ब्रेकिंग न्यूज़
यूक्रेन में शिप पर हमला, 4 भारतीयों की मौत:भारत ने कहा- कारोबारी जहाजों को निशाना बनाना गलत; यूक्रेन बोला- रूसी मिसाइलों से हमला हुआ

यूक्रेन के ओडेसा पोर्ट से रवाना हुए कार्गो जहाज ‘MV गोल्डन लियो’ पर रविवार को हुए हमले में चार भारतीय नागरिकों की मौत हो गई। एक भारतीय गंभीर रूप से घायल है और अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है। भारत सरकार ने सोमवार को इसकी पुष्टि करते हुए हमले की कड़ी निंदा की और कहा कि कारोबारी जहाजों और निर्दोष नागरिकों को निशाना बनाना पूरी तरह गलत है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारतीय दूतावास लगातार यूक्रेनी अधिकारियों के संपर्क में है और प्रभावित लोगों की हरसंभव मदद की जा रही है। उधर, यूक्रेनी अधिकारियों के मुताबिक गोल्डन लियो जहाज ओडेसा से मक्का लेकर रवाना हुआ था। पोर्ट से निकलने के कुछ देर बाद उस पर तीन रूसी क्रूज मिसाइलों से हमला किया गया। यूक्रेन की नौसेना ने कहा कि हमले के बाद जहाज में आग लग गई। रॉयटर्स के मुताबिक, समुद्र में जहाज से घना धुआं उठता देखा गया, जिसकी बाद में पहचान हुई। हमले के बाद की 3 तस्वीरें… जहाज पर कुल 17 क्रू मेंबर सवार थे, जिनमें 5 भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) के मुताबिक, 19 जुलाई की शाम अफ्रीकी देश गिनी-बिसाऊ के झंडे वाले इस जहाज पर हमला हुआ। उस समय जहाज पर कुल 17 क्रू मेंबर थे, जिनमें पांच भारतीय शामिल थे। विदेश मंत्रालय ने मारे गए भारतीयों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायल भारतीय के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, भारत ऐसे हमलों की निंदा करता है। कारोबारी जहाजों और निर्दोष नागरिक क्रू को निशाना बनाना या समुद्री व्यापार और नेविगेशन की आजादी में बाधा डालना निंदनीय है और इससे बचा जाना चाहिए। वहीं, यूक्रेन के समुद्री बंदरगाह प्राधिकरण के मुताबिक घटना के बाद पूरी रात सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। हमले में नौ क्रू मेंबर और एक समुद्री पायलट की मौत हुई, जबकि 17 में से आठ क्रू मेंबर को सुरक्षित बचा लिया गया। ब्लैक सी में बढ़ता तनाव, कारोबार पर असर यह हमला ऐसे समय हुआ है, जब रूस और यूक्रेन के बीच ब्लैक सी और सी ऑफ एजोव में सैन्य गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं। इससे कारोबारी जहाजों और अनाज के निर्यात पर खतरा बढ़ गया है। 2022 में रूस के यूक्रेन पर हमले के बाद ब्लैक सी दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री इलाकों में शामिल हो गया। कुछ अंतरराष्ट्रीय समझौतों से अनाज का निर्यात फिर शुरू हुआ था, लेकिन हाल के महीनों में बढ़े हमलों से यह व्यवस्था फिर प्रभावित हुई है। यूक्रेन लगातार रूस के ऊर्जा ढांचे और तेल टैंकरों को निशाना बना रहा है। वहीं रूस ने यूक्रेन के बंदरगाहों, ईंधन भंडारण केंद्रों और कार्गो जहाजों पर मिसाइल और ड्रोन हमले तेज कर दिए हैं। रूस के रक्षा मंत्रालय ने भी दावा किया है कि उसकी सेना ने ओडेसा बंदरगाह पर ईंधन भंडारण केंद्रों पर हमला किया। वैश्विक अनाज कारोबार पर भी असर यूक्रेन दुनिया के कुल गेहूं निर्यात का करीब 6% और मक्का निर्यात का लगभग 11% हिस्सा देता है। लेकिन लगातार हो रहे मिसाइल और ड्रोन हमलों के कारण ब्लैक सी के जरिए होने वाला यूक्रेन का अनाज निर्यात करीब एक-तिहाई तक प्रभावित हुआ है। दूसरी तरफ यूक्रेनी हमलों का असर रूस के अनाज कारोबार पर भी पड़ा है। रॉयटर्स के मुताबिक, यूक्रेन के हमलों के कारण रूस को सी ऑफ एजोव के रास्ते होने वाली जहाजों की आवाजाही सीमित करनी पड़ी है। इसी रास्ते से रूस के करीब एक-चौथाई अनाज का निर्यात होता है। —————– ये खबर भी पढ़ें… यूक्रेन के हमले से रूस में भी होर्मुज जैसा संकट:एजोव सागर में जहाजों की आवाजाही रुकी, 9 दिन में 116 जहाजों पर हमले हुए यूक्रेन के लगातार ड्रोन हमलों के बाद रूस को बड़ा झटका लगा है। इस सप्ताह हमलों की वजह से रूस को एजोव सागर के अहम समुद्री रास्तों पर जहाजों की आवाजाही रोकनी पड़ी। इससे दुनिया के दूसरे देशों के साथ रूस का व्यापार प्रभावित होने लगा है। पूरी खबर पढ़ें…

पाली में शुरू हुई पैकिंग थैलियों की कटिंग मशीन:250 महिलाओं को मिलेगा रोजगार; रोज तैयार हो सकेंगे 2 लाख प्लास्टिक पाउच

टेक्सटाइल हब पाली की कपड़ा इंडस्ट्रीज में रोजाना होने वाली प्लास्टिक पैकिंग पाउच (थैलियों) की भारी मांग को देखते हुए शहर में आधुनिक कटिंग-स्लिटिंग मशीन स्थापित की गई है। इस पहल से स्थानीय उद्यमियों को गुजरात से कम दामों पर पैकिंग सामग्री मिलेगी, साथ ही करीब 250 महिलाओं को रोजगार भी मिलेगा। सोमवार शाम मंडिया रोड स्थित सरस्वती स्कूल में लघु उद्योग भारती, पाली की ओर से हुए कार्यक्रम में इस मशीनरी का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने 28 इंच पीवीसी कटिंग मशीन और 63 इंच नॉन-वूवन स्लिटिंग मशीन की कार्यप्रणाली के बारे में जानकारी दी। रोजाना 3 लाख पाउच की जरूरत
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख ने बताया कि पाली की कपड़ा इंडस्ट्रीज में सलवार-सूट और अन्य तैयार वस्त्रों की पैकिंग के लिए रोजाना करीब 3 लाख प्लास्टिक थैलियों की जरूरत होती है। अब तक स्थानीय उद्यमी इन्हें सूरत और बड़ौदा (गुजरात) से मंगवाते थे। पाली में ही मशीन स्थापित होने से अब उद्यमियों को गुजरात की तुलना में भी कम दरों पर पैकिंग मैटेरियल स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेगा। 250 महिलाओं को मिलेगा रोजगार
पूर्व विधायक पारख ने बताया कि मशीन से रोजाना लाखों पाउच की कटिंग की जाएगी, जिनकी सिलाई और जिप (चैन) लगाने का कार्य महिलाओं द्वारा किया जाएगा। इससे एक ही मशीन के माध्यम से करीब 250 महिलाओं को रोजगार मिलेगा। भविष्य में मांग बढ़ने पर शहर में ऐसी और भी मशीनें लगाई जाएंगी। कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में लघु उद्योग भारती के अखिल भारतीय संगठन महामंत्री प्रकाशचंद गुप्ता, समाजसेवी भगवती महेश बल्दवा, पूर्व सभापति महेंद्र बोहरा, राजू भाई मेड़तिया, विनय बम्ब, रामकिशोर साबू, नारायण कुमावत, महावीरसिंह टेवाली, रमेश परिहार, राजेंद्रसिंह धुरासनी, तिलोक चौधरी, जितेन्द्र भाटी, मानवेन्द्र सिंह भाटी, मुकेश प्रजापत, मुकेश गोस्वामी और रणवीरसिंह राजपुरोहित सहित कई लोग मौजूद रहे।

जयपुर में घर में सिलेंडर भभका, टीचर 90% झुलसी:पड़ोसी ने छत कूदकद बचाया; पुलिस ने कहा- चूल्हे से पाइप-रेगुलेटर हटा हुआ था

जयपुर में एक मकान में सिलेंडर भभकने से एक महिला 90% झुलस गई। यह हादसा मोतीडूंगरी थाना क्षेत्र स्थित मोतीडूंगरी रोड के आनंदपुरी इलाके में सोमवार शाम साढे़ 6 बजे हुआ। गली नंबर-1 स्थित मकान संख्या P-12 की दूसरी मंजिल पर हुए हादसे में गंभीर घायल महिला स्वाति सैनी (40) को प्राइवेट हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया। हादसे के बाद स्वाति को पड़ोसी ने बचाया। घटना की सूचना मिलते ही मोतीडूंगरी थाना प्रभारी मोहन पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेट्री) टीम को भी मौके पर बुलाया गया। शुरुआती जांच में पुलिस पूरे घटनाक्रम को संदिग्ध मानकर सभी पहलुओं से जांच कर रही है। मोतीडूंगरी थानाधिकारी मोहन सिंह ने बताया- घर में महिला स्वाति सैनी अकेली थी। दूसरे फ्लोर पर रखे सिलेंडर में से गैस चूल्हे से पाइप और रेगुलेटर को हटाया गया था। सूचना पर पहुंचकर महिला को 112 पुलिस गाड़ी से SMS इलाज के लिए रवाना किया गया। इसके बाद परिजन महिला को इलाज के लिए दुर्लभजी हॉस्पिटल ले गए। घायल स्वाति सैनी एक निजी स्कूल में शिक्षिका हैं। उनकी शादी हरीश सैनी से हुई है। दंपती की दो बेटियां हैं। दूसरी मंजिल के हॉल में लगी आग पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह जानकारी सामने आई कि सिलेंडर किचन में नहीं, बल्कि हॉल में रखा था। दूसरी मंजिल पर स्वाति सैनी अपने पति हरीश सैनी के साथ रहती थीं, जबकि हॉल के आगे किचन बना हुआ है। मौके पर हॉलनुमा कमरे में आग लगने के कारण कमरे में काले धुएं के निशान दिखाई दिए। वहीं कमरे में लगी एक तस्वीर का शीशा भी टूटा हुआ मिला। पड़ोसी बचाने पहुंचा हादसे के बाद मकान के पीछे रहने वाले पड़ोसी सबसे पहले पहुंचे। छत के रास्ते गेट तोड़कर जिस कमरे में स्वाति थी, वहां पहुंचे। इस दौरान स्वाति काफी झुलस चुकी थी। पड़ोसियों की सूचना के बाद में मौके पर अन्य लोग भी एकत्र हो गए और पुलिस को सूचना दी गई। एक ही मकान में रहता है परिवार जानकारी के अनुसार- मकान की पहली मंजिल पर स्वाति के जेठ गोविंद और जेठानी रीना रहते हैं। परिवार में सास गीता देवी और ससुर सत्यनारायण सैनी भी निवास करते हैं। मकान का ग्राउंड फ्लोर किराए पर दिया हुआ है। पुलिस ने जुटाए सबूत पुलिस और एफएसएल टीम घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि आग वास्तव में सिलेंडर ब्लास्ट से लगी या इसके पीछे कोई अन्य कारण है। घटनास्थल की परिस्थितियां सामान्य सिलेंडर दुर्घटना से अलग दिखाई देने के कारण पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। जांच रिपोर्ट और एफएसएल की राय के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी।

दोस्त को लोन दिलाने का झांसा देकर लाखों की ठगी:6 महीने से फरार आरोपी को अजमेर से दबोचा, अकाउंट से लोन की किस्त कटी तो खुला राज

जोधपुर में दोस्त को लोन दिलाने के नाम पर आरोपी दोस्त ने लाखों रुपए की धोखाधड़ी कर दी। आरोपी ने पीड़ित के डॉक्यूमेंट लगाकर उसके फर्जी साइन कर क्रेटा कार समेत लाखों का इलेक्ट्रॉनिक्स का सामान लोन पर उठा लिया। जब पीड़ित के अकाउंट से लोन की किस्तें कटी तो पूरे मामले का खुलासा हुआ। बासनी थाना पुलिस ने 6 महीने से फरार आरोपी सुनील राव (34) पुत्र साबूराम निवासी मेलाणा खेड़ापा को अजमेर से दबिश देकर गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल पुलिस आरोपी से इलेक्ट्रॉनिक्स सामान की बरामदगी के लिए पूछताछ कर रही है। लोन के नाम पर आरोपी ने लिए पीड़ित के डॉक्यूमेंट्स बासनी थानाधिकारी गजेंद्र कुमार की टीम ने यह कार्रवाई की है। पुलिस ने बताया कि पीड़ित हेमराज सोलंकी को पैसों की जरूरत थी। उसने अपने दोस्त सुनील राव से मदद मांगी। सुनील ने हेमराज को पर्सनल लोन दिलवाने का झांसा दिया और उससे आधार कार्ड, पैन कार्ड, फोटो, बैंक पे-स्लिप और खाली चेक ले लिए। इसके बाद आरोपी ने पीड़ित के फर्जी साइन कर बजाज फाइनेंस, आईडीएफसी फाइनेंस और एचडीएफसी बैंक से क्रेटा कार, एलईडी टीवी, मोबाइल और वाशिंग मशीन फाइनेंस करवा ली और खुद यूज करने लगा। जब हेमराज के खाते से लोन की किस्तें कटने लगीं, तब उसे अपने साथ हुई ठगी का पता चला। 6 महीने बाद पुलिस ने अजमेर से आरोपी को दबोचा उन्होंने बताया कि घटना के बाद जब पीड़ित ने कोर्ट के जरिए बासनी थाने में मामला दर्ज कराया तो आरोपी फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल नंबरों और सोशल मीडिया अकाउंट्स का तकनीकी विश्लेषण किया। करीब 6 महीने की तलाश के बाद पुलिस टीम ने उसे अजमेर से गिरफ्तार कर लिया। फाइनेंस कंपनी पहले ही जब्त कर चुकी है क्रेटा कार थानाधिकारी गजेंद्र कुमार ने बताया कि आरोपी सुनील राव काफी शातिर किस्म का है। लोन चुकता न करने के कारण फाइनेंस कंपनी ने पहले ही क्रेटा कार जब्त कर ली थी। उन्होंने बताया कि आरोपी को कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है, ताकि फर्जी तरीके से खरीदे गए अन्य इलेक्ट्रॉनिक्स सामानों की बरामदगी की जा सके। कार्रवाई में एएसआई नैनाराम, कॉन्स्टेबल शंकरलाल और जितेंद्र सिंह शामिल रहे।

जोधपुर में डिलीवरी से पहले प्रसूता की तबीयत बिगड़ी:4 प्रसूताओं में से दो वेंटिलेटर और दो डायलिसिस पर; एक दिन में हुईं 68 डिलीवरी

जोधपुर में डिलीवरी से पहले एक और प्रसूता की ​तबीयत बिगड़ गई। महिला को रविवार को उम्मेद हॉस्पिटल रेफर किया गया था, जिसे दौरे आने लगे थे। हालांकि उसकी हालत में सुधार है, लेकिन उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। वहीं इससे पहले एक प्रसूता समू की रविवार को महात्मा गांधी हॉस्पिटल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इधर, मथुरादास माथुर और उम्मेद हॉस्टिपल में सोमवार को 68 डिलीवरी हुईं। इनमें 33 सिजेरियन डिलीवरी थी। अभी महात्मा गांधी और उम्मेद हॉस्पिटल में दो-दो प्रसूताएं ए​डमिट हैं। महात्मा गांधी में भर्ती दो प्रसूताएं डायलिसिस पर हैं, जबकि उम्मेद में भर्ती दोनों महिलाएं वेंटिलेटर पर हैं। रेफर होकर आई थी एक प्रसूता डॉ. एसएन मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीएस जोधा ने बताया- एक प्रसूता रेफर होकर रविवार शाम को उम्मेद हॉस्पिटल आई थी। डिलीवरी से पहले उसे दौरे आने लगे थे। वहीं डिलीवरी के बाद भी उसे दौरे आए थे। इसके बाद उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। वहीं इससे पहले यहां भर्ती एक और प्रसूता सरोज भी वेंटिलेटर पर है। उसे ​डिलीवरी के दौरान कॉर्डिक प्रॉब्लम हुई थी। हालांकि दोनों की स्थिति में सुधार है। वहीं गलत खून चढ़ाने से धापू की 13 जुलाई को तबीयत बिगड़ गई थी। इसके बाद उसे महात्मा गांधी हॉस्पिटल में एडमिट किया गया था। ऐसे में उसका लगातार डायलिसिस चल रहा है। एक दिन में हुई 68 डिलीवरी, 33 सिजेरियन डॉ. एसएन मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीएस जोधा ने बताया- अभी तक सभी केस जो आए हैं, वे रेफरल हैं। इसकी भी रिपोर्ट हमने भेजी है। उन्होंने बताया- मथुरादास माथुर हॉस्पिटल में 19 डिलीवरी हुई थी। इनमें 9 सिजेरियन थे। जबकि उम्मेद हॉस्पिटल में 49 डिलीवरी हुई थी। इसमें से 24 सिजेरियन और 25 नॉर्मल थी। दोनों हॉस्पिटल में 33 सिजेरियन हुए हैं और सभी की हालत सामान्य है। गलत खून चढ़ाने वाले मामले में अब तक नहीं सौंपी रिपोर्ट इधर, गलत खून चढ़ाने के मामले में अभी तक पूरी रिपोर्ट नहीं सौंपी है। दरअसल, उम्मेद हॉस्पिटल की ओर से प्रारंभिक रिपोर्ट दे दी गई थी, लेकिन इनमें लापरवाही बरतने वालों के नाम नहीं थे। इस पर मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीएस जोधा ने सभी के नाम मांगे थे। डॉ. बीएस जोधा ने बताया- इनमें नाम मांगे गए थे। ये रिपोर्ट अभी सब्मिट नहीं हुई है। रिपोर्ट मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यह खबर भी पढ़ें… डिलीवरी के बाद खून नहीं रुका तो बच्चेदानी निकाली,अब मौत:महिला की किडनी डैमेज हुई; जोधपुर में 25 दिन से वेंटिलेटर पर थी कोटा, बीकानेर, बांसवाड़ा के बाद अब जोधपुर में भी एक प्रसूता की मौत हो गई। महिला की 24 जून को तिंवरी हॉस्पिटल में नॉर्मल डिलीवरी हुई थी। डिलीवरी के बाद खून नहीं रुका तो उसे उम्मेद हॉस्पिटल रेफर किया गया था। (पूरी खबर पढ़ें)

जोधपुर में टैक्सी में मोबाइल लूटकर भागे 2 बदमाश:पुलिस ने 24 घंटे में पकड़ा, पाली के रहने वाले हैं आरोपी

जोधपुर के शास्त्रीनगर थाना क्षेत्र स्थित रोटरी चौराहे पर एक टैक्सी चालक से मोबाइल छीनकर भागने की वारदात का पुलिस ने महज 24 घंटे के अंदर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी किया गया मोबाइल वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल जब्त कर ली गई है। मामले।में किशोर कुमार (25) पुत्र लक्ष्मणराम, अर्जुन (22) पुत्र लक्ष्मणराम, निवासी जगदंबा कॉलोनी नया गांव पाली को गिरफ्तार कर लिया। क्या है पूरा मामला कापरड़ा निवासी प्रमोदपुरी पुत्र छोटूपुरी रातानाडा इलाके में टैक्सी चलाता है। 19 जुलाई की शाम करीब 5:45 बजे वह रोटरी चौराहे के पास सरकारी स्कूल के सामने अपनी टैक्सी खड़ी कर पिछली सीट पर बैठा था। उसका वन प्लस मोबाइल टैक्सी के डैशबोर्ड पर रखा हुआ था। इसी दौरान रिक्तिया भैरूजी चौराहे की तरफ से एक बाइक पर दो युवक आए। उनमें से एक युवक बाइक से उतरा और डैशबोर्ड से मोबाइल उठाकर बाइक पर बैठकर भागने लगा। जब प्रमोदपुरी ने हिम्मत दिखाकर बदमाशों का पीछा किया, तो आरोपियों ने उसे धक्का दे दिया और मेडिकल चौराहे की तरफ फरार हो गए। वारदात के बाद पीड़ित की शिकायत पर शास्त्रीनगर थानाधिकारी दिनेश लखावत के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस ने इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और मुखबिरों को सक्रिय किया। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने आरोपियों को ट्रेस आउट कर पाली जिले के ट्रांसपोर्ट नगर थाना क्षेत्र से दबोच लिया। कार्रवाई में थानाधिकारी दिनेश लखावत, एएसआई थानाराम, एएसआई घेवरराम, कांस्टेबल महेन्द्र, राजूराम और राजेन्द्र शामिल रहे।

ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर युवक ने किया था सुसाइड:कॉल रिकॉर्डिंग से 2 महीने बाद पता चला; 2 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज

बांसवाड़ा जिले के तलवाड़ा क्षेत्र में गत दिनों हुई एक युवक के सुसाइड मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि सुसाइड से एक दिन पहले 8 मई को मृतक मोहनराम ने अपने गांव के एक युवक को फोन किया था। कॉल रिकॉर्डिंग में मृतक रोते और घबराते हुए बता रहा था कि हीराराम और पाबूराम उसके अश्लील फोटो-वीडियो वायरल कर रहे हैं। उसने परेशान होकर कहा था कि ‘यह उसका आखिरी कॉल है।’ इसके अगले ही दिन उसने जान दे दी। मोबाइल में मिली कॉल रिकॉर्डिंग के आधार पर पुलिस ने बालोतरा जिले के गिड़ा थाना क्षेत्र के हीराराम (37) पुत्र तेजाराम जाट और बाबूराम उर्फ पाबूराम (36) पुत्र रूपाराम जाट के खिलाफ मामला दर्ज किया है। फंदे से लटका मिला था शव
सदर थानाधिकारी रूपसिंह ने बताया कि गत 9 मई को तलवाड़ा से आगे डूंगरपुर रोड स्थित सामागढ़ा मोड़ के पास मोहनराम का शव सड़क किनारे खड़े ट्रक से रस्सी के सहारे लटका मिला था। सूचना पर पहुंची तलवाड़ा थाना पुलिस ने शव को महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचाकर पोस्टमॉर्टम करवाया और परिजनों को सौंप दिया। उस समय परिजनों ने बिना किसी संदेह के गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया था। अंतिम संस्कार के बाद अश्लील फोटो-वीडियो की जानकारी मिली
अंतिम संस्कार के कुछ दिनों बाद क्षेत्र में मृतक के कुछ आपत्तिजनक फोटो और वीडियो सामने आने लगे। इसके बाद पुलिस की कस्टडी में मौजूद मृतक के मोबाइल की डिजिटल और तकनीकी जांच की गई, तो ब्लैकमेलिंग का खुलासा हुआ था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों पर मृतक को आपत्तिजनक तस्वीरें भेजकर वायरल करने की धमकी देने और रुपयों के लेन-देन को लेकर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।

ग्रामीण-शहरी सेवा शिविर की अवधि 31 अगस्त तक बढ़ी:सीएम ने कहा- अधिकारी बहाने नहीं बनाएं, समय पर काम पूरा करें; 2 अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई

प्रदेश में सरकार ने ग्रामीण-शहरी शिविर की अवधि 31 अगस्त तक बढ़ा दी है। एक बार फिर प्रदेशभर में यह शिविर मंगलवार से लगेंगे। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोमवार को सीएमआर में राज उन्नति की 7वीं बैठक के दौरान शिविरों के समीक्षा करते हुए इनकी डेट बढ़ाने का फैसला लिया। बैठक में सीएम ने 7 विभागों की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की। सीएम ने कहा- विकास परियोजनाओं को टाइमलाइन में पूरा कर जनता को समय पर लाभ पहुंचाना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। इसमें किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जा सकती है। उन्होंने अधिकारियों को संदेश दिया- वे काम में बहाने नहीं बनाएं और जनता के काम को समय पर पूरा करें। दो अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई मुख्यमंत्री भजनलाल ने बैठक में संपर्क पोर्टल पर दर्ज परिवादों की समीक्षा करते हुए बूंदी जिले में प्रसूति सहायता योजना के तहत लाभार्थी मनीषा मीणा को समय पर लाभ नहीं मिलने पर संयुक्त श्रम आयुक्त दीपक यादव और संकेत मोदी के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। परिवादी ने साल 2023 में प्रसूति सहायता योजना के तहत आवेदन किया था, जिसे दस्तावेज अपूर्ण बताते हुए निरस्त कर दिया गया। वहीं प्रतापगढ़ में चुपना के राजीविका के जागृति क्लस्टर संगठन की शिकायत पर संबंधित अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से चार्जशीट देने के निर्देश दिए। संगठन ने शिकायत दी थी कि ब्लॉक परियोजना प्रबंधक धर्मेन्द्र पंवार द्वारा उनके क्लस्टर संगठन का खाता बंद कर दिया गया और उनसे कमीशन की मांग की गई। इस संबंध में संगठन ने विभिन्न स्तरों पर परिवाद दर्ज कराया। शिकायत प्रथमदृष्टया सही पाई जाने के बावजूद लंबे समय तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। कार्रवाई में देरी पर मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को चार्जशीट दिए जाने के निर्देश दिए। 15 जुलाई तक 19 हजार से ज्यादा शिविर लगे प्रदेशभर में 12 जून से 15 जुलाई तक शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 19 हजार से ज्यादा शिविर आयोजित हो चुके हैं। शहरी सेवा शिविरों में 42 हजार से अधिक पट्टे जारी करने के साथ ही 13 हजार से अधिक नाम हस्तांतरण भी किए गए। वहीं, 1 लाख से अधिक जन्म-मृत्यु और विवाह पंजीकरण, पालनहार योजना में 12 हजार से अधिक सत्यापन, 18 हजार से अधिक पीएम स्वनिधि ऋण आवेदन तथा 41 हजार से अधिक विद्युत कनेक्शन उपलब्ध करवाए गए। इसी प्रकार ग्रामीण सेवा शिविरों में 1 लाख 97 हजार से अधिक नामांतरण, लगभग 48 हजार से अधिक पत्थरगढ़ी/सीमाज्ञान, 27 हजार से अधिक आपसी सहमति से विभाजन तथा 18 हजार से अधिक रास्तों के प्रकरणों का निस्तारण किया गया। साथ ही ग्रामीण सेवा शिविरों में 25 लाख से अधिक लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार, 11 लाख से अधिक की टीबी स्क्रीनिंग तथा साढ़े 4 लाख से अधिक महिलाओं की ओरल, ब्रेस्ट एवं सर्वाइकल कैंसर की स्क्रीनिंग भी की गई।

शतरंज खिलाड़ी जुडित पोलगर बन सकती हैं हंगरी की राष्ट्रपति:आनंद-कार्लसन को हराया, 26 साल नंबर-1 रहीं, यंगेस्ट ग्रैंडमास्टर का रिकॉर्ड तोड़ा

पूर्व शतरंज स्टार जुडित पोलगर हंगरी की राष्ट्रपति बन सकती हैं। उन्हें हंगरी के प्रधानमंत्री पीटर मग्यार ने राष्ट्रपति पद के लिए इन्विटेशन भेजा है। पीएम पीटर ने फेसबुक पोस्ट पर लिखा की वह राष्ट्रपति पद जुडित को सौंपने का प्रस्ताव देंगे।’ 49 साल की जुडित दुनिया की सर्वश्रेष्ठ महिला चेस प्लेयर्स में शामिल रहीं। उन्होंने सिर्फ 15 साल 4 महीने की उम्र में ग्रैंडमास्टर बनकर यंगेस्ट प्लेयर का रिकॉर्ड बनाया था। इस साल उनकी जिंदगी पर बनी डॉक्यूमेंट्री ‘द क्वीन ऑफ चेस’ भी रिलीज हुई। जानिए जुडित पोलगर की जर्नी… महिला वर्ग की बजाय ओपन टूर्नामेंट्स खेले जुडित सिर्फ 6 साल की उम्र से ही चेस टूर्नामेंट्स खेलने लगी थी। वे करियर में महिला वर्ग खेलने की जगह ओपन टूर्नामेंट्स खेलीं। उन्होंने पुरुष खिलाड़ियों से भी मैच खेले। 2005 में वह विश्व रैंकिंग में आठवें स्थान तक पहुंचीं, जो किसी महिला खिलाड़ी की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग है। वे इकलौती शतरंज महिला खिलाड़ी हैं, जिन्होंने 2700+ येलो रेटिंग का आंकड़ा पार किया। बॉबी फिशर का रिकॉर्ड तोड़ा, 11 वर्ल्ड चैंपियंस को हराया पोलगर ने 15 साल 4 महीने की उम्र में ग्रैंडमास्टर बनकर बॉबी फिशर का सबसे कम उम्र में ग्रैंडमास्टर बनने का रिकॉर्ड तोड़ दिया था। उन्होंने गैरी कास्पारोव, विश्वनाथन आनंद, अनातोली कार्पोव, बोरिस स्पास्की और मैग्नस कार्लसन सहित 11 विश्व चैंपियनों को क्लासिकल या रैपिड मुकाबलों में हराया। 26 साल तक नंबर-1 महिला खिलाड़ी रहीं पोलगर लगातार 26 साल 28 दिनों तक महिला विश्व रैंकिंग में नंबर-1 रहीं। वे 1 फरवरी 1989 से लेकर 1 मार्च 2015 तक रैकिंग में लगातार पहला पोजिशन बरकरार रखा। उन्होंने पांच बार शतरंज ओलंपियाड का खिताब जीता। उन्हें हंगरी के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में शामिल ‘ऑर्डर ऑफ सेंट स्टीफन’ से भी सम्मानित किया गया। जुडित ने भारतीय खिलाड़ियों की तारीफ की थी मार्च 2026 में एक इंटरव्यू में जुडित पोलगर ने कहा था कि अगली ‘जुडित पोलगर’ भारत से आ सकती है। उन्होंने भारतीय जूनियर खिलाड़ियों और देश में तेजी से बढ़ रहे शतरंज के स्तर की भी तारीफ की थी। PM बोले- ऐसी राष्ट्रपति चाहिए जिस पर हर नागरिक गर्व करे पीटर मग्यार ने कहा कि हमारे देश को एकता, शांति और ऐसी राष्ट्रपति की जरूरत है जिसपर हर हंगेरियन गर्व कर सके। जुडित पोलगर की पहचान राजनीति से नहीं, बल्कि उनकी प्रतिभा, मेहनत और ईमानदारी से बनी है। मग्यार ने कहा अगर जुडित जिम्मेदारी स्वीकार करती हैं, तो यह उनके लिए सम्मान की बात होगी। ———————————– स्पोर्ट्स की ये खबर भी पढ़ें… स्पेन को फुटबॉल वर्ल्डकप जिताने वाले 7 हीरो:गोलकीपर सिमोन ने सिर्फ एक गोल खाया, रोड्री ने 803 पास दिए; टोरेस का फाइनल में गोल स्पेन ने अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर फुटबॉल वर्ल्ड कप का दूसरा खिताब जीता। टीम की सबसे बड़ी ताकत उसका दमदार डिफेंस रहा। उसके खिलाफ पूरे टूर्नामेंट में सिर्फ एक गोल हुआ। पूरी खबर पढ़ें…

आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का सचिवालय पर प्रदर्शन:मानदेय बढ़ाने और नियमित करने की मांग पर नारेबाजी, पुलिस ने किया डिटेन

आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर महिला एवं बाल विकास विभाग के निदेशालय और शासन सचिवालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने नियमितिकरण, मानदेय बढ़ाने और आंगनवाड़ी कर्मियों से गैर-आईसीडीएस कार्य नहीं करवाने की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारी महिलाओं को डिटेन कर गांधीनगर थाने पहुंचाया। बाद में सभी को थाने से छोड़कर उनके-अपने घरों के लिए रवाना कर दिया गया। 1 जुलाई से चल रहा था आंदोलन
अखिल राजस्थान महिला एवं बाल विकास संयुक्त कर्मचारी संघ के आह्वान पर आंगनवाड़ी कर्मियों का आंदोलन 1 जुलाई से शुरू हुआ था। 1 से 6 जुलाई तक कार्य बहिष्कार किया गया, जबकि 7 से 18 जुलाई तक आम हड़ताल और ताला बंदी रही। 18 जुलाई को हुआ था समझौता
18 जुलाई को विभाग और कर्मचारी संघ के बीच समझौता हुआ था। इसमें ग्रेच्युटी से जुड़े आदेश जल्द जारी करने और अन्य राज्यों में दिए जा रहे मानदेय का अध्ययन कर तीन महीने के भीतर मानदेय बढ़ाने पर निर्णय लेने पर सहमति बनी। समझौता पत्र पर विभाग की ओर से निदेशक वासुदेव मालावत और अतिरिक्त निदेशक दीनानाथ बब्बल, जबकि संघ की ओर से संस्थापक छोटीलाल बुनकर, संरक्षक विनीता शेखावत, प्रदेशाध्यक्ष रचना शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने हस्ताक्षर किए थे। इसके बाद हड़ताल समाप्त करने की घोषणा भी कर दी गई थी। मानदेय बढ़ोतरी पर स्पष्टता नहीं होने से नाराजगी
हालांकि, कुछ आंगनवाड़ी कर्मियों ने समझौते का विरोध किया। उनका कहना है कि समझौते में यह स्पष्ट नहीं किया गया कि मानदेय कितना बढ़ाया जाएगा। इसी वजह से सोमवार को उन्होंने फिर से प्रदर्शन किया। दूसरे राज्यों से कम है राजस्थान का मानदेय
प्रदर्शनकारी कर्मियों का कहना है कि मध्य प्रदेश, केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, पंजाब और हरियाणा जैसे राज्यों में आंगनवाड़ी कर्मियों को 11 हजार से 20 हजार रुपए तक मानदेय मिलता है, जबकि राजस्थान में कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को करीब 6,500 से 10,500 रुपए तक ही मानदेय दिया जा रहा है। उनका कहना है कि अन्य राज्यों के बराबर मानदेय तय कर जल्द आदेश जारी किए जाएं।