ब्रेकिंग न्यूज़
कथा: संत की क्रोधी व्यक्ति को सीख:गुस्सा आने पर तुरंत प्रतिक्रिया देने के बजाय कुछ क्षण रुकें, यही छोटा-सा विराम बड़े विवाद को टाल सकता है

क्रोध इंसान का ऐसा शत्रु है, जो पलभर में करीबी रिश्तों को भी तोड़ सकता है। गुस्से में कहे गए शब्द अक्सर मन पर ऐसे घाव दे जाते हैं, जो समय बीतने पर भी नहीं भरते। इसलिए कहा गया है कि अगर कोई हमारी आलोचना करे या अपमानित करने का प्रयास करे, तब भी धैर्य और मौन सबसे बड़ा उत्तर होते हैं। यह बात एक लोक कथा से समझ सकते हैं… बहुत समय पहले एक संत थे, जो अपने शांत और सरल स्वभाव के लिए प्रसिद्ध थे। उन्होंने जीवन में कभी किसी पर क्रोध नहीं किया था। उनके आश्रम में प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग प्रवचन सुनने आते थे। संत सभी को यही शिक्षा देते थे कि क्रोध से कभी किसी समस्या का समाधान नहीं होता। यदि कोई आपका अपमान भी करे, तब भी संयम बनाए रखना चाहिए। संत की बढ़ती प्रसिद्धि से कुछ लोग ईर्ष्या करने लगे। उनमें से एक व्यक्ति ने घोषणा कर दी कि वह संत का असली चेहरा सबके सामने लाकर रहेगा और उन्हें क्रोधित करके उनकी सच्चाई साबित करेगा। अगले दिन वह व्यक्ति आश्रम पहुंचा। वहां मौजूद लोगों के सामने उसने संत को अपशब्द कहना शुरू कर दिया। उसने झूठे आरोप लगाए कि यह संत नहीं, बल्कि चोर है। रात में चोरी करता है और दिन में साधु बनने का ढोंग करता है। इतना ही नहीं, उसने संत के पूरे परिवार पर भी झूठे आरोप लगाने शुरू कर दिए। आश्रम में मौजूद लोग यह सब सुनकर हैरान थे। सभी को लगा कि अब संत अवश्य क्रोधित होंगे, लेकिन संत शांत भाव से उसकी बातें सुनते रहे। उनके चेहरे पर न गुस्सा था, न ही किसी प्रकार की बेचैनी। जब वह व्यक्ति लगातार बोलते-बोलते थक गया, तब संत ने उसे एक गिलास पानी दिया और मुस्कुराकर बोले, “तुम काफी देर से बोल रहे हो, निश्चित ही तुम्हें प्यास लगी होगी। पहले पानी पी लो।” संत का यह व्यवहार देखकर वह व्यक्ति शर्म से झुक गया। उसने तुरंत संत के चरणों में गिरकर क्षमा मांगी। उस व्यक्ति ने कहा, “मैंने आपको इतना कुछ कहा, लेकिन आपको क्रोध नहीं आया।”
तब संत ने कहा, “तुम जो शब्द मेरे लिए लाए थे, मैंने उन्हें स्वीकार ही नहीं किया। जिसे हम ग्रहण नहीं करते, वह हमारे पास ठहरता भी नहीं। मान लो अगर को व्यक्ति तुम्हें कोई उपहार दे और तुम उसे लेने से मना कर दो, उसे स्वीकार ही न करो, तो वह उपहार, उसी व्यक्ति के पास ही रहेगा। ठीक इसी तरह मैंने तुम्हारे बुरे शब्दों को स्वीकार ही नहीं किया।” संत की यह सीख उस व्यक्ति के जीवन की दिशा बदल गई। उसने समझ लिया कि सच्ची जीत दूसरों को हराने में नहीं, बल्कि अपने क्रोध पर विजय पाने में है। संत की सीख गुस्सा आने पर तुरंत प्रतिक्रिया देने के बजाय कुछ क्षण रुकें। यही छोटा-सा विराम बड़े विवाद को टाल सकता है। हर आलोचना सच नहीं होती। कई बार लोग अपनी सोच, ईर्ष्या या परिस्थितियों के कारण कठोर बातें कह देते हैं। उन्हें अपने आत्मसम्मान का आधार न बनाएं। हर आरोप का जवाब देना जरूरी नहीं है। कई बार आपकी शांति ही सामने वाले को अपनी गलती का एहसास करा देती है। क्रोध में निकले शब्द वापस नहीं आते। इसलिए बोलने से पहले सोचें कि आपकी बात का रिश्तों पर क्या असर पड़ेगा। दूसरों की नकारात्मक बातों पर समय और ऊर्जा खर्च करने के बजाय अपने लक्ष्य और विकास पर ध्यान दें। धैर्य कमजोर लोगों का नहीं, बल्कि आत्मविश्वासी लोगों का गुण है। जो स्वयं पर नियंत्रण रखता है, वही परिस्थितियों पर भी नियंत्रण पा लेता है। क्षमा करना सामने वाले पर उपकार नहीं, बल्कि स्वयं को मानसिक तनाव से मुक्त करना है। इससे मन हल्का रहता है। ध्यान, योग, गहरी सांस लेना या नियमित व्यायाम जैसी आदतें मन को शांत रखने में मदद करती हैं और क्रोध कम करती हैं। प्रतिक्रिया नहीं, समाधान चुनें किसी भी विवाद में यह सोचें कि आपका उद्देश्य जीतना है या समस्या का समाधान करना। समाधान पर ध्यान देने से रिश्ते भी सुरक्षित रहते हैं और समस्या का समाधान भी मिल जाता है। दूसरों को हराना आसान है, लेकिन अपने क्रोध, अहंकार और नकारात्मक भावनाओं पर नियंत्रण पाना ही जीवन की सबसे बड़ी सफलता है।

खबर हटके- रील के लिए दादी का स्कॉर्पियो पर स्टंट:सुबह शादी, शाम तक हो गया तलाक; चलती ट्रेन में रुद्राभिषेक, रेलवे बोला- ₹3 लाख दिए

गुजरात में एक दादी का वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें वो स्कॉर्पियो पर स्टंट करतीं और रील बनातीं नजर आ रहीं हैं। वहीं, हिमाचल में प्रदेश में एक ऐसी शादी हुई जिसमें शाम तक तलाक भी हो गया। उधर, चलती ट्रेन में रुद्राभिषेक पर रेलवे ने कहा है कि इसके लिए उन्होंने ₹3 लाख दिए थे। कर्नाटक में 10 महीने के बच्चे ने महज 36 सेकंड में 21 सीढ़ियां चढ़कर नोबल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में नाम दर्ज करा लिया। वहीं, तेलंगाना में 6 साल की पोती से कार चलवाने पर सब इंस्पेक्टर को सस्पेंड कर दिया गया। आज खबर हटके में जानेंगे ऐसी ही 5 रोचक खबरें… तो ये थी आज की रोचक खबरें, कल फिर मिलेंगे कुछ और दिलचस्प और हटकर खबरों के साथ… खबर हटके को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें…

ब्रिटेन में मंदिर की जगह मुस्लिमों को बेचने पर विवाद:हिंदू समाज ने हाई कोर्ट में याचिका लगाई; नीलामी की प्रक्रिया गलत होने का आरोप

लंदन से 120 किमी दूर पीटरबरो में 40 साल पुराने मंदिर और कम्युनिटी सेंटर की बिक्री को पर विवाद हो गया है। पीटरबरो सिटी काउंसिल ने न्यू इंग्लैंड कॉम्प्लेक्स को नीलामी के बाद एक मुस्लिम संस्था, यूनाइटेड किंगडम इस्लामिक मिशन, को बेचने का फैसला किया है। इसी परिसर में भारत हिंदू समाज का मंदिर चलता है, जो शहर और आसपास रहने वाले हजारों हिंदुओं का प्रमुख पूजा और सांस्कृतिक केंद्र है। फैसले से नाराज भारत हिंदू समाज ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर बिक्री प्रक्रिया को चुनौती दी है। भारत हिंदू समाज संगठन का आरोप है कि काउंसिल ने मंदिर की करीब 40 साल पुरानी धार्मिक और सामुदायिक भूमिका को नजरअंदाज किया। नीलामी के मूल्यांकन में भी गंभीर खामियां रहीं। बता दें कि फरवरी 2026 में हाई कोर्ट ने अंतरिम रोक लगाते हुए काउंसिल को बिक्री पूरी करने जैसे किसी भी कदम से रोक दिया था। अब न्यायिक समीक्षा में यह जांच हो रही है कि फैसला लेने की प्रक्रिया कानून के मुताबिक थी या नहीं। मंदिर प्रबंधन ने साफ किया है कि उसका विरोध मुस्लिम संस्था से नहीं, बल्कि काउंसिल के फैसले और प्रक्रिया से है। अब कोर्ट जांच करेगा कि संपत्ति बेचने का फैसला कानून और समानता के नियमों के मुताबिक लिया गया था या नहीं। मंदिर बंद होने से 56 किमी दूर जाने को मजबूर होंगे हिंदू भारत हिंदू समाज का कहना है कि पीटरबरो का यह मंदिर केवल धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि इलाके के 4,000 हिंदुओं का एकमात्र सामाजिक-सांस्कृतिक केंद्र भी है। यदि यह परिसर बंद होता है, तो हिंदुओं को पूजा-अर्चना व त्योहारों के लिए निकटतम मंदिर (कैंब्रिज-56 किमी) या (लेस्टर-64 किमी) का रुख करना पड़ेगा। घाटे के चलते बेचने पड़ रहे हैं परिसर, स्पोर्ट्स सेंटर व क्लब पीटरबरो का विवाद ब्रिटेन में अकेला नहीं है। यहां की काउंसिलें बढ़ते खर्च व कम सरकारी मदद के कारण सामाजिक परिसर, स्पोर्ट्स सेंटर व कम्युनिटी भवन बेचकर बजट संभाल रही हैं। 2025 के ‘की सिटीज’ सर्वे में 60% काउंसिलों ने संपत्ति बिक्री को घाटा भरने का रास्ता बताया। बर्मिंघम को 24-25 का बजट संतुलित करने के लिए 2,883 करोड़ रु. की संपत्तियां बेचने का लक्ष्य रखना पड़ा। नॉटिंघम का 2025-26 घाटा 267 करोड़ और चार वर्षों का कुल अनुमानित अंतर 689 करोड़ रु. था। नीलामी में खामियां, समीक्षा बिना मंजूरी दी गई भारत हिंदू समाज का आरोप है कि बिक्री के दौरान दोनों पक्षों की बोलियों का ठीक मूल्यांकन नहीं हुआ। अदालत में संगठन ने कहा कि काउंसिल ने जांच और स्कोरिंग में गलतियां कीं। इसके बाद काउंसिल सदस्यों ने उन्हीं सिफारिशों को पड़ताल के बिना स्वीकार कर लिया। संगठन का कहना है कि मामला केवल ऊंची बोली का नहीं, बल्कि धार्मिक स्थल का भी है।

बुमराह 968 दिन बाद वनडे खेलेंगे, रोहित-विराट की वापसी:भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ पिछले 5 वनडे जीते, पहला मुकाबला एजबेस्टन में

जसप्रीत बुमराह 968 दिन बाद वनडे क्रिकेट में वापसी करेंगे। उन्होंने 2023 वर्ल्ड कप फाइनल के बाद कोई वनडे नहीं खेला है। इंग्लैंड के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला मंगलवार को बर्मिंघम के एजबेस्टन स्टेडियम में खेला जाएगा। मैच दोपहर 3:30 बजे शुरू होगा। इस मुकाबले में रोहित शर्मा और विराट कोहली भी वनडे टीम में वापसी करेंगे। वनडे में भारत का पलड़ा इंग्लैंड पर भारी रहा है। टीम ने इंग्लैंड के खिलाफ अपने पिछले 5 वनडे मुकाबले जीते हैं। ओवरऑल दोनों टीमों के बीच 110 मैच खेले गए हैं। भारत ने 61 जीते और 44 हारे हैं। 2 मैच टाई और 3 मुकाबले बेनतीजा रहे हैं। यह सीरीज भारत के लिए इसलिए भी अहम है। क्योंकि, 2027 वनडे वर्ल्ड कप में अब करीब 15 महीने का समय बचा है। भारत ने हाल ही में इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज 0-4 से गंवाई थी। इससे पहले टीम आयरलैंड से भी सीरीज हार चुकी है। गिल बोले- विराट 2027 वर्ल्ड कप की योजना का हिस्सा भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने मैच से पहले कहा कि विराट कोहली 2027 वनडे वर्ल्ड कप की योजनाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में विराट के साथ टीम कॉम्बिनेशन और भविष्य की रणनीति पर चर्चा हुई। गिल ने कहा कि रोहित और विराट का अनुभव टीम के लिए बेहद अहम रहेगा। बुमराह की वापसी, हार्दिक की कमी भारत की गेंदबाजी की कमान जसप्रीत बुमराह संभालेंगे। मोहम्मद सिराज टीम में नहीं हैं, जबकि हार्दिक पंड्या की गैरमौजूदगी में ऑलराउंडर की भूमिका के लिए शिवम दुबे और वॉशिंगटन सुंदर के बीच मुकाबला है। चोटिल हर्षित राणा की जगह प्रसिद्ध कृष्णा या गुरनूर बरार को मौका मिल सकता है। इंग्लैंड टी-20 की लय वनडे में भी बरकरार रखना चाहेगा इंग्लैंड ने टी-20 सीरीज में भारत को 4-0 से हराया है। हालांकि पिछले डेढ़ साल में उसका वनडे रिकॉर्ड अच्छा नहीं रहा है। टीम 2024 के बाद सात में से पांच द्विपक्षीय वनडे सीरीज हार चुकी है, जबकि पिछले साल चैंपियंस ट्रॉफी में भी एक मैच नहीं जीत सकी थी। फिर भी घरेलू मैदान पर इंग्लैंड के लिए राहत की बात जो रूट की शानदार फॉर्म है। 2024 के बाद से उन्होंने वनडे में 65.93 की औसत से 1055 रन बनाए हैं। हाल ही में श्रीलंका के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज में उन्होंने 247 रन बनाए थे। रोहित और विराट पर रहेंगी नजरें यह इंग्लैंड दौरे पर रोहित शर्मा और विराट कोहली की आखिरी वनडे सीरीज हो सकती है। रोहित का इंग्लैंड में रिकॉर्ड शानदार रहा है। उन्होंने यहां 7 वनडे शतक लगाए हैं और औसत 64.9 का है। एजबेस्टन में उनका औसत 89.4 है। वहीं विराट अपनी पिछली 7 वनडे पारियों में 6 बार 50+ स्कोर बना चुके हैं। IPL 2026 में भी उन्होंने 16 मैचों में 675 रन बनाए थे। एजबेस्टन में इंग्लैंड का दबदबा एजबेस्टन इंग्लैंड का मजबूत किला माना जाता है। टीम ने एजबेस्टन में 2015 से लगातार सात वनडे जीते हैं। पिच रिपोर्ट एजबेस्टन की पिच पर शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग और सीम मूवमेंट मिलती है। इसके बाद बल्लेबाजी आसान हो जाती है। ऐसे में पहले 10 ओवर मैच के लिहाज से सबसे अहम रहेंगे। मौसम साफ रहने का अनुमान है। बारिश की संभावना नहीं है। पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: रोहित शर्मा, शुभमन गिल (कप्तान), विराट कोहली, श्रेयस अय्यर, अक्षर पटेल, केएल राहुल (विकेटकीपर), शिवम दुबे/वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा/गुरनूर बरार। इंग्लैंड ने मैच से एक दिन पहले अपनी प्लेइंग-XI का ऐलान कर दिया है- बेन डकेट, जैकब बेथेल, जो रूट, हैरी ब्रूक (कप्तान), जोस बटलर (विकेटकीपर), सैम करन, विल जैक्स, जोफ्रा आर्चर, लियाम डॉसन, जोश टंग, आदिल रशीद। ——————————— स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… भारत ने लॉर्ड्स का पहला महिला टेस्ट जीता:इंग्लैंड को 270 रन से हराया; यस्तिका का शतक, 7 विकेट लेने वाली क्रांति प्लेयर ऑफ द मैच लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड के 142 साल के इतिहास में पहली बार खेला गया महिला टेस्ट भारतीय टीम ने जीत लिया। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारत ने इंग्लैंड को 270 रन से हरा दिया। भारतीय टीम बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग तीनों विभागों में मेजबान टीम पर भारी पड़ी। पूरी खबर

ऑपरेशन सिंदूर के बाद ₹10 लाख करोड़ की डिफेंस डील:14 महीने में हथियारों की खरीद का पैटर्न बदला; लंबी जंग की तैयारी

ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत की रक्षा खरीद का पैटर्न तेजी से बदला है। पिछले 14 महीनों में मंजूर रिकॉर्ड प्रस्तावों से संकेत मिलता है कि सेनाओं को अब सिर्फ सीमित जवाबी कार्रवाई के लिए नहीं, बल्कि लंबी और मल्टीलेवल वॉर के लिए तैयार किया जा रहा है। डिफेंस एक्वीजिशन काउंसिल ने संघर्ष के बाद से 55 प्रस्तावों को मंजूरी दी, जिनकी कुल कीमत 9.80 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा है। यह रकम एक साथ खर्च नहीं होगी, बल्कि कई वर्षों में अलग-अलग सौदों, निर्माण कार्यक्रमों और आधुनिकीकरण योजनाओं पर लगेगी। तैयारी की वजह युद्ध छिड़ना अब सामान्य बात तैयारी की पहली वजह ये है कि युद्ध छिड़ना अब सामान्य बात होती जा रही है। दूसरे, जंग छिड़ने के बाद उसे रोकना आसान नहीं रह गया है और तीसरी बात दुश्मन की कोशिश यह होती है कि लंबी और आर्थिक रुप से चोट पहुंचाने वाले सैन्य संघर्ष को जारी रखा जाए। वहीं, नए प्रस्ताव में लक्ष्य महीनों तक हथियार, मरम्मत और रसद बनाए रखना है। रक्षा विशेषज्ञ मानते हैं कि यूक्रेन और पश्चिम एशिया के लंबे संघर्षों ने भारत की सैन्य सोच बदली है। हालांकि, पनडुब्बियों, पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमानों में देरी अब भी बड़ी चुनौती है। ऑपरेशन सिंदूर से दुनिया में भारतीय हथियारों की डिमांड बढ़ी ऑपरेशन सिंदूर में ब्रह्मोस, आकाश, लॉयटरिंग म्युनिशन और नेत्र जैसे भारतीय हथियारों के इस्तेमाल के बाद दुनिया में इनकी मांग तेजी से बढ़ी है। कई देशों ने इन्हें खरीदने में रुचि दिखाई है, जबकि कुछ के साथ हजारों करोड़ रुपए के सौदे भी हो चुके हैं। इनकी कीमत 21,000 करोड़ रुपए से ज्यादा है। रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, 2025-26 में भारत का रक्षा निर्यात रिकॉर्ड 38,424 करोड़ रुपए पहुंच गया, जो पिछले साल से 62% ज्यादा है। ब्रह्मोस के लिए फिलीपींस, वियतनाम और दो अन्य देशों से करीब 12,500 करोड़ रुपए के सौदे हो चुके हैं। इंडोनेशिया के साथ लगभग 3,600 करोड़ रुपए की डील अंतिम मंजूरी के चरण में है। आकाश मिसाइल सिस्टम के लिए आर्मेनिया से 6,100 करोड़ रुपए का कॉन्ट्रैक्ट पहले ही हो चुका है। 100 से ज्यादा देशों को 38,424 करोड़ रु. का निर्यात भारत अब 100 से अधिक देशों को रक्षा उपकरण निर्यात करता है, जिनमें अमेरिका, फ्रांस और आर्मेनिया प्रमुख हैं। अमेरिका सबसे बड़ा खरीदार है, जहां 2.8 अरब डॉलर के प्रणाली और पार्ट्स, बोइंग और लॉकहीड मार्टिन जैसी बड़ी कंपनियों को जाते हैं। आर्मेनिया जैसे देश पूरे तैयार हथियार खरीद रहे हैं। सरकार ने 2029-30 तक 50,000 करोड़ रुपए का रक्षा निर्यात लक्ष्य रखा है। 2016-17 में यह 1,522 करोड़ रुपए था। यानी एक दशक से कम समय में इसमें 25 गुना से अधिक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। ———————————- ये खबर भी पढ़ें… सेना 800km रेंज वाली ब्रह्मोस क्रूज-मिसाइल खरीदेगी:अभी 450km तक निशाना साधने वाली मिसाइल मौजूद, ऑपरेशन सिंदूर में इस्तेमाल हुआ था भारतीय सेना 800 किमी से ज्यादा रेंज वाली ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल खरीदने की तैयारी में है। फिलहाल सेना के पास 450 किमी तक मारक क्षमता वाली ब्रह्मोस मिसाइल मौजूद है। न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, रक्षा अधिकारियों ने बताया कि सेना इस नए वर्जन का बड़ा ऑर्डर देने की योजना बना रही है। पूरी खबर पढ़ें…

ऑस्ट्रेलिया में मोदी के कार्यक्रम पर विवाद:आयोजकों ने कहा- पैसे देकर लोगों को नहीं बुलाया; कांग्रेस ने कहा था- PM के स्वागत में भाड़े के लोग आए

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मेलबर्न में हुए ‘मेलबर्न मीट्स मोदी’ कार्यक्रम पर आयोजकों ने कहा कि इस कार्यक्रम में आने के लिए लोगों को पैसे नहीं दिए गए थे। इससे पहले कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट करते हुए आरोप लगाया था कि 9 जुलाई को हुए इस कार्यक्रम में लोगों को पैसे देकर चार्टर्ड प्लेन से बुलाया गया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कार्यक्रम के आयोजकों ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लेटर लिखकर माफी और बयान वापस लेने की मांग की है। उन्होंने कहा कि ऐसा बयान भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय का अपमान है। इसका खर्च BJP, भारत सरकार या ऑस्ट्रेलिया सरकार ने नहीं उठाया। दरअसल, पीएम मोदी 9 और 10 जुलाई को ऑस्ट्रेलिया दौरे पर थे, जहां हुए ‘मेलबर्न मीट्स मोदी’ कार्यक्रम में करीब 30 हजार लोग शामिल हुए थे। कांग्रेस ने कहा था कि मोदी के स्वागत के लिए भाडे़ के NRI लाए गए 11 जुलाई को कांग्रसे नेता पवन खेड़ा समेत कांग्रसे के कई नेताओं ने सोशल मीडिया पर पीएम मोदी के कार्यक्रम एक एक वीडियो शेयर कर लिखा था कि मोदी के स्वागत के लिए भाड़े पर NRI लाए गए हैं। वहीं, 25-30 हजार लोगों को पैसे देकर यहां बुलाया गया था। आयोजकों बोले- महीनों की तैयारी के बाद हुई थी चार्टर्ड फ्लाइट की व्यवस्था मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, आयोजकों का कहना है कि चार्टर्ड फ्लाइट की व्यवस्था के लिए महीनों तक योजना बनाई गई। इसके लिए बातचीत, यात्रियों का समन्वय और प्रशासनिक काम किए गए। कई स्वयंसेवकों ने अपने परिवार के साथ समय बिताने का मौका छोड़ा, अपने कारोबार और पेशेवर जिम्मेदारियों से समय निकाला, व्यक्तिगत आर्थिक जोखिम उठाया और इस पहल को सफल बनाने के लिए लगातार काम किया। आयोजकों ने कहा कि कांग्रेस को प्रधानमंत्री मोदी और BJP की आलोचना करने का पूरा अधिकार है, लेकिन भारत के प्रवासी समुदाय की लोकतांत्रिक पसंद को निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए। पीएम ने कहा- ऑपरेशन सिंदूर की गूंज पूरी दुनिया में सुनाई दी मेलबर्न मीट्स मोदी में पीएम मोदी ने कहा था कि हमारे फार्मा और डिफेंस की क्रेडिबिलिटी दुनिया देख रही है। आपने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान डेमो तो देख ही लिया होगा। धमाके आतंकियों के अड्डों पर हो रहे थे और गूंज पूरी दुनिया में सुनाई दे रही थी। उन्होंने आगे कहा कि ये शो हाउसफुल है, ब्लॉकबस्टर है। इससे पहले मैं दो बार सिडनी में आप सभी से मिला हूं। मेलबर्न वालों से मिलने का मुझे भी इंतजार था। इसीलिए सोचा कि इस बार मेलबर्न ही चलो। जिस एनर्जी से आपने हम सभी को वेलकम किया है वह और भी अमेजिंग है। भारत को यूरेनियम सप्लाई करेगा ऑस्ट्रेलिया इसी दौरे के दौरान भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच यूरेनियम डील पर भी मुहर लग गई है। मेलबर्न में पीएम मोदी और ऑस्ट्रेलियाई पीएम एंथनी अल्बनीज ने मीटिंग के बाद जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस में रक्षा, व्यापार, ऊर्जा, स्पेस और महत्वपूर्ण खनिज (क्रिटिकल मिनरल्स) समेत कई क्षेत्र में समझौतों की घोषणा की। मोदी ने कहा- भारत और ऑस्ट्रेलिया मिलकर क्रिटिकल मिनरल्स कॉरिडोर भी विकसित करेंगे। कोकोस (कीलिंग) द्वीप पर स्पेस ट्रैकिंग टर्मिनल बनाया जाएगा, जिससे भारत के गगनयान मिशन को मदद मिलेगी। पूरी खबर पढ़ें… ———————————– पूरी खबर पढ़ें… मोदी ऑस्ट्रेलिया से न्यूजीलैंड पहुंचे:दोनों देश FTA डील फाइनल करेंगे; PM ऑकलैंड में 40 हजार भारतीयों को संबोधित करेंगे पीएम मोदी अपने छह दिवसीय दौरे के अंतिम चरण में न्यूजीलैंड पहुंच गए। यह 40 साल बाद किसी भारतीय पीएम की न्यूजीलैंड यात्रा है। इससे पहले 1986 में राजीव गांधी न्यूजीलैंड के दौरे पर गए थे। पूरी खबर पढ़ें…

बंगाल की खाड़ी में 9 मछुआरों के शव मिले:बॉडी सड़ जाने से पहचान मुश्किल; 8 दिन पहले बोट पलटी थी; 6 अब भी लापता

पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना के पास बंगाल की खाड़ी में डूबे एक ट्रॉलर से आठ दिन बाद नौ मछुआरों के शव बरामद किए गए हैं। छह मछुआरे अब भी लापता हैं और उनकी तलाश जारी है। ‘जय मां काली’ नाम का ट्रॉलर 2 जुलाई को पूर्व मेदिनीपुर जिले के शंकरपुर मछली बंदरगाह से 15 मछुआरों को लेकर समुद्र में मछली पकड़ने निकला था। 6 जुलाई के बाद ट्रॉलर से संपर्क टूट गया था। अधिकारी ने बताया कि समुद्र में कई दिन रहने के कारण शव बुरी तरह सड़ चुके हैं और उनकी पहचान करना मुश्किल है। अब उनकी पहचान डीएनए (DNA) जांच के बाद ही हो सकेगी। पीएम मोदी ने हादसे पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को पीएमएनआरएफ (PMNRF) से दो-दो लाख रुपये की सहायता देने का ऐलान किया है। आठ दिन की तलाश के बाद मिला डूबा ट्रॉलर जिला प्रशासन के मुताबिक, पुलिस और भारतीय तटरक्षक बल ने आठ दिन की तलाश के बाद शनिवार को बक्खाली तट से करीब 35 किलोमीटर दूर बाघेर चार के पास डूबे ट्रॉलर का पता लगाया। रविवार को कई मछली पकड़ने वाले ट्रॉलरों की मदद से इसे पाथरप्रतिमा के सीतारामपुर तट तक लाया गया। इसके बाद पूरी रात चले राहत अभियान में ट्रॉलर के अंदर से नौ मछुआरों के शव निकाले गए। प्रारंभिक जांच में माना जा रहा है कि बंगाल की खाड़ी में खराब मौसम के कारण ट्रॉलर पलट गया होगा। हालांकि, हादसे की असली वजह जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगी। ओडिशा के तीन सगे भाई भी लापता लापता मछुआरों में ओडिशा के बालासोर जिले के तीन सगे भाई- रवींद्र माझी (52), जयराम माझी (49) और जगन्नाथ माझी (45) शामिल हैं। उनके रिश्तेदार संन्यासी माझी ने बताया कि तीनों पहले भी कई बार मछली पकड़ने के लिए शंकरपुर जाते रहे थे। अधिकारी ने बताया कि ट्रॉलर पर शुरुआत में 16 लोगों के जाने की योजना थी, लेकिन एक व्यक्ति किसी कारणवश नहीं गया। बाकी मृतक और लापता मछुआरे पूर्व मेदिनीपुर, हावड़ा और नदिया जिलों के रहने वाले हैं। काकद्वीप उप-मंडलीय अस्पताल की मोर्चरी के बाहर उनके परिजन अब भी इंतजार कर रहे हैं। ———————————- ये खबर भी पढ़ें… वृंदावन में यमुना में नाव डूबी, 10 पर्यटकों की मौत:इनमें 7 एक ही परिवार के; लाइफ जैकेट नहीं पहनी थी; सभी पंजाब के रहने वाले
मथुरा के वृंदावन में 37 श्रद्धालुओं से भरी प्राइवेट नाव (स्टीमर) यमुना नदी में पलट गई। हादसे में 10 की डूबने से मौत हो गई। इनमें मां-बेटे, चाचा-चाची और बुआ-फूफा समेत एक ही परिवार के 7 सदस्य शामिल थे। युवती समेत 5 लोग अभी भी लापता हैं। नाव में सवार सभी श्रद्धालु पंजाब से घूमने आए थे। पूरी खबर पढ़ें…

उदयपुर में मोडिफाई तीन स्लीपर बसों को किया सीज:जजों और आरटीओं की संयुक्त कार्रवाई, 9 बसों के बनाए चालान

अवैध रूप से संचालित और अनधिकृत रूप से मोडिफाई करने वाली स्लीपर/लक्जरी बसों के खिलाफ आज उदयपुर के खेलगांव चौराहा पर कार्रवाई की गई। इसमें 3 लक्ज़री स्लीपर बसें सीज, 9 बसों पर 1 लाख 20 हज़ार का जुर्माना भी लगाया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उदयपुर एवं परिवहन विभाग की संयुक्त कार्रवाई की गई। जिला एवं सेशन न्यायाधीश और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उदयपुर के अध्यक्ष ज्ञान प्रकाश गुप्ता के निर्देश पर सुरक्षित परिवहन के नागरिकों के अधिकार की रक्षा करने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। सुखेर थाना क्षेत्र में खेलगांव चौराहा पर संयुक्त निरीक्षण में कार्रवाई की गई। इसके तहत 20 बसों की जांच की गई। इनमें से 9 बसों के खिलाफ विभिन्न नियमों के उल्लंघन के तहत चालान बनाए गए और करीब एक लाख बीस हज़ार का जुर्माना ज़रिए चालान लगाया गया। बसों में अनियमितताएं और अनधिकृत बदलाव पाए जाने पर 3 बसों को मौके पर ही सीज कर दिया गया। इस दौरान अपर जिला न्यायाधीश राहुल चौधरी, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनीष कुमार जोशी, जिला परिवहन अधिकारी मुकेश डाड और आरटीओ इंस्पेक्टर राजेंद्र दन्तसुलिया, तेजपाल, घनश्याम मीणा मौजूद रहे।
उदयपुर की ये खबरें भी पढ़े… उदयपुर में धंसी सड़क, गड्ढे में उतरी ईवी कार:लंबा जाम लगा, मेयर के घर के आगे छोड़े गए नाले का असर; इस रोड पर 3 साल में तीसरी घटना उदयपुर के उबेश्वर में दिखा दुर्लभ ‘लौडांकिया सांप:30 साल बाद फिर दिखा दुर्लभ वाइन स्नेक, जानिए क्या है खासियत रोपवे में फंसे यात्री, एनडीआरएफ-एसडीआरएफ ने किया रेस्क्यू:रस्से और चेयर के जरिए सुरक्षित उतारा, नीमचमाता रोपवे पर किया मॉक ड्रिल UCC जनसुनवाई में हंगामा, कांग्रेस ने किया बहिष्कार:कहा- ये सिर्फ औपचारिकता, आदिवासी युवा नेता पर भड़के सांसद मन्नालाल रावत कुल्हाड़ी से लेपर्ड के नाखून काटकर भागा आरोपी गिरफ्तार:वन विभाग की टीम ने घर पर दबिश देकर दबोचा; रिमांड पर भेजा

सोरण गांव में 20 भेड़-बकरियों की मौत:नहीं मिले जंगली जानवर के पगमार्क, नुकसान से भावुक हुआ परिवार; बोले- आजीविका का सहारा खत्म

सांवतगढ़ के सोरण गांव में रविवार देर रात अज्ञात जंगली जानवर के हमले में 20 से अधिक भेड़-बकरियों की मौत हो गई। इस घटना से किसान को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है और पूरे गांव में दहशत फैल गई है। पीड़ित परिवार को नुकसान पीड़ित किसान पप्पूलाल गुर्जर को सोमवार सुबह इस घटना का पता चला। बाड़े में बड़ी संख्या में मृत पशुओं को देखकर उनके परिवार को गहरा सदमा लगा। किसान ने बताया कि पशुपालन ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है, जिससे उन्हें लाखों रुपए का आर्थिक नुकसान हुआ है। घटना की सूचना मिलने पर ग्रामीण किसान के साथ दबलाना थाने पहुंचे और रिपोर्ट दर्ज कराई। पशुपालन विभाग के मेडिकल बोर्ड ने मृत पशुओं का पोस्टमार्टम किया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित किसान को उचित मुआवजा देने और वन विभाग से जंगली जानवर की पहचान कर क्षेत्र में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है। वन्यजीव के पगमार्क नहीं मिले बांसी वन नाका प्रभारी दयाराम गुर्जर ने बताया कि मौके पर गई टीम को किसी भी वन्यजीव के पगमार्क नहीं मिले हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पगमार्क मिलने तक यह पुष्टि नहीं की जा सकती कि यह किस जानवर का हमला था। ग्रामीणों का दावा है कि कुछ दिनों पहले निमोद गांव सोरण से महज 6 किलोमीटर दूर है, में खेत की रखवाली करते समय एक बड़े वन्यजीव को देखा गया था। ग्रामीणों का अनुमान है कि वह लेपर्ड हो सकता है। इस घटना के बाद से क्षेत्र में अभी भी दहशत का माहौल बना हुआ है, और वन विभाग इस मामले की जांच में जुटा है।

तेलंगाना में 6 लोगों का हत्यारा मृत मिला:पॉक्सो में फंसने के बाद पीड़िता, उसके दो सदस्यों समेत अपनी पत्नी-दो बेटों का किया था मर्डर

तेलंगाना के रंगारेड्डी जिले में छह लोगों की हत्या के मामले का मुख्य आरोपी पी राजकुमार सोमवार को मृत मिला। पुलिस को उसका शव कोठूर थाना क्षेत्र में मिला है। शव के पास कीटनाशक की एक बोतल भी बरामद हुई है। पुलिस को आशंका है कि उसने जहर खाकर आत्महत्या की है। हालांकि, मौत के सही कारण की पुष्टि जांच के बाद ही होगी। राजकुमार के खिलाफ मई महीने में एक नाबालिग लड़की को परेशान करने के आरोप में POCSO Act के तहत मामला दर्ज किया गया था। इसी का बदला लेने के लिए 10 जुलाई की रात उसने पीड़िता, उसकी दादी-नानी और अपनी पत्नी व दो बेटों को मौत के घाट उतार दिया था। हत्या के बाद से ही फरार था। जमानत पर बाहर आते ही हत्याकांड को दिया अंजाम पुलिस ने बताया कि राजकुमार के खिलाफ इसी साल मई में नाबालिग लड़की का पीछा करने और उसे परेशान करने के आरोप में POCSO Act के तहत मामला दर्ज किया गया था। यह शिकायत लड़की की दादी और नानी ने दर्ज कराई थी। इस मामले में उसे गिरफ्तार किया गया था और वह 8 जुलाई को ही जमानत पर बाहर आया था। आरोपी शुक्रवार (10 जुलाई) की रात लड़की के घर पहुंचा और उसकी मां और दादी की गला काटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद वह पीड़िता को घसीटकर पास के जंगल ले गया और उसकी भी चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी थी। इसके बाद आरोपी अपने घर पहुंचा और अपनी पत्नी सरिता और दो बेटों की भी गला काटकर हत्या करने के बाद फरार हो गया था। करीब आधे घंटे में, उसने ये छह हत्याएं की थीं। वारदात की बात अपने पिता को फोन पर बताई थी हत्या की वारदात के तुरंत बाद आरोपी ने अपने पिता को फोन कर अपराध कबूल किया था। पुलिस के मुताबिक, उसने पिता से कहा था कि वह अब अपनी जान भी दे देगा। इसके बाद उसने अपना मोबाइल फोन बंद कर दिया था। आरोपी के माता-पिता ने घटना की जानकारी पुलिस को दी थी। इसके बाद राजकुमार फरार हो गया था। उसकी तलाश के लिए तेलंगाना पुलिस ने 14 विशेष टीमें बनाई थीं और बड़े स्तर पर अभियान चलाया था। फरार होने के अगले दिन वह रेलवे स्टेशन के पास एक ऑटो में नजर आया था। पुलिस आसपास के जिलों में भी उसकी तलाश कर रही थी। शव के पास कीटनाशक की बोतल मिली पुलिस ने उसकी तलाश में हैदराबाद-बेंगलुरु हाईवे पर होटलों, लॉज और ढाबों में बड़े पैमाने पर जांच की थी। इसी जांच के दौरान, सोमवार को स्थानीय लोगों को पेंजरला में राजकुमार की लाश मिली। पुलिस के मुताबिक, कुछ स्थानीय लोगों ने डायल-100 पर सूचना दी थी कि इलाके में एक व्यक्ति का शव पड़ा है। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को बुलाया, जिन्होंने शव की पहचान 35 वर्षीय राजकुमार के रूप में की। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उसके मुंह से झाग निकल रहा था और शव के पास कीटनाशक की बोतल मिली है, जिससे प्राथमिक जांच में आत्महत्या की आशंका है। —————- ये खबर भी पढ़ें… पिता ने 13 साल के इकलौते बेटे की हत्या की:नोएडा में लाश तालाब में फेंकी; पकड़ा गया तो खुद गले में चाकू मारे ग्रेटर नोएडा में पिता ने अपने 13 साल के इकलौते बेटे की गला दबाकर हत्या कर दी। शव को घर से दूर सड़क किनारे तालाब में फेंक दिया। घर आकर झूठी कहानी गढ़ दी कि बेटा लापता हो गया है। पुलिस ने आसपास के CCTV खंगाले तो बेटा आखिरी बार पिता के साथ ही दिखा। पूरी खबर पढ़ें…