्षा के क्षेत्र में नई सोच, आधुनिक मार्गदर्शन और प्रतिभाओं के सम्मान के साथ ‘मिशन सलूम्बर-100’ ने जिले में शैक्षणिक उत्कृष्टता की एक नई उम्मीद जगा दी है।