कोटा में अंतर्राज्यीय 'लुटेरी दुल्हन' गिरोह के 8 सदस्य गिरफ्तार:बिहार तक फैला था ठगी का जाल; शादी के 2 दिन बाद ही फरार हो जाती थीं दुल्हनें
कोटा में रामगंजमंडी थाना पुलिस ने अंतर्राज्यीय ‘लुटेरी दुल्हन’ गिरोह के आठ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह राजस्थान, मध्य प्रदेश, झारखंड और बिहार तक फैला हुआ था और अविवाहित एवं उम्रदराज युवकों को शादी का झांसा देकर ठगी का शिकार बनाता था। इस गिरोह द्वारा पहले मंदिर में शादी करवाई जाती थी। फिर शादी के महज दो दिन बाद ही दुल्हनें अपने माता-पिता की बीमारी का बहाना बनाकर फरार हो जाती थीं। इतना ही नहीं, जिन महिलाओं की शादी करवाई जाती थी, वे पहले से ही शादीशुदा होती थीं। एसपी सुजीत शंकर ने शनिवार को मामले का खुलासा किया है। 3 पॉइंट में समझिए ‘लुटेरी दुल्हन’ गिरोह के ठगी की पूरी कहानी… 1. मंदिर में शादी रचाकर 2 दिन में हो जाती थीं फरार कोटा जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) सुजीत शंकर ने बताया कि रामगंजमंडी थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अंतर्राज्यीय ‘लुटेरी दुल्हन’ गिरोह के आठ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह राजस्थान, मध्य प्रदेश, झारखंड और बिहार तक फैला हुआ था, जो अविवाहित और उम्रदराज युवकों को निशाना बनाता था। गिरोह के दलाल पहले लड़कों को लड़कियों की तस्वीरें दिखाते थे और फिर झारखंड से युवतियों को बुलाकर मंदिर में नकली शादी करवा देते थे। शादी के नाम पर पीड़ितों से एक से दो लाख रुपये ऐंठे जाते थे, लेकिन शादी के महज एक-दो दिन बाद ही ये दुल्हनें (जो पहले से ही शादीशुदा होती थीं) अपने माता-पिता की बीमारी का झूठा बहाना बनाकर गहने और नकदी समेटकर फरार हो जाती थीं। 2. दो शिकायतों से शुरू हुई जांच एसपी सुजीत शंकर ने बताया कि इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश दो अलग-अलग पीड़ितों की शिकायतों के बाद हुआ। पहली शिकायत 13 जुलाई को सांडपुरा निवासी दिनेश कुमार ने दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने बताया कि गिरोह ने उनके साथ नकली शादी करवाकर पैसों की बड़ी धोखाधड़ी की है। इसके बाद, 16 जुलाई को हिरियाखेड़ी निवासी दिलीप सिंह ने भी इसी तरह की ठगी की शिकायत दर्ज कराई। इन दोनों ही मामलों में आरोपियों ने पीड़ितों को शादी का झांसा देकर लाखों रुपये हड़प लिए थे। इन शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस की एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने जाल बिछाकर गिरोह के आठ सदस्यों को धर दबोचा। 3. पहले भी कई लोगों को लूट चुका था गिरोह एसपी ने आगे खुलासा किया कि इस गिरोह ने पहले भी कई इलाकों में इसी तरह की वारदातों को अंजाम देकर लाखों रुपये लूटे हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरोह की सदस्य पूजा ने मध्य प्रदेश के मोड़ी हरिपुरा निवासी सुरेश पाटीदार से 1 लाख रुपये, अंजलि ने झालावाड़ के दीपक मीणा से 1 लाख रुपये, शिवानी ने असनावर के टिंकू सिंह से 1.10 लाख रुपये, पिंकी ने अकलेरा के सत्यनारायण से 1.50 लाख रुपये और सुनीता मुखर्जी ने बूंदी के डाबी निवासी धनराज से 1.10 लाख रुपये शादी के नाम पर हड़पे थे। एसपी सुजीत शंकर के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की जा रही है और आशंका है कि इस गिरोह ने अन्य राज्यों में भी कई लोगों को अपना शिकार बनाया है। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।

